धर्मेंद्र प्रधान ने सीएम मोहन यादव से की मुलाकात, NEP क्रियान्वयन और कौशल विकास पर हुई विस्तृत चर्चा
सारांश
मुख्य बातें
केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने शनिवार, 13 जून को भोपाल स्थित मुख्यमंत्री निवास पर मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव से भेंट की। इस मुलाकात में राज्य में राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) के क्रियान्वयन, डिजिटल लर्निंग और कौशल विकास से जुड़े कार्यक्रमों पर केंद्रित चर्चा हुई।
मुलाकात का माहौल और औपचारिक स्वागत
मुख्यमंत्री यादव ने केंद्रीय मंत्री प्रधान का पुष्प गुच्छ और अंगवस्त्रम् से स्वागत किया तथा उन्हें बाबा महाकाल की प्रतिकृति भेंट की। यह मुलाकात ऐसे समय में हुई जब प्रधान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रधानमंत्री पद के 12 वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर भोपाल दौरे पर थे।
शिक्षा और NEP पर मुख्य चर्चा
मुख्यमंत्री यादव ने केंद्रीय मंत्री को प्रदेश में संचालित शिक्षा योजनाओं, NEP के अमल और कौशल विकास गतिविधियों की विस्तृत जानकारी दी। मंत्री प्रधान ने राज्य सरकार द्वारा शिक्षा एवं उच्च शिक्षा में किए जा रहे नवाचारों की सराहना की।
मुख्यमंत्री यादव ने कहा कि राज्य सरकार केंद्र के सहयोग से गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, डिजिटल लर्निंग और रोजगारपरक कौशल विकास को प्राथमिकता दे रही है। यह ऐसे समय में महत्वपूर्ण है जब मध्य प्रदेश NEP को ज़मीनी स्तर पर लागू करने वाले अग्रणी राज्यों में गिना जा रहा है।
खेल और शिक्षा के एकीकरण पर ज़ोर
केंद्रीय मंत्री प्रधान ने अपने भोपाल प्रवास के दौरान मध्य प्रदेश के खेल एवं युवा कल्याण मंत्री विश्वास कैलाश सारंग के साथ शूटिंग अकादमी का भी दौरा किया और खिलाड़ियों से सीधे संवाद कर उनके अनुभव जाने।
प्रधान ने कहा कि NEP के माध्यम से खेल और शारीरिक शिक्षा को शिक्षा व्यवस्था का अभिन्न हिस्सा बनाया गया है। उनके अनुसार, अब विद्यार्थियों को खेल और पढ़ाई में से किसी एक को चुनने की बाध्यता नहीं होगी — दोनों क्षेत्रों में समान रूप से आगे बढ़ने के अवसर उपलब्ध होंगे।
कौशल विकास: युवाओं के लिए नई दिशा
प्रधान ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में देश में पहली बार कौशल विकास को व्यापक स्तर पर बढ़ावा दिया गया है। उन्होंने कहा कि युवाओं को केवल डिग्री-आधारित शिक्षा तक सीमित न रखकर उन्हें कौशल, खेल और नवाचार से जोड़ने का कार्य किया जा रहा है।
उन्होंने यह भी बताया कि खिलाड़ियों और विद्यार्थियों के लिए विशेष कोर्स वर्क तैयार किया जा रहा है, जिससे खेल गतिविधियों और शैक्षणिक उपलब्धियों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित हो सके। गौरतलब है कि यह पहल NEP 2020 के उस मूल दर्शन के अनुरूप है जो बहु-विषयक और समग्र शिक्षा पर बल देती है।
आगे की राह
इस बैठक के बाद केंद्र और मध्य प्रदेश सरकार के बीच शिक्षा क्षेत्र में समन्वय और मज़बूत होने की उम्मीद है। NEP के क्रियान्वयन में राज्य की प्रगति को केंद्रीय स्तर पर मान्यता मिलना भविष्य में अतिरिक्त संसाधन और सहयोग के द्वार खोल सकता है।