लाचित बरफुकन पुलिस अकादमी राष्ट्रीय ट्रेनिंग हब बनी, CM सरमा ने DSP पासिंग-आउट परेड में की शिरकत
सारांश
मुख्य बातें
असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने बुधवार, 2 सितंबर को कहा कि गोलाघाट जिले के डेरगांव में स्थित लाचित बरफुकन पुलिस अकादमी अब एक राष्ट्रीय स्तर के पुलिस प्रशिक्षण केंद्र के रूप में स्थापित हो चुकी है, जहाँ असम के अलावा मणिपुर और गोवा सहित कई राज्यों के पुलिसकर्मी विशेष प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे हैं। मुख्यमंत्री ने यह बात अकादमी में नए प्रशिक्षित डिप्टी सुपरिटेंडेंट ऑफ पुलिस (DSP) और असम पुलिस कम्युनिकेशन कर्मियों की पासिंग-आउट परेड में शामिल होने के बाद कही।
मुख्य घटनाक्रम
पासिंग-आउट परेड के साथ DSP और असम पुलिस कम्युनिकेशन कर्मियों के एक नए बैच का प्रशिक्षण सफलतापूर्वक सम्पन्न हुआ। मुख्यमंत्री सरमा ने प्रशिक्षुओं के अनुशासन और प्रदर्शन की सराहना करते हुए कहा, 'मुझे पासिंग-आउट परेड देखने का मौका मिला और मैं कर्मियों के प्रदर्शन से बहुत प्रभावित हुआ।' यह आयोजन ऐसे समय में हुआ है जब अकादमी अपनी भूमिका का विस्तार करते हुए अन्य राज्यों के अधिकारियों को भी प्रशिक्षण दे रही है।
राष्ट्रीय प्रशिक्षण केंद्र के रूप में उभरती भूमिका
डेरगांव स्थित इस अकादमी में अब केवल असम के पुलिसकर्मी ही नहीं, बल्कि मणिपुर और गोवा जैसे राज्यों के कर्मचारी भी पाठ्यक्रमों में भाग ले रहे हैं। यह ऐसे समय में उल्लेखनीय है जब देश भर में विशेष पुलिस प्रशिक्षण अवसंरचना की माँग तेज़ी से बढ़ रही है। गौरतलब है कि अकादमी का नाम लाचित बरफुकन के नाम पर रखा गया है, जो असम के महान अहोम सेनापति थे और जिनकी विरासत राज्य की सांस्कृतिक पहचान का अभिन्न हिस्सा है।
SP सम्मेलन की मेज़बानी
मुख्यमंत्री ने बताया कि अकादमी अगले दो दिनों तक सुपरिटेंडेंट ऑफ पुलिस (SP) के राज्य-स्तरीय सम्मेलन की मेज़बानी करेगी। इसमें पूरे असम से वरिष्ठ पुलिस अधिकारी एकत्रित होंगे और कानून-व्यवस्था से जुड़े अहम मुद्दों पर विचार-विमर्श करेंगे। सरमा ने स्पष्ट किया कि वे स्वयं सम्मेलन के दौरान अकादमी परिसर में ही उपस्थित रहेंगे।
चर्चा के प्रमुख विषय
मुख्यमंत्री के अनुसार, SP सम्मेलन में पुलिसिंग और जन-सुरक्षा से जुड़े कई विषयों पर केंद्रित चर्चा होगी। इनमें विशेष रूप से महिलाओं और बच्चों के विरुद्ध अपराध तथा नशीले पदार्थों की तस्करी के खिलाफ अभियान को और प्रभावी बनाने के उपाय शामिल हैं। इन चर्चाओं का उद्देश्य मौजूदा पुलिसिंग रणनीतियों का आकलन करना और असम के समग्र सुरक्षा ढाँचे को मज़बूती देना है।
आगे की राह
वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों का यह दो दिवसीय सम्मेलन राज्य की परिचालन प्राथमिकताओं को नई दिशा देने का अवसर होगा। मुख्यमंत्री सरमा की व्यक्तिगत उपस्थिति इस बात का संकेत है कि राज्य सरकार पुलिस सुधार और प्रशिक्षण को उच्च प्राथमिकता दे रही है। लाचित बरफुकन पुलिस अकादमी का राष्ट्रीय स्तर पर बढ़ता कद असम को पुलिस प्रशिक्षण के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण केंद्र के रूप में स्थापित कर सकता है।