पाटलिपुत्र स्टेशन हिंसा पर पप्पू यादव बोले — 'लोगों का आक्रोश बढ़ता जा रहा है, पर तोड़फोड़ से बचें'
सारांश
मुख्य बातें
पूर्णिया से सांसद पप्पू यादव ने 14 जून को पाटलिपुत्र रेलवे स्टेशन पर परीक्षार्थियों द्वारा की गई तोड़फोड़ की घटना पर तीखी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि युवाओं में बढ़ता आक्रोश स्वाभाविक है, लेकिन सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुँचाना उचित नहीं।
मुख्य घटनाक्रम
रविवार को पाटलिपुत्र स्टेशन पर परीक्षा देने जा रहे अभ्यर्थियों ने जमकर हंगामा किया। रेल पुलिस ने 6 लोगों को गिरफ्तार किया और लगभग 500 अज्ञात लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई। इस झड़प में आईजी जितेंद्र राणा और रूपसपुर एसएचओ सहित कई पुलिसकर्मी घायल हो गए।
पप्पू यादव की प्रतिक्रिया
सांसद पप्पू यादव ने कहा, 'गाँव से लेकर शहर तक की जनता की सारी उम्मीदें टूट गई हैं। बच्चों के लिए चारों तरफ से रास्ते बंद होते जा रहे हैं। अब लोगों की उम्मीद, सपने और विश्वास — सब कुछ खत्म हो गया है।' उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि जनता के पैसे से बनी ट्रेनों और रेलवे संपत्ति को नुकसान पहुँचाने से बचना चाहिए।
यादव ने आगे कहा कि यदि तैयारी के बाद भी छात्र समय पर परीक्षा केंद्र नहीं पहुँच पाते, तो सरकार को उनके लिए वैकल्पिक व्यवस्था सुनिश्चित करनी चाहिए। उनके अनुसार, 'पूरे देश में केवल धार्मिक स्थल सुरक्षित हैं — बच्चे, किसान, महिलाएँ और गरीब नहीं।'
कोलकाता गोदाम अग्निकांड पर भी बोले
कोलकाता के एक गोदाम में लगी आग के मामले पर भी यादव ने टिप्पणी की। उन्होंने आरोप लगाया कि यह आग सबूत मिटाने के लिए लगाई गई और पश्चिम बंगाल में लोकतांत्रिक मूल्यों को ध्वस्त किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि वहाँ के हालिया चुनाव को उन्होंने 'जबरदस्ती जीता गया' बताया। गौरतलब है कि ये आरोप उनके अपने राजनीतिक दृष्टिकोण से लगाए गए हैं और इनकी स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
आम जनता पर असर
यह घटना ऐसे समय में सामने आई है जब देशभर में प्रतियोगी परीक्षाओं की प्रक्रिया और उनकी पारदर्शिता को लेकर छात्रों में असंतोष बढ़ रहा है। पटना में यह घटना परीक्षार्थियों की बढ़ती निराशा का एक और संकेत मानी जा रही है।
क्या होगा आगे
रेल पुलिस द्वारा दर्ज प्राथमिकी की जाँच जारी है। सांसद यादव ने सरकार से छात्रों के भविष्य की सुरक्षा के लिए ठोस कदम उठाने की माँग की है। यह देखना होगा कि बिहार सरकार और रेलवे प्रशासन इस मामले में क्या कार्रवाई करते हैं।