शहरों में लघु उद्योगों को नई दिशा, मंत्री एके शर्मा ने अधिकारियों को दी सख्त हिदायत
सारांश
Key Takeaways
- लघु उद्योगों का विकास नगरीय अर्थव्यवस्था के लिए महत्वपूर्ण है।
- सरकार ने आधारभूत सुविधाओं और सरल प्रक्रियाओं पर ध्यान केंद्रित किया है।
- स्थानीय रोजगार के अवसर बढ़ाने की दिशा में यह एक महत्वपूर्ण कदम है।
लखनऊ, 21 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। उत्तर प्रदेश सरकार नगरीय अर्थव्यवस्था को सशक्त करने और रोजगार उत्पन्न करने के लिए शहरों में लघु उद्योगों के विकास पर ध्यान केंद्रित कर रही है। इस दिशा में, नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री एके शर्मा ने अधिकारियों के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक की।
लखनऊ स्थित संगम सभागार में आयोजित इस बैठक में नगर विकास विभाग और लघु उद्योग भारती के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ विस्तार से चर्चा की गई।
बैठक के दौरान मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 'आत्मनिर्भर भारत' के लक्ष्य को आगे बढ़ाने के लिए नगरीय क्षेत्रों में लघु उद्योगों का सशक्त होना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने बताया कि छोटे उद्योगों के विकास से न केवल स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी, बल्कि युवाओं के लिए रोजगार के बड़े अवसर भी उत्पन्न होंगे।
मंत्री ने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि नगरीय निकायों में उपलब्ध संसाधनों का प्रभावी उपयोग करते हुए लघु उद्योगों के लिए अनुकूल माहौल तैयार किया जाए। उन्होंने कहा कि आधारभूत सुविधाएं, निर्बाध विद्युत आपूर्ति, स्वच्छता व्यवस्था और सरल लाइसेंसिंग व कर प्रक्रिया उद्योगों के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगी।
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि लघु उद्योग प्रदेश की अर्थव्यवस्था की रीढ़ हैं और इनके सुदृढ़ीकरण से ही आत्मनिर्भर भारत का लक्ष्य प्राप्त किया जा सकता है। सरकार इस दिशा में निरंतर ठोस कदम उठा रही है, ताकि नगरीय क्षेत्रों में आर्थिक गतिविधियों को नई गति मिले और विकास का लाभ समाज के हर वर्ग तक पहुंचे।