28 जून 2026
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अविमुक्तेश्वरानंद पर राम मंदिर के नाम पर अवैध चंदा वसूली का आरोप, गोविंदानंद सरस्वती ने एसआईटी से FIR की माँग की

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अविमुक्तेश्वरानंद पर राम मंदिर के नाम पर अवैध चंदा वसूली का आरोप, गोविंदानंद सरस्वती ने एसआईटी से FIR की माँग की

सारांश

अयोध्या में राम मंदिर से जुड़ा एक नया विवाद — गोविंदानंद सरस्वती ने स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद पर एक हजार गांवों से कथित अवैध चंदा और सोना वसूलने का आरोप लगाया है। एसआईटी और ट्रस्ट में शिकायत दर्ज, FIR और संपत्ति जब्ती की माँग।

मुख्य बातें

गोविंदानंद सरस्वती ने 28 जून को स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद पर राम मंदिर के नाम पर कथित अवैध चंदा वसूलने का आरोप लगाया।
आरोप के अनुसार अविमुक्तेश्वरानंद ने एक हजार गांवों से पैसा और सोना एकत्रित किया।
गोविंदानंद सरस्वती ने राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट और एसआईटी में शिकायत दर्ज कराई; FIR और संपत्ति जब्ती की माँग की।
एसआईटी पहले से राम मंदिर से जुड़े 8 लोगों के खिलाफ वसूली कार्रवाई कर रही है।
चढ़ावा चोरी के आरोपी रमाशंकर मिश्रा की भाभी साधना मिश्रा ने आरोपों को झूठा बताया; पुलिस ने दस्तावेज जब्त किए।

अयोध्या में राम मंदिर से जुड़े एक नए विवाद में गोविंदानंद सरस्वती ने 28 जून को गंभीर आरोप लगाए कि स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के गठन के बावजूद राम मंदिर के नाम पर कथित तौर पर गैर-कानूनी रूप से चंदा एकत्रित किया और उसका दुरुपयोग किया। गोविंदानंद सरस्वती के अनुसार, उन्होंने ट्रस्ट और एसआईटी दोनों के पास औपचारिक शिकायतें दर्ज कराई हैं तथा एफआईआर दर्ज करने, फंड की वसूली और कथित संपत्ति जब्त करने की माँग की है।

गोविंदानंद सरस्वती के आरोप

गोविंदानंद सरस्वती ने कहा, 'अयोध्या में राम मंदिर बनाने के नाम पर चंदा एकत्रित करने वाले लोगों में स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद का नाम भी शामिल है। अविमुक्तेश्वरानंद ने एक हजार गांवों से पैसा और सोना एकत्रित किया।' उन्होंने यह भी दावा किया कि उनके गुरुदेव ने सर्वोच्च न्यायालय में राम मंदिर का मुकदमा लड़ा था और उनके ब्रह्मलीन होने के बाद अविमुक्तेश्वरानंद ने कथित तौर पर एकत्रित धन और सोना हड़प लिया।

एसआईटी कार्रवाई और FIR की माँग

गोविंदानंद सरस्वती ने कहा, 'राम मंदिर मामले में एसआईटी पहले से 8 लोगों के खिलाफ एफआईआर कर उनसे वसूली कर रही है। उसी तर्ज पर अविमुक्तेश्वरानंद के खिलाफ भी एफआईआर दर्ज हो, क्योंकि उनके पास राम भगवान की संपत्ति है।' उन्होंने माँग की कि अविमुक्तेश्वरानंद से संपत्ति जब्त कर मंदिर को समर्पित की जाए। गौरतलब है कि यह ऐसे समय में आया है जब राम मंदिर से जुड़े चढ़ावा चोरी के एक अलग मामले में भी एसआईटी जाँच जारी है।

