24 जुलाई 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

दिलीप घोष का ममता पर तंज: 'इंडिया' गठबंधन बैठक में शामिल होना 'मजबूरी', TMC विसर्जन की राह पर

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
दिलीप घोष का ममता पर तंज: 'इंडिया' गठबंधन बैठक में शामिल होना 'मजबूरी', TMC विसर्जन की राह पर

सारांश

मंत्री दिलीप घोष ने ममता बनर्जी को 'मजबूरी में' 'इंडिया' गठबंधन बैठक में जाने वाला बताया और TMC को 'सत्ता से हटते ही खत्म' करार दिया। केजरीवाल-ममता गठजोड़ की व्यावहारिकता पर भी सवाल उठाए। साथ ही बंगाल में अमूल प्लांट और बड़े निवेश के संकेत दिए।

मुख्य बातें

मंत्री दिलीप घोष ने 8 जून 2026 को न्यूटाउन में कहा कि ममता बनर्जी 'मजबूरी में' 'इंडिया' गठबंधन बैठक में जा रही हैं।
घोष ने अरविंद केजरीवाल और ममता बनर्जी की बैठक की उपयोगिता पर सवाल उठाए — दोनों एक-दूसरे के राज्य में क्या मदद करेंगे?
TMC की हालिया बैठक में कोई विधायक या सांसद नहीं आया; घोष ने पार्टी को 'सत्ता से हटते ही खत्म' बताया।
अमूल इसी हफ्ते बंगाल में भूमि पूजन करेगा; कई राष्ट्रीय-अंतर्राष्ट्रीय कंपनियाँ निवेश के लिए संपर्क में हैं।
घोष ने कहा — 'अब जनता के जनादेश को मान लेना चाहिए।'

पश्चिम बंगाल सरकार में मंत्री दिलीप घोष ने 8 जून 2026 को न्यूटाउन में 'इंडिया' गठबंधन की आगामी बैठक को लेकर मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर तीखा हमला बोला और कहा कि वे 'मजबूरी में' इस बैठक में जा रही हैं। घोष ने सवाल उठाया कि जब गठबंधन में अब कुछ बचा ही नहीं, तो इसका क्या औचित्य है।

मुख्य बयान: 'मजबूरी में जा रही हैं ममता'

घोष ने कहा, 'ममता बनर्जी पहले कभी इसमें शामिल नहीं होती थीं, लेकिन अब मजबूरी में जा रही हैं।' उन्होंने यह भी पूछा कि जिनके साथ खुद की पार्टी के सांसद और विधायक नहीं हैं, वे दूसरी पार्टी के साथ जाकर क्या हासिल करेंगी। यह टिप्पणी ऐसे समय में आई है जब तृणमूल कांग्रेस (TMC) के भीतर अंदरूनी कलह की खबरें सामने आ रही हैं।

केजरीवाल-ममता बैठक पर सवाल

दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री और आम आदमी पार्टी (AAP) के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल तथा पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के बीच हुई बैठक पर घोष ने तंज कसते हुए कहा, 'ममता बनर्जी दिल्ली में केजरीवाल की क्या मदद करेंगी? और केजरीवाल बंगाल में ममता बनर्जी की क्या मदद करेंगे?' उन्होंने यह भी जोड़ा कि देखना होगा कि 'इंडिया' गठबंधन में वास्तव में कितने दल सक्रिय रूप से बचे हैं।

TMC के भीतर बिखराव पर निशाना

तृणमूल कांग्रेस के एक और गुट बनने की चर्चाओं पर घोष ने कहा कि हालिया बैठक में न कोई विधायक आया और न ही कोई सांसद। उन्होंने कहा, 'किसी को नहीं पता कि पार्षद कहाँ हैं — वे गायब हैं, दफ्तर नहीं आते।' घोष ने दावा किया कि TMC 'सत्ता से हटते ही पूरी तरह खत्म हो गई है' और 'अब जनता के जनादेश को मान लेना चाहिए।' गौरतलब है कि यह बयान बंगाल की राजनीतिक उथल-पुथल के बीच आया है।

