नीट पेपर लीक: शुभम खैरनार की सीबीआई कस्टडी 5 दिन बढ़ी, 5 अन्य आरोपी 2 जून तक न्यायिक हिरासत में

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नीट पेपर लीक: शुभम खैरनार की सीबीआई कस्टडी 5 दिन बढ़ी, 5 अन्य आरोपी 2 जून तक न्यायिक हिरासत में

सारांश

नीट यूजी पेपर लीक मामले में CBI की पकड़ और मजबूत हुई — राऊज एवेन्यू कोर्ट ने मुख्य आरोपी शुभम खैरनार की कस्टडी 5 दिन और बढ़ाई, जबकि 5 अन्य आरोपी 2 जून तक न्यायिक हिरासत में। महाराष्ट्र, राजस्थान और हरियाणा तक फैले इस नेटवर्क को उखाड़ने की जांच जारी है।

मुख्य बातें

राऊज एवेन्यू कोर्ट ने 20 मई को मुख्य आरोपी शुभम खैरनार की CBI कस्टडी 5 दिन और बढ़ाई।
मांगीलाल बिवाल, विकास बिवाल, दिनेश बिवाल, यश यादव और धनंजय लोखंडे को 2 जून 2026 तक न्यायिक हिरासत में भेजा गया।
CBI ने इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों की जांच और महाराष्ट्र में बरामदगी के लिए कस्टडी विस्तार की मांग की थी।
आरोपी महाराष्ट्र, राजस्थान और हरियाणा से गिरफ्तार किए गए हैं।
बचाव पक्ष ने 7 दिनों की पूछताछ के नतीजों का खुलासा करने की मांग की, जिसे अदालत ने अस्वीकार किया।

नीट यूजी पेपर लीक मामले में दिल्ली की राऊज एवेन्यू कोर्ट ने 20 मई को मुख्य आरोपी शुभम खैरनार की केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) कस्टडी 5 दिनों के लिए बढ़ा दी, जबकि मामले के बाकी 5 आरोपियों को 2 जून 2026 तक न्यायिक हिरासत में भेजने का आदेश दिया। महाराष्ट्र, राजस्थान और हरियाणा से गिरफ्तार इन आरोपियों को CBI ने कोर्ट में पेश किया, जिससे देशव्यापी चर्चा में रहे इस हाई-प्रोफाइल मामले की जांच और गहरी होती दिख रही है।

कोर्ट में पेश किए गए आरोपी

CBI ने कुल 6 आरोपियों को राऊज एवेन्यू कोर्ट के समक्ष प्रस्तुत किया। इनमें नासिक निवासी शुभम खैरनार, जयपुर के मांगीलाल बिवाल, विकास बिवाल और दिनेश बिवाल, गुरुग्राम के यश यादव तथा महाराष्ट्र के अहिल्या नगर निवासी धनंजय लोखंडे शामिल हैं। ये सभी पेपर लीक और परीक्षा में धांधली के आरोपों में गिरफ्तार किए गए हैं।

CBI ने कस्टडी बढ़ाने के लिए क्या दलीलें दीं

जांच एजेंसी ने अदालत को बताया कि हाल ही में गिरफ्तार किए गए अन्य आरोपियों के साथ शुभम खैरनार का आमना-सामना कराना जांच के लिए जरूरी है। CBI ने इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों के संदर्भ में आगे पूछताछ की आवश्यकता भी बताई। इसके अतिरिक्त एजेंसी ने अदालत को सूचित किया कि मामले में और बरामदगी होनी है तथा जांच के सिलसिले में खैरनार को महाराष्ट्र ले जाना होगा।

बचाव पक्ष की आपत्ति

शुभम खैरनार के अधिवक्ता ने CBI की कस्टडी विस्तार की मांग का विरोध किया। बचाव पक्ष ने अदालत के समक्ष तर्क दिया कि 7 दिनों की पूछताछ के दौरान CBI को क्या हासिल हुआ, इसका स्पष्ट खुलासा एजेंसी को कोर्ट के सामने करना चाहिए। अदालत ने बचाव पक्ष की आपत्ति के बावजूद CBI की अर्जी स्वीकार कर ली।

मामले का व्यापक संदर्भ

नीट यूजी पेपर लीक प्रकरण देशभर के लाखों मेडिकल अभ्यर्थियों को प्रभावित करने वाला मामला है। गौरतलब है कि यह ऐसे समय में आया है जब देश की सबसे बड़ी मेडिकल प्रवेश परीक्षा की विश्वसनीयता पहले से ही सवालों के घेरे में है। लगातार हो रही गिरफ्तारियों के साथ CBI अब उस पूरे नेटवर्क तक पहुंचने का प्रयास कर रही है जिसने कथित तौर पर प्रश्नपत्र लीक कराने में भूमिका निभाई।

आगे क्या होगा

शुभम खैरनार को महाराष्ट्र ले जाकर आगे की पूछताछ और बरामदगी की प्रक्रिया पूरी की जाएगी। बाकी 5 आरोपी — मांगीलाल बिवाल, विकास बिवाल, दिनेश बिवाल, यश यादव और धनंजय लोखंडे2 जून 2026 तक न्यायिक हिरासत में रहेंगे। जांच के दायरे में और लोगों के शामिल होने की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता।

संपादकीय दृष्टिकोण

लाखों ईमानदार अभ्यर्थियों का भरोसा बहाल करना मुश्किल रहेगा।
RashtraPress
20 मई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

नीट यूजी पेपर लीक मामले में शुभम खैरनार कौन है?
शुभम खैरनार महाराष्ट्र के नासिक निवासी हैं और नीट यूजी पेपर लीक मामले में मुख्य आरोपी माने जा रहे हैं। CBI ने उनकी कस्टडी 20 मई को 5 दिनों के लिए और बढ़ाई है।
राऊज एवेन्यू कोर्ट ने नीट लीक आरोपियों के बारे में क्या फैसला दिया?
कोर्ट ने शुभम खैरनार की CBI कस्टडी 5 दिन बढ़ाई और बाकी 5 आरोपियों — मांगीलाल बिवाल, विकास बिवाल, दिनेश बिवाल, यश यादव और धनंजय लोखंडे — को 2 जून 2026 तक न्यायिक हिरासत में भेजने का आदेश दिया।
CBI ने शुभम खैरनार की कस्टडी बढ़ाने की मांग क्यों की?
CBI ने बताया कि नए गिरफ्तार आरोपियों से खैरनार का आमना-सामना कराना जरूरी है, इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों पर पूछताछ बाकी है और महाराष्ट्र में बरामदगी के लिए उन्हें वहाँ ले जाना होगा।
नीट यूजी पेपर लीक मामले में अब तक कितने और कहाँ से आरोपी गिरफ्तार हुए हैं?
अब तक 6 आरोपी गिरफ्तार किए जा चुके हैं जो महाराष्ट्र, राजस्थान और हरियाणा से हैं। CBI अभी भी पूरे नेटवर्क तक पहुँचने की कोशिश कर रही है।
नीट पेपर लीक मामले में आगे क्या होगा?
शुभम खैरनार को महाराष्ट्र ले जाकर आगे की पूछताछ और बरामदगी की जाएगी। बाकी 5 आरोपी 2 जून 2026 तक न्यायिक हिरासत में रहेंगे और जांच का दायरा और बढ़ने की संभावना है।
राष्ट्र प्रेस
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