28 अक्टूबर 2026
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अभिषेक बनर्जी के सहायक सुमित रॉय अब ₹400 करोड़ के मिट्टी चोरी मामले में भी गिरफ्तार

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अभिषेक बनर्जी के सहायक सुमित रॉय अब ₹400 करोड़ के मिट्टी चोरी मामले में भी गिरफ्तार

सारांश

तृणमूल कांग्रेस सांसद अभिषेक बनर्जी के सहायक सुमित रॉय पर शिकंजा कसता जा रहा है — सालबोनी भूमि घोटाले के बाद अब डायमंड हार्बर पुलिस ने उन्हें ₹400 करोड़ के कथित मिट्टी चोरी मामले में भी गिरफ्तार दिखाया है। एक साथ दो गंभीर मामलों में फँसे रॉय की यह स्थिति बंगाल की सत्तारूढ़ पार्टी के लिए नई राजनीतिक मुश्किलें खड़ी कर सकती है।

मुख्य बातें

डायमंड हार्बर जिला पुलिस ने 28 अक्टूबर 2026 को सुमित रॉय को ₹400 करोड़ के कथित मिट्टी चोरी मामले में गिरफ्तार दिखाया।
सुमित रॉय तृणमूल कांग्रेस सांसद अभिषेक बनर्जी के कार्यकारी सहायक हैं और 10 सितंबर 2026 से सालबोनी भूमि कब्जा मामले में न्यायिक हिरासत में हैं।
सालबोनी मामले में सीआईडी के आरोप-पत्र में उल्लेख है कि कब्जे से जुड़ा धन सुमित रॉय के कार्यालय तक पहुँचा।
TMC के पूर्व विधायक सुजय हाजरा की पूछताछ के दौरान इस मामले में सुमित रॉय का नाम सामने आया था।
रॉय को कोलकाता की निचली अदालत में पेश किया गया; पुलिस हिरासत की माँग पर फैसला आना बाकी है।

डायमंड हार्बर जिला पुलिस ने बुधवार, 28 अक्टूबर 2026 को तृणमूल कांग्रेस (TMC) के लोकसभा सांसद अभिषेक बनर्जी के कार्यकारी सहायक सुमित रॉय को कालीताला-आशुति थाने में दर्ज कथित मिट्टी चोरी मामले में गिरफ्तार दिखाया। आरोप है कि कोलकाता के इस मामले में लगभग ₹400 करोड़ की अवैध मिट्टी चोरी में रॉय की संलिप्तता रही है।

मामले का घटनाक्रम

सुमित रॉय पहले से ही पश्चिम मिदनापुर जिले के सालबोनी में करोड़ों रुपए के कथित अवैध भूमि कब्जा मामले में न्यायिक हिरासत में हैं। उन्हें 10 सितंबर 2026 को पश्चिम बंगाल पुलिस की सीआईडी (CID) ने उस मामले में गिरफ्तार किया था। अब डायमंड हार्बर पुलिस ने एक पृथक मिट्टी चोरी के मामले में उन्हें औपचारिक रूप से गिरफ्तार दिखाया है और हिरासत की माँग की है।

जिला पुलिस के एक अधिकारी ने बताया, 'रॉय को बुधवार को कोलकाता की एक निचली अदालत में पेश किया गया और उनकी पुलिस हिरासत की माँग की गई। वह पहले से ही सालबोनी भूमि घोटाला मामले में न्यायिक हिरासत में हैं। उस मामले की जाँच भी जारी है। इसलिए नियमों के अनुसार डायमंड हार्बर पुलिस ने उन्हें इस मिट्टी चोरी के मामले में गिरफ्तार दिखाया है और हिरासत की माँग की है।'

सालबोनी भूमि कब्जा मामले से जुड़ाव

सालबोनी अवैध भूमि कब्जा मामले में जाँचकर्ताओं ने सबसे पहले तृणमूल कांग्रेस के पूर्व विधायक सुजय हाजरा को गिरफ्तार किया था। हाजरा से पूछताछ के दौरान ही सुमित रॉय का नाम इस मामले में सामने आया था, जिसके बाद सीआईडी ने कई दौर की पूछताछ के बाद उन्हें हिरासत में लिया था।

