गुजरात बाढ़: PM मोदी ने CM भूपेंद्र पटेल से की बात, वलसाड के लिए NDRF की 2 अतिरिक्त टीमें एयरलिफ्ट
सारांश
मुख्य बातें
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार, 23 जुलाई को गुजरात में जारी भारी बारिश और बाढ़ की गंभीर स्थिति को लेकर मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल से फोन पर बातचीत की और केंद्र सरकार की ओर से हर संभव सहायता का आश्वासन दिया। इसके साथ ही बाढ़ से सर्वाधिक प्रभावित वलसाड जिले के लिए राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (NDRF) की दो अतिरिक्त टीमें नई दिल्ली से हवाई मार्ग से रवाना की गई हैं।
मुख्य घटनाक्रम
राज्य सरकार के अनुसार, प्रधानमंत्री मोदी ने फोन पर हुई बातचीत में भारी बारिश से हुई क्षति और चल रहे बचाव एवं राहत अभियानों की विस्तृत जानकारी ली। उन्होंने मुख्यमंत्री को भरोसा दिलाया कि प्रभावित इलाकों में लोगों की सुरक्षा और राहत कार्यों के लिए केंद्र सरकार पूरी तरह साथ खड़ी है।
इसी क्रम में मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से भी बातचीत की। शाह ने राज्य को बचाव और राहत कार्यों के लिए केंद्र की ओर से हर ज़रूरी मदद का आश्वासन दिया।
वलसाड में राहत बल की तैनाती
फिलहाल वलसाड में NDRF की तीन टीमें और राज्य आपदा मोचन बल (SDRF) की पाँच टीमें स्थानीय प्रशासन के साथ मिलकर बचाव अभियान चला रही हैं। राहत कार्यों को और सुदृढ़ करने के लिए दिल्ली से एयरलिफ्ट की गई NDRF की दो अतिरिक्त टीमें गुरुवार शाम तक वलसाड पहुँचने की उम्मीद थी।
इसके अलावा, सेना के 70 जवानों की एक टुकड़ी पाँच नावों के साथ बचाव कार्य में सहयोग के लिए भेजी जा रही है। 25 सदस्यीय अग्निशमन सेवा दल भी वलसाड रवाना किया गया है ताकि स्थानीय प्रशासन को बाढ़ से निपटने में और मदद मिल सके।
सरकार की प्रतिक्रिया
मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने गांधीनगर स्थित राज्य आपातकालीन संचालन केंद्र का दौरा कर अधिकारियों और जिला कलेक्टरों के साथ स्थिति की समीक्षा की। उन्होंने वलसाड के कलेक्टर और मंत्री नरेश पटेल से सीधे बात कर बचाव कार्यों का जायज़ा लिया और ज़रूरत पड़ने पर NDRF की और टीमें भेजने के निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री ने सूरत और नवसारी के कलेक्टरों को भी निर्देश दिए कि निचले और जलभराव वाले क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को तत्काल सुरक्षित स्थानों पर पहुँचाया जाए। एहतियात के तौर पर गुरुवार को सूरत जिले के सभी स्कूल बंद रखे गए।
आम जनता पर असर
पिछले दो दिनों से दक्षिण गुजरात में लगातार हो रही भारी बारिश के कारण जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ है। वलसाड के कई इलाकों में बाढ़ आ गई है, जबकि आसपास के जिलों में भी इसका व्यापक असर देखा गया है।
डांग जिले में भारी बारिश के चलते कई सड़कें बंद हो गई हैं। नवसारी में जूज और केलिया बाँध ओवरफ्लो हो जाने के बाद निचले गाँवों के लिए चेतावनी जारी की गई है। तापी जिले में बचाव दलों ने बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों से लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुँचाया।
आगे का अनुमान
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने दक्षिण और मध्य गुजरात के कई हिस्सों में आने वाले दिनों में भी भारी से बहुत भारी बारिश होने का पूर्वानुमान जताया है। प्रशासन लगातार स्थिति पर नज़र बनाए हुए है और बचाव व राहत कार्य अनवरत जारी हैं।