एनडीए सांसदों ने एलपीजी संकट को बताया अफवाह, लोगों से की धैर्य रखने की अपील
सारांश
Key Takeaways
- एनडीए सांसदों ने एलपीजी की कमी को अफवाह बताया।
- सरकार स्थिति पर नजर रख रही है।
- जनता को अफवाहों से बचने की सलाह दी गई।
- महिला सशक्तीकरण प्राथमिकता में है।
- संसद में स्वस्थ चर्चा की उम्मीद जताई गई।
नई दिल्ली, 11 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। देश में एलपीजी सिलेंडर की कमी को लेकर संसद में लगातार हंगामा हो रहा है। हालांकि, एनडीए के सांसद इसे महज एक अफवाह मानते हैं। उनका कहना है कि देश में एलपीजी की कोई कमी नहीं है और कुछ लोग जानबूझकर अफवाहें फैला रहे हैं।
जेडीयू के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष संजय कुमार झा ने संवाददाताओं से बातचीत के दौरान स्पष्ट किया कि देश में गैस की स्थिति सामान्य है और सरकार इस पर ध्यान दे रही है।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस मुद्दे की समीक्षा की है और सरकार ने स्पष्ट किया है कि एलपीजी की आपूर्ति में कोई बाधा नहीं है। उन्होंने जनता से अपील की कि उन्हें अफवाहों से बचना चाहिए और अनावश्यक रूप से सिलेंडर की जमाखोरी नहीं करनी चाहिए।
उन्होंने बताया कि कुछ लोग माहौल को खराब करने के लिए अफवाहें फैला रहे हैं, लेकिन सरकार पूरी तरह से सतर्क है और स्थिति नियंत्रण में है।
इधर, संसद में अन्य मुद्दों पर भी राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। भाजपा सांसद शशांक मणि ने सदन की कार्यवाही पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि हाल ही में हुई चर्चा में सभी सांसदों को अपनी बात रखने का मौका मिला।
उन्होंने कहा कि लोकतंत्र की असली भावना तभी प्रकट होती है जब सदन सुचारु रूप से चलता है और सभी पक्ष अपनी राय साझा करते हैं। उन्हें उम्मीद है कि आगे भी सदन में स्वस्थ चर्चा होती रहेगी।
भाजपा सांसद दर्शन सिंह चौधरी ने अंतरराष्ट्रीय परिस्थितियों पर चिंता जताते हुए कहा कि भले ही वैश्विक स्थिति चुनौतीपूर्ण हो, लेकिन प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार जनता के हित में लगातार कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि सरकार हर स्थिति में नागरिकों के हितों को प्राथमिकता दे रही है।
वहीं, भाजपा सांसद मनन कुमार मिश्रा ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए कहा कि उनकी आदत है कि वे किसी मुद्दे पर प्रस्ताव रखते हैं, लेकिन चर्चा के समय सदन में उपस्थित नहीं रहते। उन्होंने आरोप लगाया कि उनका उद्देश्य संसद का समय बर्बाद करना है।
भाजपा सांसद निशिकांत दुबे ने महाराष्ट्र की राजनीति का उल्लेख करते हुए शिवसेना और ठाकरे परिवार पर टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि शिवसेना की असली ताकत बाला साहब ठाकरे की विचारधारा है और उसी मार्ग पर चलते हुए एकनाथ शिंदे हिंदुत्व की राजनीति को आगे बढ़ा रहे हैं।
इसके अतिरिक्त, भाजपा सांसद दिनेश शर्मा ने महिला सशक्तीकरण को केंद्र सरकार की प्राथमिकताओं में से एक बताया। उन्होंने कहा कि संसदीय व्यवस्था में महिला आरक्षण जैसे कदमों से महिलाओं की राजनीतिक भागीदारी बढ़ेगी। सरकार महिलाओं को सशक्त बनाने के लिए निरंतर प्रयास कर रही है।