नोएडा में दो फर्जी कॉल सेंटर ध्वस्त, चार साइबर ठग गिरफ्तार; इंडिगो के नाम पर नौकरी का झाँसा
सारांश
मुख्य बातें
गौतमबुद्ध नगर पुलिस ने 17 जुलाई 2025 को नोएडा के सेक्टर-6 और सेक्टर-2 में संचालित दो फर्जी कॉल सेंटरों का भंडाफोड़ करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार किया। 'ऑपरेशन सीवाई - वज्र' के तहत की गई इस कार्रवाई में पुलिस ने बीमा पॉलिसी, सस्ते लोन, क्रेडिट कार्ड और इंडिगो एयरलाइंस इंडिया में नौकरी दिलाने के नाम पर ठगी करने वाले गिरोहों को पकड़ा।
ऑपरेशन की पृष्ठभूमि और जाँच प्रक्रिया
पुलिस के अनुसार, थाना फेस-1 की टीम ने मैनुअल इंटेलिजेंस और इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस की मदद से यह कार्रवाई अंजाम दी। जाँच के दौरान करीब 2,500 मोबाइल नंबरों और राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल (NCRP) पर दर्ज शिकायतों का विश्लेषण किया गया। इसके अलावा थाना स्तर पर चिन्हित 159 संदिग्ध बैंक खातों और 19 रेड जोन की निगरानी भी की जा रही थी।
सेक्टर-6 का कॉल सेंटर: लोन और बीमा का झाँसा
पहले फर्जी कॉल सेंटर का संचालन सेक्टर-6 से आरोपी तनुज कुमार गोयल और पंकज करते थे। ये दोनों लोगों को कम ब्याज पर ऋण, बंद एलआईसी पॉलिसी की रकम वापस दिलाने, बीमा पॉलिसी मैच्योर कराने और क्रेडिट कार्ड उपलब्ध कराने का झाँसा देकर ठगी करते थे। ठगी की रकम परिचितों के बैंक खातों में ट्रांसफर कराई जाती थी और उनके एटीएम कार्ड आरोपी अपने पास रखते थे। पुलिस ने इनके पास से एक लैपटॉप, चार मोबाइल फोन, 17 एटीएम कार्ड और एक चेकबुक बरामद की।
सेक्टर-2 का कॉल सेंटर: फर्जी नौकरी ऑफर का जाल
दूसरा फर्जी कॉल सेंटर सेक्टर-2 से आरोपी मोहित कुमार और आदेश यादव चला रहे थे। ये नौकरी की तलाश में लगे लोगों का डेटा विभिन्न वेबसाइटों से जुटाते थे, फिर खुद को इंडिगो एयरलाइंस इंडिया का प्रतिनिधि बताकर कॉल करते और फर्जी जॉब ऑफर लेटर भेजकर रजिस्ट्रेशन व प्रोसेसिंग फीस के नाम पर हजारों रुपये ठग लेते थे। पुलिस ने यहाँ से दो कंप्यूटर, आठ मोबाइल फोन, एक पेन ड्राइव और पाँच सिम कार्ड जब्त किए। आरोपी ठगी के बाद इस्तेमाल किए गए सिम कार्ड नष्ट कर देते थे और दूसरे लोगों के नाम पर नई सिम लेकर अपराध को अंजाम देते थे।
NCRP पर 25 से अधिक शिकायतें
जाँच में सामने आया है कि इन दोनों गिरोहों के खिलाफ NCRP पोर्टल पर विभिन्न राज्यों से 25 से अधिक साइबर शिकायतें दर्ज हैं। अकेले नौकरी दिलाने वाले गिरोह के खिलाफ 15 से अधिक शिकायतें पंजीकृत मिली हैं। गौरतलब है कि दोनों कॉल सेंटरों को सील कर दिया गया है और सभी डिजिटल उपकरण जब्त कर फोरेंसिक जाँच के लिए भेजे जा रहे हैं।
कानूनी कार्रवाई और पुलिस की अपील
चारों आरोपियों के खिलाफ थाना फेस-1 में भारतीय न्याय संहिता (BNS) और आईटी एक्ट की संबंधित धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। नोएडा पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि अनजान कॉल पर किसी भी नौकरी, लोन, बीमा पॉलिसी या क्रेडिट कार्ड के नाम पर कोई रकम न चुकाएँ। किसी भी संदिग्ध साइबर ठगी की सूचना तुरंत राष्ट्रीय साइबर अपराध हेल्पलाइन 1930 या NCRP पोर्टल पर दर्ज कराएँ।