रक्षाबंधन पर PM मोदी ने बच्चों संग मनाया उत्सव, उज्जैन की बच्ची से बोले — 'महाकाल का प्रसाद ज़रूर लाना'
सारांश
मुख्य बातें
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 28 अगस्त 2026 को रक्षाबंधन के अवसर पर अपने आधिकारिक आवास 7, लोक कल्याण मार्ग, नई दिल्ली पर स्कूली बच्चों के साथ त्योहार मनाया। इस दौरान छोटी बच्चियों ने प्रधानमंत्री की कलाई पर राखी बाँधी, कविताएँ सुनाईं और उनसे दिलचस्प सवाल पूछे। प्रधानमंत्री ने भी पूरे आत्मीय अंदाज़ में बच्चों से हँसी-मज़ाक किया, उन्हें आशीर्वाद दिया और उनकी हर बात का गर्मजोशी से जवाब दिया।
राखी, कविता और हाई-फाइव का उत्सव
प्रधानमंत्री ने रक्षाबंधन समारोह का एक वीडियो साझा किया, जिसमें वे बच्चों से मिलते, हाई-फाइव करते और उनसे बातें करते नज़र आए। एक बच्ची ने उन्हें कमल के आकार की राखी बाँधते हुए बताया कि यह 'लोटस वाली राखी' है, जिस पर प्रधानमंत्री ने मुस्कुराते हुए कहा, 'लोटस?' एक अन्य बच्ची ने भाई-बहन के रिश्ते पर कविता सुनाई — कि जब-जब वह टूटी और बिखरी, तब-तब भाई ने उसे सँभाला — जिसकी प्रधानमंत्री ने मुक्त कंठ से प्रशंसा की।
जन्मदिन की अग्रिम बधाई और महाकाल का प्रसाद
बातचीत के दौरान एक बच्ची ने प्रधानमंत्री को 'हैप्पी बर्थडे' कहा। जब मोदी ने उनका जन्मदिन पूछा तो बच्ची ने स्वयं बताया — 17 सितंबर। इस पर प्रधानमंत्री ने हँसते हुए कहा, 'अच्छा, हैप्पी बर्थडे एडवांस में।' वहीं उज्जैन की एक बच्ची से बातचीत में मोदी ने पूछा, 'महाकाल का दर्शन कब ले जाओगी?' बच्ची के यह कहने पर कि 'जब बड़ी हो जाऊँगी', प्रधानमंत्री ने स्नेह से कहा, 'महाकाल का प्रसाद ले आना, माँग लूँगा।'
पर्यावरण, AI और 'एग्जाम वॉरियर्स' की झलक
एक बच्ची ने पर्यावरण और कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) पर आधारित विशेष राखी भेंट की। उसने बताया कि उसका स्कूल प्रधानमंत्री के 'एक पेड़ माँ के नाम' अभियान के तहत पौधे लगाता है और उसने वादा किया कि वह AI को ज़िम्मेदारी से सीखकर लोगों की मदद के लिए इस्तेमाल करेगी। प्रधानमंत्री ने उसे 'शाबाश!' कहकर प्रोत्साहित किया। 'एग्जाम वॉरियर्स' पुस्तक पढ़ चुकी एक छात्रा ने बताया कि पहले परीक्षाओं से बहुत डर लगता था, अब वह खुद को 'एग्जाम वॉरियर' मानती है — इस पर मोदी ने उसे खूब मेहनत करते रहने का आशीर्वाद दिया।
मज़ाकिया पल और 'मेक इन इंडिया' की कविता
एक बच्ची के टूटे हुए दाँत देखकर प्रधानमंत्री ने चुटकी लेते हुए पूछा, 'ये सारे दाँत कहाँ चले गए?' बच्ची ने बताया, 'टूट गए, गिर गए।' इसके बाद मोदी ने हँसते हुए पूछा कि क्या वह करेला खाती है — जिस पर बच्ची ने कहा कि न वह खाती है, न उसका भाई। एक छात्रा ने 'मेक इन इंडिया' और 'विकसित भारत' पर कविता सुनाई, जबकि दूसरी बच्ची ने 'पिक्सेल भारत' थीम वाली राखी भेंट की, जिसकी सराहना करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा, 'बहुत बड़ा काम किया आपने।'
बचपन के सपने का जवाब
कार्यक्रम के अंत में एक बच्ची ने प्रधानमंत्री से उनके बचपन का सपना पूछा। मोदी ने मुस्कुराते हुए जवाब दिया, 'आप लोगों से मिलने का।' बच्चों ने भी संकल्प लिया कि वे प्रधानमंत्री से प्रेरणा लेकर भारत को आगे बढ़ाने में योगदान देंगे। यह आयोजन राजनीतिक औपचारिकताओं से परे, एक सहज और मानवीय क्षण के रूप में सामने आया जो आने वाले समय में बच्चों की स्मृति में बना रहेगा।