आंध्र प्रदेश: जगन ने पीएम मोदी को आरडीटी के एफसीआरए नवीनीकरण के लिए धन्यवाद दिया
सारांश
Key Takeaways
- आरडीटी के लिए एफसीआरए अनुमति का नवीनीकरण हुआ।
- जगन ने पीएम मोदी और अमित शाह का आभार व्यक्त किया।
- अनंतपुर के गरीबों को इस फैसले से लाभ होगा।
- नायडू पर श्रेय लेने का आरोप।
- सरकार की निष्क्रियता पर सवाल उठाए गए।
अमरावती, 24 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। आंध्र प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री वाई एस जगन मोहन रेड्डी ने मंगलवार को रूरल डेवलपमेंट ट्रस्ट (आरडीटी) के लिए एफसीआरए अनुमति के नवीनीकरण का स्वागत किया और इसके लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तथा केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह का आभार व्यक्त किया।
उन्होंने कहा कि विदेशी अंशदान (विनियमन) अधिनियम (एफसीआरए) के तहत अनुमति का पुनर्स्थापन होने से शिक्षा, स्वास्थ्य, पर्यावरण और सामाजिक विकास के क्षेत्रों में आरडीटी की महत्वपूर्ण सेवाएं जारी रह सकेंगी। इससे अनंतपुर जिले के गरीब और जरूरतमंद लोगों को बड़ा लाभ मिलेगा।
हालांकि, वाईएसआर कांग्रेस पार्टी के नेता ने मुख्यमंत्री एन चंद्रबाबू नायडू पर इस निर्णय का श्रेय लेने का आरोप लगाया। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि 21 अप्रैल 2025 से रुकी अनुमति को बहाल करने में लगभग एक वर्ष क्यों लगा।
जगन ने कहा कि यह देरी सरकार की निष्क्रियता के कारण हुई, जिसके चलते लोगों, वाईएसआरसीपी और नागरिक समाज संगठनों को लगातार विरोध प्रदर्शन करने पड़े।
उन्होंने दावा किया कि यह नवीनीकरण जनदबाव और सामूहिक संघर्ष का परिणाम है, न कि सरकार की किसी पहल का। इसे अलग तरीके से प्रस्तुत करना केवल प्रचार पाने की कोशिश है।
इससे पहले, चंद्रबाबू नायडू ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर प्रधानमंत्री मोदी, गृह मंत्री अमित शाह और केंद्र सरकार का धन्यवाद करते हुए कहा था कि आरडीटी दशकों से गरीबों के लिए बेहतरीन सेवाएं प्रदान कर रहा है।
उन्होंने बताया कि आंध्र प्रदेश और तेलंगाना के हजारों गांवों में यह ट्रस्ट विभिन्न सेवाएं प्रदान करता है। एफसीआरए के तहत विदेशी फंडिंग पर रोक के कारण संगठन के कामकाज में बाधाएं आ रही थीं।
नायडू ने कहा कि केंद्र सरकार के हस्तक्षेप से अब यह समस्या समाप्त हो गई है और आरडीटी को विदेशी फंड प्राप्त करने की अनुमति मिल गई है, जिससे उसके कार्य सुचारु रूप से जारी रह सकेंगे।