बंगाल में निवेश और अमूल प्लांट

घोष ने बंगाल में अमूल के प्लांट स्थापना की भी जानकारी दी। उन्होंने कहा कि अमूल के पास लंबे समय से अपनी जमीन है और इसी हफ्ते भूमि पूजन का कार्यक्रम निर्धारित है। उन्होंने बताया कि कई राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय कंपनियाँ, जिनकी जमीन बेकार पड़ी थी, अब परियोजनाएँ विकसित करने के लिए आगे आ रही हैं और बड़े पैमाने पर निवेश की संभावना बन रही है।

आगे की राजनीतिक तस्वीर

'इंडिया' गठबंधन की एकजुटता पर उठते सवालों और TMC के आंतरिक संकट के बीच घोष के ये बयान बंगाल की राजनीति में नई बहस छेड़ सकते हैं। आने वाले हफ्तों में गठबंधन की बैठक और उसके नतीजे यह तय करेंगे कि विपक्षी एकता कितनी ठोस है।

संपादकीय दृष्टिकोण

दोनों एक साथ। असली सवाल यह है कि क्या 'इंडिया' गठबंधन की बैठकें वास्तव में बेनतीजा हैं, या यह भाजपा की रणनीतिक फ्रेमिंग है। मुख्यधारा की कवरेज इस द्वंद्व को अक्सर नज़रअंदाज़ कर देती है।
RashtraPress
24 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

दिलीप घोष ने ममता बनर्जी पर क्या आरोप लगाए?
दिलीप घोष ने कहा कि ममता बनर्जी 'मजबूरी में' 'इंडिया' गठबंधन की बैठक में जा रही हैं, जबकि पहले वे कभी शामिल नहीं होती थीं। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि जब खुद की पार्टी के सांसद-विधायक साथ नहीं, तो दूसरी पार्टी के साथ जाकर क्या हासिल होगा।
'इंडिया' गठबंधन की बैठक को लेकर विवाद क्यों है?
भाजपा नेता दिलीप घोष का कहना है कि गठबंधन में अब कुछ नहीं बचा और इसकी बैठकें निरर्थक हैं। केजरीवाल और ममता की मुलाकात को भी उन्होंने राजनीतिक रूप से अप्रासंगिक बताया, यह कहते हुए कि दोनों एक-दूसरे के राज्य में कोई मदद नहीं कर सकते।
TMC के भीतर क्या संकट बताया जा रहा है?
घोष के अनुसार तृणमूल कांग्रेस की हालिया बैठक में न कोई विधायक आया और न ही सांसद। पार्षद भी गायब बताए गए। घोष ने दावा किया कि TMC 'सत्ता से हटते ही पूरी तरह खत्म हो गई है।'
बंगाल में अमूल प्लांट को लेकर क्या जानकारी मिली है?
दिलीप घोष ने बताया कि अमूल के पास बंगाल में लंबे समय से अपनी जमीन है और इसी हफ्ते भूमि पूजन का कार्यक्रम है। उन्होंने कहा कि कई राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय कंपनियाँ निवेश के लिए सरकार से संपर्क कर रही हैं।
दिलीप घोष कौन हैं और वे किस पार्टी से हैं?
दिलीप घोष भारतीय जनता पार्टी (BJP) के नेता और पश्चिम बंगाल सरकार में मंत्री हैं। वे पहले BJP के प्रदेश अध्यक्ष भी रह चुके हैं और बंगाल की राजनीति में TMC के मुखर आलोचक के रूप में जाने जाते हैं।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम कल
  2. 1 महीना पहले
  3. 1 महीना पहले
  4. 1 महीना पहले
  5. 1 महीना पहले
  6. 2 महीने पहले
  7. 3 महीने पहले
  8. 4 महीने पहले