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यूपी में BSB से संबद्ध स्कूलों को यू-डायस प्लस कोड, योगी सरकार ने शुरू की श्रेणी उन्नयन प्रक्रिया

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यूपी में BSB से संबद्ध स्कूलों को यू-डायस प्लस कोड, योगी सरकार ने शुरू की श्रेणी उन्नयन प्रक्रिया

सारांश

उत्तर प्रदेश में योगी सरकार ने BSB हरिद्वार से जुड़े स्कूलों को यू-डायस प्लस पोर्टल से जोड़ने की प्रक्रिया शुरू की है। नए कोड आवंटन और श्रेणी उन्नयन से लाखों छात्रों के शैक्षणिक अभिलेख राष्ट्रीय शिक्षा प्रणाली में व्यवस्थित होंगे — यह डिजिटल शिक्षा प्रशासन की दिशा में एक अहम पहल है।

मुख्य बातें

स्कूल शिक्षा महानिदेशक मोनिका रानी ने BSB, हरिद्वार से संबद्ध विद्यालयों को यू-डायस प्लस कोड आवंटन और श्रेणी उन्नयन के लिए निर्देश जारी किए।
जिन विद्यालयों के पास यू-डायस प्लस कोड नहीं है, उन्हें नए कोड आवंटित किए जाएंगे; पूर्व-कोड धारक विद्यालयों का श्रेणी उन्नयन होगा।
मंडलीय संयुक्त शिक्षा निदेशकों , जिला विद्यालय निरीक्षकों और जिला बेसिक शिक्षा अधिकारियों को समयबद्ध सत्यापन और संस्तुति के निर्देश दिए गए।
यू-डायस प्लस से जुड़ने के बाद छात्रों के नामांकन, परीक्षा अभिलेख और शैक्षणिक प्रगति का डेटा राष्ट्रीय प्रणाली में एकीकृत होगा।
यह पहल मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश की व्यापक डिजिटल शिक्षा सुधार नीति का हिस्सा है।

उत्तर प्रदेश सरकार ने 23 जून 2026 को भारतीय शिक्षा बोर्ड (BSB), हरिद्वार से संबद्ध विद्यालयों को यू-डायस प्लस पोर्टल पर नए कोड आवंटित करने और विद्यालय श्रेणी उन्नयन की प्रक्रिया आरंभ करने का निर्णय लिया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में यह पहल शिक्षा प्रशासन को डिजिटल रूप से सशक्त बनाने और प्रत्येक विद्यार्थी के शैक्षणिक अभिलेखों को राष्ट्रीय शिक्षा प्रणाली से जोड़ने की दिशा में एक ठोस कदम है।

मुख्य घटनाक्रम

स्कूल शिक्षा महानिदेशक मोनिका रानी द्वारा जारी निर्देशों में मंडलीय संयुक्त शिक्षा निदेशकों, जिला विद्यालय निरीक्षकों और जिला बेसिक शिक्षा अधिकारियों को समयबद्ध कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा गया है। उन्हें निर्धारित प्रारूप में आवेदन, सत्यापन और संस्तुति की प्रक्रिया पूरी करते हुए आवश्यक अभिलेख और आख्या शासन को उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं।

निर्देशों के अनुसार जिन विद्यालयों के पास अब तक यू-डायस प्लस कोड नहीं है, उन्हें नए कोड आवंटित किए जाएंगे। वहीं जिन विद्यालयों के पास पूर्व में यू-डायस कोड उपलब्ध हैं, उनके लिए मान्यता के अनुरूप विद्यालय श्रेणी उन्नयन की प्रक्रिया पूरी की जाएगी।

यू-डायस प्लस से जुड़ने का महत्व

यू-डायस प्लस भारत सरकार का एकीकृत शिक्षा डेटा प्रबंधन पोर्टल है, जो विद्यालयों के नामांकन, शैक्षणिक प्रगति, परीक्षा अभिलेख और अन्य शैक्षिक प्रक्रियाओं को राष्ट्रीय स्तर पर व्यवस्थित करता है। यह ऐसे समय में आया है जब उत्तर प्रदेश में शिक्षा क्षेत्र में डिजिटल प्रशासन और डेटा-आधारित अनुश्रवण को लगातार प्राथमिकता दी जा रही है।

गौरतलब है कि भारतीय शिक्षा बोर्ड, हरिद्वार द्वारा संचालित एवं संबद्ध विद्यालयों की ओर से यू-डायस प्लस पोर्टल पर नए कोड आवंटन और कक्षा उन्नयन के अनुरोध प्राप्त हुए थे, जिसके बाद शासन स्तर पर यह प्रशासनिक प्रक्रिया शुरू की गई।

