9 नवंबर 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

नर्मदा नदी उफान पर: डिंडोरी-जबलपुर सड़क संपर्क टूटा, 2 पुल डूबे, 10 अगस्त को स्कूल बंद

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
नर्मदा नदी उफान पर: डिंडोरी-जबलपुर सड़क संपर्क टूटा, 2 पुल डूबे, 10 अगस्त को स्कूल बंद

सारांश

नर्मदा के उफान ने डिंडोरी को दो दिनों में अलग-थलग कर दिया — दो पुल डूबे, जबलपुर से सड़क संपर्क टूटा, सात परिवार विस्थापित और एक बच्चे की जान गई। प्रशासन ने 10 अगस्त को स्कूल बंद कर दिए हैं।

मुख्य बातें

नर्मदा नदी के उफान से डिंडोरी में 2 पुल जलमग्न, जबलपुर-अमरकंटक नेशनल हाईवे पर यातायात ठप।
नदी किनारे के 7 परिवारों को शेल्टर होम में स्थानांतरित किया गया; हंस नगर और साकेत नगर पर नज़र।
नादिया टोला में मिट्टी का घर ढहने से 7 वर्षीय बच्चे राजा की मौत।
कलेक्टर अंजू पवन भदौरिया और SP आशीष खरे ने प्रभावित क्षेत्रों का निरीक्षण किया।
10 अगस्त को नर्सरी से कक्षा 12वीं तक के सभी स्कूल और आंगनवाड़ी केंद्र बंद।

मध्य प्रदेश के डिंडोरी जिले में 9 अगस्त 2026 को लगातार दूसरे दिन भी भारी बारिश जारी रही, जिससे नर्मदा नदी का जलस्तर खतरनाक स्तर तक बढ़ गया। जिला प्रशासन के अनुसार, दो पुल जलमग्न हो गए हैं और जबलपुर से सड़क संपर्क पूरी तरह टूट गया है, जिससे आम जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ है।

मुख्य घटनाक्रम

नर्मदा के बढ़ते जलस्तर से डिंडोरी शहर का एक प्रमुख पुल और जबलपुर-अमरकंटक नेशनल हाईवे पर स्थित जोगी टिकरिया का पुल डूब गया। दोनों पुलों पर वाहनों की आवाजाही तत्काल प्रभाव से बंद कर दी गई है। पुलिस ने बैरिकेड और रस्सियाँ लगाकर लोगों को इन पुलों को पार करने से रोका है और एहतियाती तौर पर पुलिस बल की तैनाती भी की गई है।

नदी के निचले किनारे पर बसे इलाकों में बाढ़ का खतरा बना हुआ है। हंस नगर और साकेत नगर में अधिकारी स्थिति पर लगातार नज़र रखे हुए हैं, जहाँ बढ़ता पानी घरों के लिए गंभीर खतरा पैदा कर सकता है।

राहत एवं बचाव कार्य

नदी के किनारे रहने वाले सात परिवारों को सुरक्षित स्थानों पर बने शेल्टर होम में स्थानांतरित किया जा चुका है। डिंडोरी कलेक्टर अंजू पवन भदौरिया और पुलिस अधीक्षक आशीष खरे ने माँ नर्मदा पुल सहित प्रभावित क्षेत्रों का स्वयं निरीक्षण किया और अधिकारियों को निरंतर निगरानी बनाए रखने के निर्देश दिए। जिला प्रशासन ने नदी किनारे पुलिस और राजस्व टीमें तैनात की हैं तथा लोगों को बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में न जाने की सख्त चेतावनी दी है।

बच्चे की मौत: मिट्टी का घर ढहा

भारी बारिश से जुड़ी एक दुखद घटना में, गडासराई पुलिस स्टेशन क्षेत्र के अंतर्गत करौंदा ग्राम पंचायत के नादिया टोला में शनिवार देर रात एक मिट्टी का घर ढह गया। इस हादसे में सात वर्षीय बच्चे राजा — जो विश्राम का पुत्र था — की मौत हो गई। पुलिस ने मलबे से शव निकालकर पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को सौंप दिया।

आम जनता पर असर: स्कूल बंद

मौजूदा हालात और बच्चों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए जिला प्रशासन ने 10 अगस्त को जिले के सभी सरकारी और निजी स्कूलों में नर्सरी से कक्षा 12वीं तक की छुट्टी घोषित कर दी है। सोमवार को सभी आंगनवाड़ी केंद्र भी बंद रहेंगे। हालाँकि, शिक्षकों और अन्य कर्मचारियों को अपने कार्यस्थल पर उपस्थित रहने के निर्देश दिए गए हैं।

क्या होगा आगे

मौसम विभाग के संकेतों और नर्मदा के जलस्तर की मौजूदा स्थिति को देखते हुए अगले कुछ दिन डिंडोरी के लिए चुनौतीपूर्ण बने रह सकते हैं। प्रशासन ने आवश्यक इंतज़ाम करने के निर्देश जारी किए हैं और लोगों से अपील की है कि वे सतर्क रहें तथा अनावश्यक रूप से घर से बाहर न निकलें।

संपादकीय दृष्टिकोण

हर मानसून यही दृश्य दोहराया जाएगा।
RashtraPress
9 नवंबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

डिंडोरी में नर्मदा बाढ़ से कौन-से पुल डूबे हैं?
डिंडोरी शहर का एक मुख्य पुल और जबलपुर-अमरकंटक नेशनल हाईवे पर जोगी टिकरिया का पुल जलमग्न हो गए हैं। दोनों पर वाहनों की आवाजाही पूरी तरह बंद कर दी गई है।
10 अगस्त को डिंडोरी में स्कूल क्यों बंद हैं?
भारी बारिश, नर्मदा के उफान और बाढ़ के खतरे को देखते हुए जिला प्रशासन ने 10 अगस्त को नर्सरी से कक्षा 12वीं तक के सभी सरकारी और निजी स्कूल तथा आंगनवाड़ी केंद्र बंद रखने का आदेश दिया है।
डिंडोरी में बाढ़ से कितने परिवार प्रभावित हुए हैं?
अब तक नदी किनारे के सात परिवारों को सुरक्षित शेल्टर होम में स्थानांतरित किया गया है। हंस नगर और साकेत नगर में और परिवारों पर खतरे की निगरानी जारी है।
नादिया टोला में घर ढहने की घटना में क्या हुआ?
शनिवार देर रात करौंदा ग्राम पंचायत के नादिया टोला में भारी बारिश से एक मिट्टी का घर ढह गया, जिसमें सात वर्षीय बच्चे राजा की मौत हो गई। पुलिस ने मलबे से शव निकालकर पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को सौंपा।
डिंडोरी प्रशासन ने बाढ़ से निपटने के लिए क्या कदम उठाए हैं?
कलेक्टर अंजू पवन भदौरिया और SP आशीष खरे ने प्रभावित क्षेत्रों का निरीक्षण किया है। नदी किनारे पुलिस और राजस्व टीमें तैनात हैं, पुलों पर बैरिकेड लगाए गए हैं और लोगों को बाढ़ प्रभावित इलाकों से दूर रहने की चेतावनी दी गई है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 1 महीना पहले
  2. 1 महीना पहले
  3. 1 महीना पहले
  4. 2 महीने पहले
  5. 4 महीने पहले
  6. 1 साल पहले
  7. 1 साल पहले
  8. 1 साल पहले