29 अगस्त 2026
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हरीश राव हिरासत में: हनुमाकोंडा में सरकारी कर्मचारियों के विरोध प्रदर्शन के दौरान BRS नेता गिरफ्तार

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हरीश राव हिरासत में: हनुमाकोंडा में सरकारी कर्मचारियों के विरोध प्रदर्शन के दौरान BRS नेता गिरफ्तार

सारांश

हनुमाकोंडा में TNGO कर्मचारियों के विरोध प्रदर्शन में एकजुटता दिखाने पहुँचे BRS नेता हरीश राव को पुलिस ने हिरासत में ले लिया। कोकापेट आवास पर नजरबंदी को चकमा देकर पहुँचे राव ने रेवंत सरकार पर DA की छह किस्तें और OPS वादे को लटकाए रखने का आरोप लगाया।

मुख्य बातें

हरीश राव को 27 अगस्त 2026 को हनुमाकोंडा जिला कलेक्ट्रेट के बाहर हिरासत में लिया गया।
TNGO एसोसिएशन के विरोध प्रदर्शन में एकजुटता दिखाने पहुँचे राव को पुलिस पैदल पुलिस स्टेशन तक ले गई।
BRS ने आरोप लगाया कि पुलिस ने पूर्व मंत्री के साथ अभद्र व्यवहार किया और वाहन देने से इनकार किया।
इससे पहले हैदराबाद के कोकापेट आवास पर उन्हें नजरबंद किया गया था, जहाँ से वे पुलिस को चकमा देकर निकले।
हरीश राव ने कहा कि महँगाई भत्ते की छह किस्तें लंबित हैं और CPS को OPS से बदलने का चुनावी वादा पूरा नहीं हुआ।
वारंगल सरकारी पॉलिटेक्निक कॉलेज के छात्र भी यंग इंडिया स्किल्स यूनिवर्सिटी में विलय के विरोध में आंदोलनरत हैं।

भारत राष्ट्र समिति (BRS) के वरिष्ठ नेता और तेलंगाना विधानसभा में दल के उपनेता टी. हरीश राव को पुलिस ने 27 अगस्त 2026 को हनुमाकोंडा जिला कलेक्ट्रेट के बाहर हिरासत में ले लिया। वे तेलंगाना नॉन-गजेटेड ऑफिसर्स (TNGO) एसोसिएशन द्वारा अपनी लंबित माँगों के समर्थन में आयोजित विरोध प्रदर्शन में एकजुटता दिखाने पहुँचे थे।

घटनाक्रम: कैसे बढ़ा तनाव

पुलिस और BRS कार्यकर्ताओं के बीच झड़प के बाद हनुमाकोंडा कलेक्ट्रेट परिसर में तनाव का माहौल बन गया। पार्टी ने आरोप लगाया कि पुलिस ने पूर्व मंत्री के साथ अभद्र व्यवहार किया और उन्हें वाहन में बैठने की अनुमति दिए बिना ही पैदल पुलिस स्टेशन तक ले जाया गया। BRS कार्यकर्ताओं ने पुलिस के इस आचरण पर तीखा विरोध जताया।

नजरबंदी से बचकर पहुँचे हनुमाकोंडा

इससे पहले हैदराबाद के कोकापेट स्थित उनके आवास पर पुलिस ने उन्हें नजरबंद कर दिया था। वे वारंगल के सरकारी पॉलिटेक्निक कॉलेज के छात्रों से मिलने जाना चाहते थे, जो यंग इंडिया स्किल्स यूनिवर्सिटी में पॉलिटेक्निकों के विलय के सरकारी आदेश को वापस लेने की माँग को लेकर आंदोलन कर रहे हैं। हरीश राव पुलिस को चकमा देकर हनुमाकोंडा पहुँचने में सफल रहे, जहाँ TNGO प्रदर्शनकारियों के साथ एकजुटता दिखाने के बाद उन्हें हिरासत में लिया गया।

