फिरहाद हकीम की ऋतब्रत बनर्जी से बंगाल विधानसभा में मुलाकात, TMC में बगावत की आहट तेज
सारांश
मुख्य बातें
पश्चिम बंगाल के पूर्व मंत्री और कोलकाता के पूर्व मेयर फिरहाद हकीम ने सोमवार, 8 जून 2026 को बंगाल विधानसभा परिसर में विपक्ष के नेता ऋतब्रत बनर्जी के कक्ष में जाकर उनसे मुलाकात की, जिससे तृणमूल कांग्रेस (TMC) की आंतरिक राजनीति में नई हलचल मच गई। 2011 से लगातार चार बार TMC विधायक रहे हकीम के साथ पार्टी के ही बागी गुट के विधायक संदीपन साहा भी इस मुलाकात में मौजूद थे।
मुलाकात का घटनाक्रम
हकीम को विधानसभा परिसर में बनर्जी के लिए आवंटित कमरे में संदीपन साहा के साथ जाते देखा गया। उल्लेखनीय है कि ऋतब्रत बनर्जी TMC विधायक दल से अलग हुए गुट के नेता हैं। मीटिंग के एजेंडे के बारे में मीडिया के सवालों पर हकीम ने कोई जवाब देने से इनकार कर दिया।
गौरतलब है कि हकीम ने ठीक पिछले हफ्ते कोलकाता म्युनिसिपल कॉर्पोरेशन के मेयर पद से इस्तीफा दिया था। इस्तीफे के बाद उनकी यह पहली बड़ी सार्वजनिक गतिविधि है, जो राजनीतिक संकेतों से भरपूर मानी जा रही है।
दिल्ली में TMC बागियों की BJP नेता से मुलाकात
इसी दिन नई दिल्ली में TMC के बागी सांसदों का एक समूह केंद्रीय पर्यावरण मंत्री भूपेंद्र यादव के सरकारी आवास पर पहुँचा। इस समूह में पार्टी की चार बार लोकसभा सदस्य रहीं डॉ. काकोली घोष दस्तीदार और अभिनेत्री से नेता बनीं शताब्दी रॉय शामिल थीं। संसद के दोनों सदनों के कुल 20 TMC सांसद इस बैठक में उपस्थित थे।
जब ये सांसद यादव के आवास पर पहुँचे, तो वहाँ पश्चिम बंगाल के विपक्ष के नेता सुवेंदु अधिकारी भी मौजूद थे। अधिकारी वहाँ आयुष्मान भारत योजना को पश्चिम बंगाल में लागू करने के लिए राज्य और केंद्र सरकार के बीच समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर के सिलसिले में आए हुए थे।
सुखेंदु शेखर रॉय का इस्तीफा बना नया मोड़
इस बैठक में सुखेंदु शेखर रॉय भी शामिल थे, जिन्होंने उसी दिन — सोमवार, 8 जून को — राज्यसभा और TMC की प्राथमिक सदस्यता दोनों से इस्तीफा दे दिया। उनका यह कदम TMC के लिए एक बड़ा झटका माना जा रहा है, क्योंकि वे पार्टी के वरिष्ठ और अनुभवी सांसद रहे हैं।
बगावत की जड़: अभिषेक बनर्जी का विरोध
बागी सांसदों की मुख्य आपत्ति यह है कि वे अभिषेक बनर्जी को पार्टी का महासचिव स्वीकार करने को तैयार नहीं हैं। यह विरोध उस समय और तीखा हो गया जब TMC प्रमुख ममता बनर्जी और अभिषेक बनर्जी नई दिल्ली में कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे द्वारा बुलाई गई इंडिया ब्लॉक की बैठक में शामिल होने गए हुए थे।
आगे क्या
यह ऐसे समय में आया है जब TMC पहले से ही कई मोर्चों पर दबाव में है। राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार, बागी विधायकों और सांसदों की BJP नेताओं से मुलाकात पार्टी में दरार को और गहरा कर सकती है। आने वाले दिनों में TMC नेतृत्व की प्रतिक्रिया और इन बागियों के अगले कदम पर सभी की नज़रें टिकी रहेंगी।