विद्यार्थियों पर असर

इस पहल के लागू होने के बाद BSB से संबद्ध विद्यालयों के छात्रों का शैक्षणिक डेटा राष्ट्रीय शिक्षा प्रणाली में व्यवस्थित रूप से समाहित हो सकेगा। इससे उनके शैक्षणिक अभिलेखों का बेहतर प्रबंधन सुनिश्चित होगा और छात्रों को उच्च शिक्षा या सरकारी योजनाओं में प्रवेश के समय दस्तावेज़ी अड़चनों का सामना कम करना पड़ेगा। शिक्षा विशेषज्ञों के अनुसार ऐसी डिजिटल एकीकरण प्रक्रियाएं दीर्घकाल में विद्यार्थियों के शैक्षणिक भविष्य को सुरक्षित करने में सहायक होती हैं।

आगे की प्रक्रिया

संबंधित जिला अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे आवश्यक अभिलेख, आख्या और संस्तुति सहित प्रस्ताव समयबद्ध रूप से शासन को उपलब्ध कराएं, ताकि निर्धारित प्रक्रिया के अनुरूप कार्रवाई आगे बढ़ाई जा सके। उत्तर प्रदेश में शिक्षा व्यवस्था को अधिक पारदर्शी, तकनीक-सक्षम और जवाबदेह बनाने की दिशा में यह कदम राज्य सरकार की व्यापक शिक्षा सुधार नीति का हिस्सा माना जा रहा है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन असली परीक्षा क्रियान्वयन की गति और ज़मीनी अनुपालन में होगी। उत्तर प्रदेश में पहले भी शिक्षा पोर्टलों पर डेटा अपलोड में देरी और अधूरी प्रविष्टियों की शिकायतें सामने आई हैं। BSB जैसे गैर-CBSE, गैर-राज्य बोर्ड से संबद्ध विद्यालयों का राष्ट्रीय डेटाबेस में एकीकरण छात्रों के लिए दीर्घकालिक लाभकारी है, बशर्ते समयसीमा का वास्तविक पालन हो और जिला अधिकारी कागज़ी खानापूर्ति से आगे जाएं।
RashtraPress
8 अगस्त 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

यू-डायस प्लस कोड क्या होता है और यह स्कूलों के लिए क्यों जरूरी है?
यू-डायस प्लस (Unified District Information System for Education Plus) भारत सरकार का शिक्षा डेटा प्रबंधन पोर्टल है, जिसमें प्रत्येक विद्यालय को एक विशिष्ट कोड मिलता है। इस कोड के माध्यम से विद्यालय का नामांकन, परीक्षा अभिलेख और शैक्षणिक प्रगति राष्ट्रीय स्तर पर दर्ज होती है, जिससे सरकारी योजनाओं का लाभ और उच्च शिक्षा में प्रवेश आसान होता है।
BSB हरिद्वार से संबद्ध उत्तर प्रदेश के स्कूलों के लिए यह प्रक्रिया कब तक पूरी होगी?
स्कूल शिक्षा महानिदेशक मोनिका रानी के निर्देशों में समयबद्ध कार्रवाई पर जोर दिया गया है, हालांकि कोई निश्चित अंतिम तिथि सार्वजनिक रूप से घोषित नहीं की गई है। जिला अधिकारियों को आवेदन, सत्यापन और संस्तुति की प्रक्रिया शीघ्र पूरी करने के निर्देश दिए गए हैं।
इस पहल से छात्रों को क्या फायदा होगा?
BSB से संबद्ध विद्यालयों के यू-डायस प्लस से जुड़ने के बाद छात्रों के शैक्षणिक अभिलेख राष्ट्रीय शिक्षा प्रणाली में व्यवस्थित रूप से दर्ज होंगे। इससे नामांकन, परीक्षा परिणाम और शैक्षणिक प्रगति का बेहतर प्रबंधन होगा और छात्रों को भविष्य में दस्तावेज़ी समस्याओं का सामना कम करना पड़ेगा।
विद्यालय श्रेणी उन्नयन (स्कूल कैटेगरी अपग्रेडेशन) की प्रक्रिया क्या है?
जिन विद्यालयों के पास पूर्व से यू-डायस कोड उपलब्ध है, उनके लिए मान्यता के अनुरूप विद्यालय श्रेणी उन्नयन की प्रक्रिया पूरी की जाएगी। मंडलीय संयुक्त शिक्षा निदेशक, जिला विद्यालय निरीक्षक और जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी आवश्यक अभिलेख और संस्तुति सहित प्रस्ताव शासन को भेजेंगे।
उत्तर प्रदेश में शिक्षा के डिजिटलीकरण में यह कदम कितना अहम है?
यह पहल योगी सरकार की व्यापक डिजिटल शिक्षा सुधार नीति का हिस्सा है, जिसके तहत राज्य में डेटा-आधारित अनुश्रवण और तकनीक-सक्षम प्रशासन को बढ़ावा दिया जा रहा है। BSB जैसे गैर-राज्य बोर्ड से संबद्ध विद्यालयों को राष्ट्रीय डेटाबेस से जोड़ना शिक्षा प्रशासन में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
राष्ट्र प्रेस
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