एकनाथ शिंदे का पलटवार: 'शेर अकेला चलता है', 'ऑपरेशन तुड़वा' की धमकी पर कड़ा जवाब
सारांश
मुख्य बातें
महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री और शिवसेना प्रमुख एकनाथ शिंदे ने 19 जून 2026 को पार्टी के 60वें स्थापना दिवस समारोह में उद्धव ठाकरे के नेतृत्व वाली शिवसेना (यूबीटी) पर जोरदार हमला बोला। 'ऑपरेशन टाइगर' को लेकर चल रही अटकलों के बीच शिंदे ने बड़े राजनीतिक बदलाव के संकेत देते हुए कहा, 'यह तो बस ट्रेलर है, असली फिल्म तो अभी आनी बाकी है।'
मुख्य घटनाक्रम
मुंबई में आयोजित इस समारोह में पार्टी कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए शिंदे ने उन विपक्षी नेताओं को तीखा जवाब दिया जो संभावित दलबदल को लेकर उन पर निशाना साध रहे थे। उन्होंने कहा, 'देखो, आज यह शेर तुम्हारे ठीक सामने खड़ा है। पिछले कुछ दिनों से देख रहे हैं कि कुछ कुत्ते रोज भौंकते हैं।' उन्होंने यह भी कहा कि कुत्ते झुंड में भौंकते हैं, जबकि शेर अकेला चलता है।
'ऑपरेशन तुड़वा' पर शिंदे की प्रतिक्रिया
शिवसेना (यूबीटी) के राज्यसभा सांसद संजय राउत का नाम लिए बिना शिंदे ने यूबीटी गुट की 'ऑपरेशन तुड़वा' वाली चेतावनी का सीधा जवाब दिया। राउत ने कथित तौर पर धमकी दी थी कि अगर बागी विधायक अपने चुनाव क्षेत्रों में लौटे तो पार्टी कार्यकर्ता उन्हें कुचल देंगे। शिंदे ने इस पर व्यंग्य करते हुए कहा, 'वह तो बस एक कंपाउंडर है। एक कंपाउंडर ऑपरेशन कैसे कर सकता है? यहाँ श्रीकांत शिंदे ही असली डॉक्टर हैं। भले ही मैं डॉक्टर नहीं हूँ, फिर भी मुझे ऑपरेशन करना आता है और ऑपरेशन के लिए शेर जैसा दिल चाहिए, भेड़िये जैसा नहीं।'
जून 2022 की बगावत का जिक्र
गौरतलब है कि जून 2022 में शिंदे ने उद्धव ठाकरे के खिलाफ बगावत करके महाराष्ट्र की सत्ता पलट दी थी। उस दौर को याद करते हुए उन्होंने कहा कि उन्हीं नेताओं ने चार साल पहले उन्हें धमकियाँ दी थीं जब वे मुंबई लौटे थे। उन्होंने कहा, 'मुझसे कहा गया कि मुझे वर्ली होकर आना होगा। मुंबई किसी की निजी जागीर नहीं है। मैं सड़क मार्ग से अकेले आया, एयरपोर्ट पर हेलीकॉप्टर का इस्तेमाल नहीं किया और वर्ली में रुका भी। उस समय जो लोग मुझे धमकी दे रहे थे, वे अपने घरों में बैठकर मुझे ऑनलाइन देख रहे थे।'
यूबीटी को खुली चुनौती
वरिष्ठ नेता रामदास कदम की बातों का समर्थन करते हुए शिंदे ने यूबीटी गुट को खुली चुनौती दी। उन्होंने कहा कि अगर यूबीटी 'ऑपरेशन तुड़वा' की बात करता है तो उसमें उनके गुट का सामना करने की हिम्मत भी होनी चाहिए। उन्होंने कहा, 'क्या हमारे जोशीले शिवसैनिक किसी को कुचलने के लिए आपके पैर सलामत छोड़ेंगे? हमारे कार्यकर्ता बालासाहेब ठाकरे की कट्टर विचारधारा को मानते हैं।' यह टकराव ऐसे समय में आया है जब 'ऑपरेशन टाइगर' की अटकलों के बीच महाराष्ट्र की राजनीति एक बार फिर उबाल पर है।
आगे क्या होगा
शिंदे के इस आक्रामक तेवर और 'असली फिल्म अभी बाकी है' जैसे बयान से राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। आने वाले हफ्तों में महाराष्ट्र की राजनीति में और बड़े घटनाक्रम सामने आने की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता।