कोटा में 11वीं के छात्र मयंक नागर ने मोबाइल छिनने पर जहर खाया, इलाज के दौरान मौत
सारांश
मुख्य बातें
कोटा (राजस्थान) में 11वीं कक्षा के 16 वर्षीय छात्र मयंक नागर ने 10 अगस्त 2026 की रात जहरीला पदार्थ खाकर आत्महत्या कर ली, जब उसके पिता ने मोबाइल फोन पर गेम खेलने से रोककर फोन छीन लिया। सोमवार सुबह एक निजी अस्पताल में इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।
घटनाक्रम: रात का वह दुखद मोड़
हनुमान नगर इलाके में रविवार की शाम जब परिवार घर पर था, तो मयंक के पिता चौथमल नागर ने उसे मोबाइल पर गेम खेलते देखा। उन्होंने उसे गेम बंद करने को कहा, लेकिन मयंक ने बात नहीं मानी। इसके बाद पिता ने फोन ले लिया। थोड़ी देर बाद मयंक ने घर में ही जहरीला पदार्थ खा लिया।
मयंक के चाचा संत राम के अनुसार, अचानक लड़के की हालत बिगड़ी और वह गिर पड़ा। परिवारवालों के पूछने पर उसने खुद बताया कि उसने जहर खा लिया है। परिवार तुरंत उसे एक निजी अस्पताल ले गया, जहाँ सोमवार सुबह इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।
पोस्टमार्टम और पुलिस कार्रवाई
मयंक की मौत के बाद परिवार ने शुरू में पोस्टमार्टम से इनकार कर दिया था। दादाबाड़ी पुलिस स्टेशन के एसएचओ बलदेव राम ने बताया कि पुलिस अधिकारियों ने परिवार को समझाया, जिसके बाद न्यू मेडिकल कॉलेज अस्पताल की मोर्चरी में पोस्टमार्टम किया गया। बाद में शव परिवार को सौंप दिया गया। पुलिस ने परिवार की शिकायत पर मामला दर्ज कर जाँच शुरू कर दी है।
परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़
मयंक अपने माता-पिता का इकलौता बेटा था। चौथमल पेशे से पेंटर हैं और उन्हें पहले से दिल की बीमारी है। बेटे की मौत की खबर सुनकर उनकी भी तबीयत बिगड़ गई। परिवारवालों ने बताया कि मयंक की माँ का रो-रोकर बुरा हाल है।
चौथमल ने कहा कि उन्होंने कभी कल्पना भी नहीं की थी कि मोबाइल फोन छीनने का परिणाम इतना दुखद होगा। यह घटना न केवल परिवार, बल्कि पूरे स्थानीय समुदाय को गहरे सदमे में छोड़ गई है।
किशोरों में स्क्रीन-लत: एक बड़ी चिंता
यह घटना ऐसे समय में सामने आई है जब देश भर में किशोरों में मोबाइल और गेमिंग की लत को लेकर चिंता बढ़ रही है। मानसिक स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार, अचानक स्क्रीन-टाइम छीनने की बजाय धीरे-धीरे सीमाएँ तय करना और बच्चों के साथ खुला संवाद बनाए रखना अधिक प्रभावी होता है। कोटा, जो पहले से कोचिंग के दबाव में छात्र-आत्महत्याओं के लिए चर्चा में रहता है, इस घटना से एक बार फिर सुर्खियों में है।
यदि आप या आपका कोई परिचित मानसिक संकट में है, तो iCall हेल्पलाइन नंबर 9152987821 पर संपर्क करें।