एलपीजी संकट पर भाजपा का बयान, विपक्ष ने उठाए गंभीर सवाल
सारांश
Key Takeaways
- एलपीजी संकट पर भाजपा और विपक्ष के बीच तीखी बहस।
- सरकार ने किल्लत को नकारा है।
- विपक्ष ने जनता की कठिनाइयों को उठाया है।
नई दिल्ली, १३ मार्च (राष्ट्र प्रेस)। एलपीजी संकट के मामले में विपक्ष ने केंद्र सरकार के खिलाफ आवाज उठाई है, जबकि सरकार ने यह स्पष्ट किया है कि एलपीजी की कोई किल्लत नहीं है। विपक्ष का तर्क है कि यदि किल्लत नहीं है, तो लोगों को लंबी-लंबी लाइनों में क्यों खड़ा होना पड़ रहा है।
भाजपा सांसद मदन राठौर ने कहा कि सरकार ने स्थिति को स्पष्ट कर दिया है और प्रधानमंत्री ने जनता को भरोसा दिलाया है कि हमारे पास पर्याप्त भंडार है। चाहे वह पेट्रोल, डीजल या गैस हो, उत्पादन भी बढ़ा है, फिर भी विपक्ष अनावश्यक हंगामा कर रहा है। यह सब केवल नाटक करने के इरादे से है। जनता विपक्ष के असली चेहरे को जानती है और वे प्रधानमंत्री मोदी पर विश्वास करती हैं।
भाजपा सांसद तेजस्वी सूर्या ने इस पर टिप्पणी करते हुए कहा कि जब भी देश किसी संकट का सामना करता है, तो राहुल गांधी और विपक्ष राजनीतिक लाभ के लिए घबराहट पैदा करने की कोशिश करते हैं। यह एक अविवेकी तरीका है।
सपा सांसद इकरा चौधरी ने कहा कि सरकार जो भी कह रही है, हमें असली मुद्दों को उठाना चाहिए। वर्तमान संकट पर सरकार को जनता को जवाब देना चाहिए।
कांग्रेस सांसद तारिक अनवर ने आरोप लगाया कि सरकार हर मुद्दे पर झूठ बोलती है, और इस मामले में भी उन्हें जमीनी हकीकत को समझना होगा। गृहिणियों को समस्या हो रही है और यदि कोई समस्या नहीं है, तो लंबी लाइनों का क्या कारण है?
कांग्रेस सांसद इमरान प्रतापगढ़ी ने कहा कि सरकार को यह समझना चाहिए कि वर्तमान संकट से कैसे निपटा जाए।