पाटलिपुत्र स्टेशन पत्थरबाजी पर जेडीयू नेता नीरज कुमार का कड़ा बयान — 'छात्रों की आड़ में उपद्रव अक्षम्य'
सारांश
मुख्य बातें
पटना के पाटलिपुत्र रेलवे स्टेशन पर 14 जून को उस समय हंगामा और पत्थरबाजी हुई जब मद्य निषेध सिपाही भर्ती परीक्षा में शामिल होने जा रहे छात्रों की ट्रेन लेट हो गई। इस घटना के बाद बिहार की राजनीति तेज़ हो गई है और जनता दल (यूनाइटेड) [JDU] के मुख्य प्रवक्ता नीरज कुमार ने स्पष्ट किया कि यदि यह उपद्रव छात्रों के नाम पर किया गया है तो यह 'पूरी तरह अक्षम्य अपराध' है।
पाटलिपुत्र स्टेशन पर क्या हुआ
भर्ती परीक्षा के अभ्यर्थियों की ट्रेन विलंबित होने के बाद स्टेशन परिसर में भीड़ ने जमकर पत्थरबाजी की। नीरज कुमार ने कहा, 'पाटलिपुत्र स्टेशन का परीक्षा से कोई लेना-देना नहीं है। अगर परीक्षा केंद्र को लेकर कोई विवाद होता तो बात समझ में आती, लेकिन अगर उपद्रवियों ने छात्रों के नाम पर ऐसी घटना को अंजाम दिया है, तो यह पूरी तरह से अक्षम्य अपराध है। ऐसे मामले में बिना किसी राजनीतिक हस्तक्षेप के सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।'
यह घटना ऐसे समय में आई है जब बिहार में भर्ती परीक्षाओं को लेकर छात्रों में पहले से असंतोष देखा जाता रहा है। JDU का यह रुख संकेत देता है कि सरकार इस मामले में किसी भी दबाव में आए बिना कड़ी कार्रवाई करेगी।
तृणमूल कांग्रेस में फूट पर JDU की प्रतिक्रिया
पश्चिम बंगाल में तृणमूल कांग्रेस (TMC) के सांसदों और विधायकों के बागी तेवरों पर नीरज कुमार ने कहा कि यह एक स्वाभाविक राजनीतिक प्रक्रिया है। उन्होंने कहा, 'एक तरफ ममता बनर्जी और अभिषेक बनर्जी, राहुल गांधी से मिल रहे हैं, तो दूसरी तरफ उनकी पार्टी के कुछ सांसद राज्य के मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी से मिलने जा रहे हैं। कौन हारेगा और कौन जीतेगा, यह आने वाले दिनों में आंकड़ों से तय होगा।'
नीरज कुमार ने यह भी कहा कि सायोनी घोष को दल नेतृत्व के प्रति नाराज़गी ज़ाहिर करने के बाद युवा संगठन के अध्यक्ष पद से हटाया गया — और ममता बनर्जी को यह स्पष्ट करना चाहिए कि उन्हें पद देने और हटाने के पीछे क्या कारण थे।
राबड़ी देवी के सरकारी बंगले पर विवाद
पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी को सरकारी आवास खाली करने के लिए दिए गए 15 दिन के अल्टीमेटम की समयसीमा समाप्त होने पर नीरज कुमार ने कहा कि नोटिस पहले ही भेजा जा चुका है। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय जनता दल (RJD) का कहना है कि वे घर खाली नहीं करेंगे, लेकिन 'कानून सभी के लिए समान है।'
उन्होंने उल्लेख किया कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने मुख्यमंत्री पद छोड़ने के 15 दिनों के भीतर 1 अन्ने मार्ग स्थित सरकारी आवास खाली कर दिया था। उनके अनुसार अब यह देखना बाकी है कि कानून महत्वपूर्ण है या जिद — खासकर तब जब उस बंगले में दो पूर्व मुख्यमंत्री रहते हैं।
मोदी-मैक्रों मुलाकात पर JDU का नज़रिया
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के फ्रांस दौरे और राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों से मुलाकात पर नीरज कुमार ने कहा कि पश्चिम एशिया में जारी संकट और अमेरिका-ईरान विवाद के मद्देनज़र यह मुलाकात राजनयिक दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण है। उनके अनुसार इस वार्ता से भारत-फ्रांस के द्विपक्षीय संबंध और मज़बूत होंगे।
शिवसेना (UBT) की आंतरिक बैठक पर टिप्पणी
शिवसेना (UBT) अध्यक्ष उद्धव ठाकरे द्वारा पार्टी में फूट की आशंका के बीच बुलाई गई बैठक पर नीरज कुमार ने कहा कि शिवसेना वैचारिक रूप से एक संक्रमण के दौर में है और ऐसे में बैठक बुलाना उनका आंतरिक मामला है। आने वाले दिनों में इन सभी राजनीतिक घटनाक्रमों का असर राष्ट्रीय विपक्ष की एकजुटता पर भी पड़ सकता है।