केवल सिंह ढिल्लों 3 जून को संभालेंगे पंजाब BJP अध्यक्ष का पद, चंडीगढ़ में होगा कार्यभार ग्रहण समारोह
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय जनता पार्टी (BJP) पंजाब के नवनियुक्त प्रदेश अध्यक्ष सरदार केवल सिंह ढिल्लों 3 जून को प्रातः 10 बजे चंडीगढ़ स्थित भाजपा प्रदेश मुख्यालय में औपचारिक रूप से कार्यभार ग्रहण करेंगे। भाजपा पंजाब के प्रदेश महामंत्री अनिल सरीन ने इसकी पुष्टि की है।
कार्यभार ग्रहण समारोह में कौन होगा शामिल
इस समारोह में पार्टी के वरिष्ठ नेताओं सहित पूर्व प्रदेश अध्यक्ष, राष्ट्रीय पदाधिकारी, केंद्रीय मंत्री, सांसद, विधायक, पूर्व मंत्री, प्रदेश कोर कमेटी सदस्य, जिला अध्यक्ष और प्रदेश भर से बड़ी संख्या में भाजपा कार्यकर्ताओं के शामिल होने की संभावना है। यह कार्यक्रम पंजाब भाजपा के संगठनात्मक नेतृत्व में एक नए अध्याय की शुरुआत माना जा रहा है।
केवल सिंह ढिल्लों: राजनीतिक सफर
75 वर्षीय केवल सिंह ढिल्लों का जन्म 16 मई 1950 को बरनाला के तल्लेवाल गाँव में हुआ था। उन्होंने अपनी प्रारंभिक शिक्षा बरनाला में ही प्राप्त की। वे 2007 से 2017 तक बरनाला से विधायक रहे।
ढिल्लों पंजाब प्रदेश कांग्रेस कमेटी (PPCC) के वरिष्ठ उपाध्यक्ष भी रह चुके हैं और कांग्रेस के टिकट पर बरनाला निर्वाचन क्षेत्र से 2012-17 के दौरान पंजाब विधानसभा के सदस्य रहे। 2019 लोकसभा चुनाव में कांग्रेस प्रत्याशी के रूप में उन्हें भगवंत मान ने पराजित किया था। इसी प्रकार 2017 विधानसभा चुनाव में वे आम आदमी पार्टी (AAP) के मीत हेयर से हार गए थे।
ढिल्लों को पूर्व मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह का बेहद करीबी माना जाता है। वे 4 जून 2022 को राज कुमार वेरका, बलबीर सिंह सिद्धू, गुरप्रीत सिंह कंगार, सुंदर शाम अरोरा और अन्य नेताओं के साथ चंडीगढ़ स्थित पार्टी कार्यालय में भारतीय जनता पार्टी में शामिल हुए थे। ढिल्लों को मालवा क्षेत्र का मजबूत नेता माना जाता है।
नियुक्ति की पृष्ठभूमि
भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने 28 मई को केवल सिंह ढिल्लों को भाजपा पंजाब प्रदेश अध्यक्ष नियुक्त किया था। यह नियुक्ति ऐसे समय में हुई है जब पंजाब में अगले विधानसभा चुनाव को देखते हुए सभी दलों में संगठनात्मक सक्रियता बढ़ रही है। माना जा रहा है कि मालवा क्षेत्र में पार्टी की पकड़ मजबूत करने के उद्देश्य से ढिल्लों को यह जिम्मेदारी सौंपी गई है।
आगे क्या
कार्यभार ग्रहण के बाद ढिल्लों के सामने पंजाब में भाजपा के संगठन को मजबूत करने और आगामी विधानसभा चुनाव की तैयारियों को गति देने की बड़ी चुनौती होगी। गौरतलब है कि पंजाब में भाजपा वर्तमान में विपक्ष में है और राज्य में अपनी उपस्थिति विस्तारित करने के प्रयास में है।