गौरतलब है कि सीआईडी द्वारा दायर आरोपपत्र में विस्तार से उल्लेख किया गया है कि सालबोनी भूमि कब्जा से जुड़ा धन किस प्रकार सुमित रॉय के कार्यालय तक पहुँचा। इसी जाँच के क्रम में डायमंड हार्बर जिला पुलिस ने उन्हें मिट्टी चोरी के इस पृथक मामले में भी गिरफ्तार दिखाया है।

राजनीतिक प्रभाव

राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि एक साथ दो गंभीर मामलों में फँसे रहने से सुमित रॉय और उनसे जुड़े राजनीतिक नेतृत्व पर दबाव और बढ़ सकता है। यह ऐसे समय में आया है जब पश्चिम बंगाल में भूमि और खनन से जुड़े कथित घोटालों की जाँचें एक साथ कई स्तरों पर चल रही हैं।

यह मामला तृणमूल कांग्रेस के एक वरिष्ठ सांसद के निकट सहयोगी से जुड़ा होने के कारण राज्य की राजनीति में चर्चा का विषय बना हुआ है। विपक्षी दलों ने कथित तौर पर इन गिरफ्तारियों को राज्य में भूमि और संसाधन माफिया के खिलाफ कार्रवाई की शुरुआत बताया है।

आगे की जाँच

फिलहाल सालबोनी भूमि कब्जा और डायमंड हार्बर मिट्टी चोरी — दोनों मामलों की जाँच एक साथ चल रही है। सुमित रॉय की न्यायिक हिरासत और पुलिस हिरासत की माँग पर अदालत का फैसला आना बाकी है। जाँचकर्ताओं के अनुसार, जैसे-जैसे जाँच आगे बढ़ेगी, नए तथ्य सामने आने की संभावना है।

संपादकीय दृष्टिकोण

या सिर्फ मध्यस्तरीय सहयोगियों तक ही सीमित रहेगी।
RashtraPress
28 अक्टूबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

सुमित रॉय को मिट्टी चोरी मामले में क्यों गिरफ्तार दिखाया गया?
डायमंड हार्बर जिला पुलिस ने कालीताला-आशुति थाने में दर्ज एक मामले में सुमित रॉय को गिरफ्तार दिखाया है, जिसमें उन पर लगभग ₹400 करोड़ की कथित मिट्टी चोरी में शामिल होने का आरोप है। चूँकि वे पहले से सालबोनी मामले में न्यायिक हिरासत में हैं, इसलिए नियमों के तहत पुलिस ने उन्हें इस नए मामले में औपचारिक रूप से गिरफ्तार दिखाकर हिरासत की माँग की है।
सुमित रॉय कौन हैं और उनका अभिषेक बनर्जी से क्या संबंध है?
सुमित रॉय तृणमूल कांग्रेस के लोकसभा सांसद अभिषेक बनर्जी के कार्यकारी सहायक हैं। उनका नाम पहले सालबोनी भूमि कब्जा मामले में पूर्व TMC विधायक सुजय हाजरा की पूछताछ के दौरान सामने आया था।
सालबोनी भूमि कब्जा मामला क्या है?
सालबोनी अवैध भूमि कब्जा मामला पश्चिम मिदनापुर जिले से जुड़ा एक करोड़ों रुपए का कथित घोटाला है, जिसकी जाँच पश्चिम बंगाल पुलिस की CID कर रही है। इस मामले में सबसे पहले पूर्व TMC विधायक सुजय हाजरा को गिरफ्तार किया गया था, जिनकी पूछताछ में सुमित रॉय का नाम सामने आया।
अब सुमित रॉय के खिलाफ आगे क्या होगा?
सुमित रॉय को 28 अक्टूबर 2026 को कोलकाता की एक निचली अदालत में पेश किया गया है, जहाँ डायमंड हार्बर पुलिस ने उनकी हिरासत माँगी है। अदालत का फैसला आना बाकी है और दोनों मामलों — सालबोनी भूमि कब्जा और मिट्टी चोरी — की जाँच समानांतर रूप से जारी है।
इस गिरफ्तारी का TMC और अभिषेक बनर्जी पर क्या असर पड़ेगा?
राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार एक साथ दो मामलों में एक वरिष्ठ सहायक की गिरफ्तारी से तृणमूल कांग्रेस और अभिषेक बनर्जी पर राजनीतिक दबाव बढ़ सकता है। हालाँकि अभिषेक बनर्जी को इन मामलों में अभी तक आरोपी नहीं बनाया गया है।
राष्ट्र प्रेस
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