चढ़ावा चोरी मामले में परिजन का पक्ष

राम मंदिर में चढ़ावा चोरी के आरोपी रमाशंकर मिश्रा की भाभी साधना मिश्रा ने उन पर लगे आरोपों को सिरे से खारिज किया। उन्होंने कहा, 'पुलिस की टीम आज आई थी और उनसे पूछताछ की। रमाशंकर पिछले 6 साल से राम मंदिर में पैसों की गिनती करते थे।' साधना मिश्रा के अनुसार, पुलिस रमाशंकर का बैंक पासबुक, आधार कार्ड और अन्य दस्तावेज अपने साथ ले गई।

साधना मिश्रा ने यह भी दावा किया कि रमाशंकर पिछले ढाई साल से परिवार से अलग रह रहे हैं और उन्हें झूठे मामले में फँसाया जा रहा है। उन्होंने स्पष्ट किया, 'मेरे देवर को फँसाया जा रहा है, वह चोरी नहीं कर सकते।' पुलिस ने अभी तक इस दावे पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं दी है।

आगे क्या होगा

फिलहाल एसआईटी राम मंदिर से जुड़े वित्तीय अनियमितताओं के कई मामलों की जाँच कर रही है। गोविंदानंद सरस्वती की शिकायत पर एसआईटी और ट्रस्ट की प्रतिक्रिया अभी सामने नहीं आई है। स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद की ओर से भी इन आरोपों पर कोई आधिकारिक बयान उपलब्ध नहीं है। इस मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई पर सभी की नज़र बनी रहेगी।

संपादकीय दृष्टिकोण

जो पत्रकारिता की दृष्टि से एक महत्वपूर्ण रिक्तता है। असली सवाल यह है कि क्या एसआईटी इस शिकायत को उसी गंभीरता से लेगी जिस तरह वह अन्य मामलों में ले रही है, या यह विवाद धार्मिक-राजनीतिक दबाव में दब जाएगा।
RashtraPress
28 जून 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

गोविंदानंद सरस्वती ने अविमुक्तेश्वरानंद पर क्या आरोप लगाए हैं?
गोविंदानंद सरस्वती ने आरोप लगाया है कि स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के गठन के बावजूद राम मंदिर के नाम पर एक हजार गांवों से कथित तौर पर अवैध रूप से पैसा और सोना एकत्रित किया। उन्होंने यह भी दावा किया कि उनके गुरुदेव के ब्रह्मलीन होने के बाद यह धन और सोना हड़प लिया गया।
गोविंदानंद सरस्वती ने इस मामले में क्या कानूनी कदम उठाए हैं?
उन्होंने राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट और एसआईटी दोनों के पास औपचारिक शिकायतें दर्ज कराई हैं। उनकी माँग है कि अविमुक्तेश्वरानंद के खिलाफ एफआईआर दर्ज हो, फंड की वसूली की जाए और कथित संपत्ति जब्त कर मंदिर को समर्पित की जाए।
राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में रमाशंकर मिश्रा कौन हैं?
रमाशंकर मिश्रा राम मंदिर में पिछले 6 साल से पैसों की गिनती का काम करते थे और उन पर चढ़ावा चोरी का आरोप है। उनकी भाभी साधना मिश्रा ने इन आरोपों को झूठा बताया है और कहा है कि उन्हें फँसाया जा रहा है।
एसआईटी अभी राम मंदिर से जुड़े कितने लोगों के खिलाफ कार्रवाई कर रही है?
गोविंदानंद सरस्वती के बयान के अनुसार, एसआईटी अभी 8 लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर वसूली की कार्रवाई कर रही है। उन्होंने माँग की है कि अविमुक्तेश्वरानंद को भी इसी कार्रवाई के दायरे में लाया जाए।
क्या अविमुक्तेश्वरानंद ने इन आरोपों पर कोई प्रतिक्रिया दी है?
अभी तक स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद की ओर से इन आरोपों पर कोई सार्वजनिक बयान सामने नहीं आया है। एसआईटी और राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की भी इस शिकायत पर आधिकारिक प्रतिक्रिया अभी तक उपलब्ध नहीं है।
राष्ट्र प्रेस
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