गिफ्ट सिटी डेटा फर्म धोखाधड़ी: 33,000 निवेशक प्रभावित, ₹400 करोड़ से अधिक का कथित घोटाला
सारांश
मुख्य बातें
गांधीनगर में गुजरात इंटरनेशनल फाइनेंस टेक-सिटी (गिफ्ट सिटी) से संचालित कंपनी 'शूट स्पेस डिजिटल प्राइवेट लिमिटेड' के खिलाफ हाई-रिटर्न निवेश योजना में बड़े पैमाने पर धोखाधड़ी के आरोप सामने आए हैं। 7 मई 2026 को अधिकारियों ने बताया कि कई राज्यों में 33,000 से अधिक निवेशक प्रभावित हो सकते हैं और कथित धोखाधड़ी की कुल राशि ₹400 करोड़ से भी अधिक हो सकती है।
निवेश योजना का स्वरूप
पुलिस की शुरुआती जांच और निवेशकों की शिकायतों के अनुसार, कंपनी ने कथित तौर पर 'डिजिटल डेटा स्टोरेज स्पेस' (टेराबाइट्स में मापा जाने वाला) में निवेश की एक योजना का प्रचार किया, जिसमें लगभग 5% मासिक रिटर्न देने का वादा किया गया था। यह मॉडल गुजरात, हरियाणा और गोवा के निवेशकों को आकर्षित करने में सफल रहा।
शुरुआती भुगतान लगभग तीन वर्षों तक नियमित रूप से किए गए, जिससे निवेशकों का भरोसा बढ़ा और उन्होंने और अधिक रकम इस योजना में लगाई। बताया जाता है कि प्रत्येक निवेशक का निवेश ₹5 लाख से ₹3 करोड़ तक था, और कुछ शिकायतकर्ताओं के अनुसार उन्हें अभी भी ₹50 लाख से ₹85 लाख तक का भुगतान मिलना बाकी है।
भुगतान बंद होने के बाद बढ़ा तनाव
मामला तब गंभीर हो गया जब कथित तौर पर लगभग दो महीने पहले भुगतान बंद हो गए और कंपनी के अधिकारियों से संपर्क करना भी मुश्किल हो गया। इसके बाद बुधवार की शाम को निवेशकों के कई समूह गिफ्ट सिटी स्थित कंपनी के दफ्तर के बाहर एकत्रित हो गए, जिससे तनावपूर्ण माहौल बन गया। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए डभोडा पुलिस स्टेशन से पुलिस बल तैनात करना पड़ा।
कई निवेशकों ने दावा किया है कि उन्होंने अपनी जीवन भर की जमा-पूंजी, कर्ज और संपत्ति बेचकर मिली रकम इस योजना में लगाई थी।
पुलिस की प्रतिक्रिया और जांच की स्थिति
डभोडा पुलिस इंस्पेक्टर अनिल चौहान ने राष्ट्र प्रेस से बातचीत में बताया,