बिदादी किसानों के साथ भाजपा की एकजुटता पर विजयेंद्र का स्पष्टीकरण, कांग्रेस पर दोहरे रवैये का आरोप
सारांश
मुख्य बातें
कर्नाटक भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के अध्यक्ष एवं विधायक बीवाई विजयेंद्र ने मंगलवार, 11 अगस्त को बेंगलुरु में पत्रकारों के सामने स्पष्ट किया कि प्रस्तावित बिदादी टाउनशिप प्रोजेक्ट के विरोध में उतरे किसानों को भाजपा के समर्थन को लेकर पार्टी के भीतर किसी प्रकार का कोई भ्रम नहीं है। उन्होंने दृढ़ता से दोहराया कि भाजपा किसानों की जमीन और उनके अधिकारों की रक्षा के लिए हर हाल में उनके साथ खड़ी रहेगी।
पदयात्रा और समर्थन का पूरा संदर्भ
विजयेंद्र ने बताया कि भाजपा ने बिदादी किसानों के मुद्दे पर अपना समर्थन पहले ही घोषित कर दिया था और जनता दल (सेक्युलर) के साथ मिलकर पदयात्रा में शामिल होने की योजना बनाई गई थी। उन्होंने कहा, "हमने राज्य जेडीएस अध्यक्ष और केंद्रीय मंत्री एचडी कुमारस्वामी के साथ तारीख पर चर्चा करने और उसे अंतिम रूप देने की योजना बनाई थी।"
उन्होंने स्पष्ट किया कि पूर्व प्रधानमंत्री एचडी देवेगौड़ा की पत्नी चन्नम्मा देवेगौड़ा के निधन के बाद पदयात्रा स्थगित कर दी गई थी। विजयेंद्र ने कहा कि उन्होंने व्यक्तिगत रूप से कुमारस्वामी को सूचित किया था कि अंतिम संस्कार और अन्य रस्में पूरी होने के बाद पदयात्रा आयोजित की जा सकती है। बाद में जेडीएस नेता निखिल कुमारस्वामी ने पदयात्रा की नई तारीख की घोषणा की।
भाजपा कोर कमेटी का निर्णय और आर. अशोक की भागीदारी
भाजपा की कोर कमेटी की बैठक में यह तय किया गया कि पार्टी पदयात्रा को सांकेतिक समर्थन देगी। इसी के तहत विपक्ष के नेता और वरिष्ठ भाजपा नेता आर. अशोक ने पदयात्रा के उद्घाटन में हिस्सा लिया। विजयेंद्र ने स्पष्ट किया कि जेडीएस की पदयात्रा को दिए गए सांकेतिक समर्थन का अर्थ यह नहीं लगाया जाना चाहिए कि बिदादी किसानों के संघर्ष को भी केवल प्रतीकात्मक समर्थन दिया जा रहा है। उन्होंने कहा, "भाजपा बिदादी किसानों के संघर्ष के साथ पूरी तरह खड़ी है — यह कोई प्रतीकात्मक समर्थन नहीं है।"
मंत्री मधु बंगारप्पा के साथ बातचीत पर सफाई
विजयेंद्र ने राज्य के मंत्री मधु बंगारप्पा के साथ हुई अपनी हालिया बातचीत को लेकर उठ रहे सवालों का भी जवाब दिया। उन्होंने कहा कि कुछ लोग इस चर्चा को लेकर गलत धारणा फैलाने की कोशिश कर रहे थे। विजयेंद्र के अनुसार, "मैंने मंत्री मधु बंगारप्पा के साथ कोई अनुचित या परोक्ष बातचीत नहीं की — बात सीधी और स्पष्ट थी।" उन्होंने यह भी बताया कि विरोध-प्रदर्शन शुरू होने से पहले ही कुछ किसानों को मुआवजा मिल चुका था और वे आंदोलन से हट गए थे।
मुख्यमंत्री शिवकुमार पर दोहरे रवैये का आरोप
कर्नाटक भाजपा अध्यक्ष ने मुख्यमंत्री डीके शिवकुमार पर बिदादी में किसानों की जमीन के मुद्दे पर विरोधाभासी रुख अपनाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा, "मुख्यमंत्री बिदादी में किसानों की जमीन के मुद्दे पर दोहरा रुख अपना रहे हैं।" विजयेंद्र ने यह भी कहा कि वे अपने पहले दिए गए बयान पर पूरी तरह कायम हैं और कांग्रेस सरकार पर किसानों के हितों की कीमत पर इस परियोजना को आगे बढ़ाने का आरोप दोहराया।
आगे की रणनीति
भाजपा ने प्रस्तावित भूमि अधिग्रहण के विरुद्ध किसानों के विरोध-प्रदर्शन को अपना समर्थन जारी रखने का संकेत दिया है। यह ऐसे समय में आया है जब कर्नाटक में विपक्ष और सत्तारूढ़ कांग्रेस के बीच बिदादी परियोजना को लेकर राजनीतिक तनाव बढ़ता जा रहा है। गौरतलब है कि विजयेंद्र स्वयं उस दिन पदयात्रा में शामिल नहीं हो सके क्योंकि उनका पहले से तय दौरा कार्यक्रम था। आने वाले दिनों में पदयात्रा की नई तारीख के ऐलान के साथ ही भाजपा और जेडीएस के संयुक्त आंदोलन की रूपरेखा और स्पष्ट होगी।