हरीश राव के आरोप: सरकार पर निशाना

हिरासत से पहले मीडिया से बात करते हुए हरीश राव ने कहा कि मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी की सरकार देश की एकमात्र ऐसी सरकार है जिसने महँगाई भत्ते (DA) की छह किस्तें लंबित रखी हैं। उन्होंने सरकारी कर्मचारियों की माँगों के लिए BRS के पूर्ण समर्थन का आश्वासन दिया और सरकार से समस्याओं का तत्काल समाधान करने की अपील की।

पेंशन और वेतन संशोधन पर सवाल

हरीश राव ने कहा कि कांग्रेस पार्टी ने चुनाव से पहले अंशदायी पेंशन योजना (CPS) को पुरानी पेंशन योजना (OPS) से बदलने का वादा किया था। सत्ता में आने के करीब तीन वर्ष बीत जाने के बाद भी न तो CPS समाप्त की गई है और न ही वेतन संशोधन आयोग के संबंध में कोई प्रस्ताव पारित हुआ है। यह ऐसे समय में आया है जब तेलंगाना में सरकारी कर्मचारियों का असंतोष लगातार बढ़ रहा है।

आगे क्या होगा

BRS ने हिरासत की निंदा करते हुए इसे लोकतांत्रिक विरोध को दबाने का प्रयास बताया है। TNGO एसोसिएशन की माँगें — DA की बकाया किस्तें, OPS की बहाली और वेतन संशोधन — अभी भी अनसुलझी हैं। पार्टी ने संकेत दिया है कि यदि सरकार ने जल्द कदम नहीं उठाए तो आंदोलन और तेज होगा।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

हरीश राव को हिरासत में क्यों लिया गया?
हरीश राव को 27 अगस्त 2026 को हनुमाकोंडा जिला कलेक्ट्रेट में TNGO एसोसिएशन के विरोध प्रदर्शन में एकजुटता दिखाने के दौरान पुलिस ने हिरासत में लिया। वे सरकारी कर्मचारियों की DA और पेंशन संबंधी माँगों के समर्थन में वहाँ पहुँचे थे।
TNGO एसोसिएशन की मुख्य माँगें क्या हैं?
तेलंगाना नॉन-गजेटेड ऑफिसर्स एसोसिएशन मुख्य रूप से महँगाई भत्ते की छह लंबित किस्तों का भुगतान, अंशदायी पेंशन योजना (CPS) को पुरानी पेंशन योजना (OPS) से बदलने और वेतन संशोधन आयोग के गठन की माँग कर रही है।
हरीश राव को पहले कहाँ नजरबंद किया गया था?
हिरासत से पहले पुलिस ने हरीश राव को हैदराबाद के कोकापेट स्थित उनके आवास पर नजरबंद कर दिया था ताकि वे वारंगल न जा सकें। हालाँकि, वे पुलिस को चकमा देकर हनुमाकोंडा पहुँचने में सफल रहे।
वारंगल पॉलिटेक्निक कॉलेज विवाद क्या है?
वारंगल के सरकारी पॉलिटेक्निक कॉलेज के छात्र राज्य सरकार के उस आदेश के खिलाफ आंदोलन कर रहे हैं जिसमें पॉलिटेक्निक संस्थानों को यंग इंडिया स्किल्स यूनिवर्सिटी में विलय करने का प्रस्ताव है। हरीश राव इन छात्रों के प्रति भी एकजुटता दिखाने जाना चाहते थे।
BRS ने पुलिस के आचरण पर क्या कहा?
BRS ने आरोप लगाया कि पुलिस ने पूर्व मंत्री हरीश राव के साथ अभद्र व्यवहार किया और उन्हें वाहन में बैठने की अनुमति दिए बिना पैदल ही पुलिस स्टेशन तक ले जाया गया। पार्टी ने इसे लोकतांत्रिक विरोध को दबाने का प्रयास बताया।
राष्ट्र प्रेस
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