पंजाब पुलिस के निलंबित DIG भुल्लर का बिचौलिया कृशानू शारदा ED की गिरफ्त में, ₹1.42 करोड़ फ्रीज
सारांश
मुख्य बातें
प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने 18 सितंबर 2026 को पंजाब पुलिस के निलंबित उप महानिरीक्षक (DIG) हरचरण सिंह भुल्लर की ओर से रिश्वत वसूलने वाले बिचौलिए कृशानू शारदा को गिरफ्तार किया। चंडीगढ़ जोनल ऑफिस-I ने प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट (PMLA), 2002 की धारा 19 के तहत यह कार्रवाई की। चंडीगढ़ की स्पेशल कोर्ट (PMLA) ने शारदा को सात दिनों की ED हिरासत में भेज दिया है।
मामले की पृष्ठभूमि
ED के अनुसार, यह जाँच CBI, ACB और चंडीगढ़ पुलिस द्वारा भुल्लर, शारदा और अन्य आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता, 2023 तथा भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम, 1988 की धाराओं के तहत दर्ज एफआईआर पर आधारित है। प्रथमदृष्टया जाँच में स्थापित हुआ कि मुख्य आरोपी भुल्लर अपने सभी अवैध वित्तीय लेन-देन कृशानू शारदा के माध्यम से संचालित करता था।
रिश्वत का स्वरूप और तरीका
ED की जाँच के अनुसार, एक शिकायतकर्ता से ₹8 लाख की रिश्वत माँगी गई थी, जिसमें से ₹5 लाख कृशानू शारदा के जरिए वसूल किए गए। यह राशि दो उद्देश्यों के लिए ली गई थी — एक आपराधिक मामले को दबाना और शिकायतकर्ता को बिना पुलिस हस्तक्षेप के अपना स्क्रैप व्यवसाय जारी रखने देना। गौरतलब है कि इस तरह का 'संरक्षण-शुल्क' मॉडल कथित तौर पर संगठित भ्रष्टाचार का संकेत देता है।
जब्ती और फ्रीजिंग की कार्रवाई
PMLA की धारा 17 के तहत की गई तलाशी में ₹8.35 लाख नकद जब्त किए गए। इसके अतिरिक्त, कुल ₹1.42 करोड़ के बैलेंस वाले बैंक खाते, पोस्ट ऑफिस खाते और निवेश फ्रीज कर दिए गए। जब्त किए गए डिजिटल उपकरणों और वित्तीय रिकॉर्ड की जाँच में बिना हिसाब-किताब वाले नकद जमा, संदिग्ध निवेश और भुल्लर के साथ प्रत्यक्ष वित्तीय लेन-देन के सबूत मिले हैं।
व्यापक साजिश के संकेत
ED ने बताया कि डिजिटल साक्ष्यों की प्रारंभिक समीक्षा से अन्य सरकारी कर्मचारियों की मिलीभगत के प्रथमदृष्टया संकेत मिले हैं। एजेंसी कथित तौर पर पूरे धन-प्रवाह का नेटवर्क मैप कर रही है — यानी अपराध से हुई कमाई को बनाने, स्थानांतरित करने, छिपाने और उपयोग करने में शामिल सभी व्यक्तियों और संस्थाओं की पहचान। यह ऐसे समय में आया है जब पंजाब में पुलिस भ्रष्टाचार के मामले पहले से ही जनता की नाराज़गी का विषय बने हुए हैं।
आगे की जाँच की दिशा
CBI सहित जाँच एजेंसियाँ पैसों के पूरे लेन-देन की श्रृंखला और इसी तरह की गतिविधियों में शामिल अन्य लोगों की भूमिका का पता लगा रही हैं। कृशानू शारदा सात दिनों की ED हिरासत में हैं और पूछताछ से नए नाम सामने आने की संभावना है। मामले की अगली सुनवाई और शारदा की न्यायिक हिरासत की स्थिति आने वाले दिनों में तय होगी।