वर्तमान पीढ़ी का सनातन विरोधी स्थलों से दूर रहना: सीएम योगी
सारांश
Key Takeaways
- श्रीराम यंत्र की प्रतिष्ठापना राष्ट्रपति द्वारा की गई।
- वर्तमान पीढ़ी सनातन विरोधी स्थलों से दूरी बना रही है।
- उत्तर प्रदेश में 2025 में 156 करोड़ श्रद्धालु आने की उम्मीद।
- रामराज्य की अनुभूति का महत्व।
- मुख्यमंत्री ने संतों और रामभक्तों का अभिनंदन किया।
अयोध्या, 19 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने चैत्र नवरात्रि के पहले दिन श्रीराम जन्मभूमि मंदिर में श्रीराम यंत्र की प्रतिष्ठापना की। इस अवसर पर राष्ट्रपति की उपस्थिति में गोरक्षपीठाधीश्वर और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने विचार साझा किए। मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों को भारतीय नवसंवत्सर की शुभकामनाएँ दी।
सीएम योगी ने कहा कि सरयू मैया अयोध्या को अपने शुद्ध जल से पवित्र करती हैं। उन्होंने रामराज्य का उल्लेख करते हुए कहा कि आज दुनिया में युद्ध चल रहे हैं और हम इस प्रतिष्ठापना कार्यक्रम में भाग ले रहे हैं। उन्होंने वर्तमान पीढ़ी की प्रशंसा की और कहा कि यह पीढ़ी नए वर्ष पर ऐसे स्थान नहीं जाती, जहाँ सनातन के विरोध में कुछ हो रहा है। लोग परिवार के साथ मंदिर जाते हैं।
मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि प्रधानमंत्री के नेतृत्व में श्रीराम जन्मभूमि मंदिर का निर्माण एक ऐतिहासिक क्षण है। यह हर सनातन धर्मावलंबी को आनंदित करता है और यही भारत की आस्था है।
उन्होंने विपक्षी दलों पर भी निशाना साधते हुए कहा कि आस्था को अंधविश्वास कहकर अपमानित किया गया था। वहीं, जो लोग सत्ता बचाने के लिए नोएडा नहीं जाते थे, उन्होंने राम मंदिर, काशी विश्वनाथ, और मथुरा-वृंदावन को अंधविश्वास कहा। लेकिन जो आस्था 500 वर्षों से बनी रही, वह कभी नहीं रुकी।
सीएम योगी ने कहा कि श्रीराम जन्मभूमि मंदिर अब भारत के राष्ट्र मंदिर का प्रतीक बन चुका है। यहाँ हजारों की संख्या में लोग भयमुक्त होकर राष्ट्रपति के अभिवादन और श्रीराम यंत्र की स्थापना कार्यक्रम में भाग ले रहे हैं।
उन्होंने कहा कि भारत इसलिए महान है क्योंकि यह ऋषि-मुनियों की तपस्या, किसानों के परिश्रम, और भारतीय आस्था से बना है। श्रीराम जन्मभूमि यज्ञ के कार्यक्रम से प्रदेशवासियों और देश-दुनिया के सनातन धर्मावलंबियों में आनंद की अनुभूति हो रही है।
सीएम योगी ने बताया कि उत्तर प्रदेश में 2025 में 156 करोड़ श्रद्धालु-पर्यटक धार्मिक स्थलों की यात्रा करेंगे। अयोध्या, काशी, प्रयागराज महाकुंभ, और मथुरा-वृंदावन में दर्शन करने वालों की संख्या कई देशों की आबादी से अधिक है। यह नया और बदलता भारत है। वर्तमान पीढ़ी अब सही दिशा में जा रही है।
सीएम ने राम मंदिर निर्माण यज्ञ में योगदान देने वाले संतों, रामभक्तों, और श्रमिकों का अभिनंदन किया। उन्होंने आंदोलन के दौरान बलिदान देने वाले रामभक्तों का भी स्मरण किया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु को स्मृति चिह्न प्रदान किया। कार्यक्रम का संचालन श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय ने किया।