लखनऊ अग्निकांड: उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने 25 जून को जन्मदिन न मनाने का ऐलान किया, 15 बच्चों की मौत पर जताया शोक
सारांश
मुख्य बातें
उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने 24 जून को घोषणा की कि वे 25 जून को अपना जन्मदिन नहीं मनाएंगे। यह निर्णय लखनऊ के अलीगंज क्षेत्र में एक बहुमंजिला इमारत में हुए भीषण अग्निकांड की पृष्ठभूमि में आया है, जिसमें 15 मासूम बच्चों की जान चली गई और 5 अन्य घायल हो गए। पाठक ने कहा कि जब इतने परिवारों के घरों के चिराग बुझ गए हों, तब व्यक्तिगत उत्सव मनाना उचित नहीं है।
उपमुख्यमंत्री का भावुक संदेश
उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने अपने एक्स (पूर्व में ट्विटर) अकाउंट पर लिखा कि लखनऊ के कोचिंग सेंटर में हुए इस भीषण अग्निकांड ने मन को भीतर तक उद्वेलित और व्यथित कर दिया है। उन्होंने लिखा, 'जब कई परिवारों के घरों के चिराग बुझ गए हों, तब अपने जन्मदिन का उत्सव मनाना उचित प्रतीत नहीं होता।'
पाठक ने यह दिन दिवंगत बच्चों की पावन स्मृति और उनके शोकाकुल परिजनों के प्रति श्रद्धांजलि को समर्पित करने का संकल्प लिया। उन्होंने ईश्वर से प्रार्थना की कि वे दिवंगत बच्चों को अपने श्रीचरणों में स्थान दें, शोकसंतप्त परिवारों को दुःख सहन करने की शक्ति दें और घायलों को शीघ्र स्वास्थ्य लाभ प्रदान करें।
हादसे का विवरण
लखनऊ के अलीगंज क्षेत्र में स्थित एक बहुमंजिला इमारत में भड़की आग ने पूरे प्रदेश को झकझोर दिया। प्रारंभिक जांच के अनुसार इमारत के भूतल पर एक पेट शॉप संचालित थी, जबकि ऊपरी मंजिल पर गेमिंग जोन चल रहा था। आग लगने के सटीक कारणों की विस्तृत जांच जारी है।
हादसे में 15 बच्चों की दर्दनाक मौत हो गई, जबकि 5 अन्य बच्चे घायल हैं और विभिन्न अस्पतालों में उनका उपचार चल रहा है।
एसआईटी जांच और सरकारी कार्रवाई
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर गठित विशेष जांच दल (एसआईटी) ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और अस्पताल पहुंचकर घायलों तथा उनके परिजनों से बातचीत की। जांच एजेंसियां सुरक्षा मानकों, भवन की वैधता और संभावित लापरवाही सहित सभी पहलुओं की गहनता से पड़ताल कर रही हैं।
गौरतलब है कि यह हादसा ऐसे समय में आया है जब देशभर में कोचिंग सेंटरों और व्यावसायिक इमारतों में अग्नि सुरक्षा मानकों की अनदेखी को लेकर गंभीर सवाल उठते रहे हैं।
आम जनता और राजनीतिक प्रतिक्रिया
इस दुखद घटना ने पूरे उत्तर प्रदेश में शोक की लहर पैदा कर दी है। उपमुख्यमंत्री पाठक की जन्मदिन न मनाने की घोषणा को संवेदनशील राजनीतिक कदम के रूप में देखा जा रहा है। विभिन्न राजनीतिक दलों और नागरिक समाज ने भी पीड़ित परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की है।
आगे की राह
एसआईटी की जांच रिपोर्ट आने के बाद जिम्मेदारी तय होने की उम्मीद है। विशेषज्ञों का मानना है कि इस हादसे के बाद प्रदेश में कोचिंग सेंटरों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों के अग्नि सुरक्षा ऑडिट को अनिवार्य किए जाने की माँग और तेज होगी।