मणिपुर: राज्यपाल अजय कुमार भल्ला और मुख्यमंत्री ने 'गवर्नर यूनिट सिटेशन 2026' में सुरक्षा बलों की सराहना की
सारांश
मुख्य बातें
मणिपुर के राज्यपाल अजय कुमार भल्ला ने 6 मई 2026 को इंफाल में आयोजित 'गवर्नर यूनिट सिटेशन 2026' समारोह में कहा कि वास्तविक शक्ति का अर्थ बल का समझदारी और संयमित उपयोग है। उन्होंने कहा कि सुरक्षा बलों के अनुशासित व्यवहार ने राज्य में जनता का विश्वास मजबूत किया है। मुख्यमंत्री युमनाम खेमचंद सिंह ने भी इस अवसर पर केंद्रीय और राज्य सुरक्षा बलों की भूमिका की भरपूर सराहना की।
समारोह का आयोजन और उद्देश्य
यह सम्मान समारोह इंफाल स्थित मणिपुर स्टेट फिल्म डेवलपमेंट सोसायटी में आयोजित किया गया। राज्यपाल भल्ला ने इस कार्यक्रम को महज एक औपचारिक आयोजन नहीं, बल्कि कृतज्ञता और सम्मान का क्षण बताया। समारोह में सेना, असम राइफल्स, केंद्रीय रिज़र्व पुलिस बल (सीआरपीएफ), सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ), बीआरटीएफ और मणिपुर पुलिस की कई इकाइयों को उत्कृष्ट सेवा के लिए 'गवर्नर यूनिट सिटेशन 2026' से नवाज़ा गया।
राज्यपाल का संबोधन
राज्यपाल भल्ला ने सशस्त्र बलों और सुरक्षा कर्मियों के साहस, समर्पण और सेवा की प्रशंसा करते हुए कहा कि पिछले कुछ वर्षों में मणिपुर की चुनौतीपूर्ण स्थिति के दौरान सुरक्षा बल मजबूत स्तंभ की तरह खड़े रहे। उन्होंने कहा कि इन बलों के प्रयासों से कानून-व्यवस्था बनाए रखने और आम जनता में सुरक्षा की भावना लौटाने में अहम मदद मिली है। भल्ला ने यह भी कहा कि 'गवर्नर यूनिट सिटेशन' सामूहिक उत्कृष्टता, टीम वर्क, अनुशासन और कर्तव्यनिष्ठा को मान्यता देने का माध्यम है।
राज्यपाल ने सुरक्षा बलों के परिवारों के त्याग और समर्थन की भी सराहना की और सुरक्षा बलों तथा नागरिक प्रशासन के बीच बेहतर समन्वय की आवश्यकता पर बल दिया।
मुख्यमंत्री की प्रतिक्रिया
मुख्यमंत्री युमनाम खेमचंद सिंह ने केंद्रीय और राज्य सुरक्षा बलों की सराहना करते हुए कहा कि उन्होंने विभिन्न समुदायों के लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करने और मानवतावादी सहायता पहुँचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। उन्होंने यह भी कहा कि राज्य सरकार शांति और सद्भाव को मजबूत करने के लिए जनता के सहयोग पर भी निर्भर है। गौरतलब है कि मणिपुर में 2023 से जातीय हिंसा के बाद से शांति बहाली एक प्रमुख प्राथमिकता बनी हुई है।
आम जनता पर असर
यह ऐसे समय में आया है जब मणिपुर में सामान्य स्थिति की बहाली की दिशा में क्रमिक प्रगति दर्ज की जा रही है। सुरक्षा बलों की सक्रिय उपस्थिति और नागरिक प्रशासन के साथ समन्वय ने आम नागरिकों में विश्वास बहाल करने में योगदान दिया है। समारोह में सांसद, विधायक और वरिष्ठ प्रशासनिक, सैन्य तथा पुलिस अधिकारी उपस्थित रहे।
आगे की राह
राज्यपाल और मुख्यमंत्री दोनों ने संकेत दिया कि सुरक्षा बलों और नागरिक प्रशासन के बीच समन्वय को और अधिक सुदृढ़ किया जाएगा। मणिपुर में स्थायी शांति के लिए सरकार जनभागीदारी को भी आवश्यक मानती है और आने वाले समय में इस दिशा में ठोस कदम उठाए जाने की उम्मीद है।