12 जुलाई 2026
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राम मंदिर चढ़ावा विवाद: कृष्ण हेगड़े बोले — दोषियों को नहीं बख्शा जाएगा, सिद्धिविनायक की भी हो SIT जांच

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राम मंदिर चढ़ावा विवाद: कृष्ण हेगड़े बोले — दोषियों को नहीं बख्शा जाएगा, सिद्धिविनायक की भी हो SIT जांच

सारांश

शिवसेना (शिंदे गुट) के प्रवक्ता कृष्ण हेगड़े ने राम मंदिर चढ़ावा मामले में ₹80 लाख की बरामदगी, SIT गठन और चंपत राय-अनिल मिश्रा के इस्तीफे का हवाला देते हुए दोषियों पर सख्त कार्रवाई की माँग की। साथ ही सिद्धिविनायक मंदिर में कथित अनियमितताओं की भी SIT जांच की माँग उठाई।

मुख्य बातें

कृष्ण हेगड़े ने कहा — राम मंदिर चढ़ावा मामले में सर्वोच्च न्यायालय के फैसले का सम्मान होगा और कोई भी दोषी नहीं बचेगा।
आरोपियों से करीब ₹80 लाख बरामद, संपत्ति जब्ती की प्रक्रिया जारी; SIT गठित।
श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के पदाधिकारियों चंपत राय और अनिल मिश्रा ने इस्तीफा दिया।
हेगड़े ने सिद्धिविनायक मंदिर में कथित अनियमितताओं की भी SIT जांच की माँग की, पूर्व CM उद्धव ठाकरे के कार्यकाल पर सवाल उठाए।
PM नरेंद्र मोदी के न्यूजीलैंड दौरे को 40 वर्षों बाद किसी भारतीय PM की यात्रा बताते हुए ऐतिहासिक करार दिया।
विनायक राउत परिवार पर बहू के आरोपों को गंभीर बताया; पुलिस जांच जारी।

शिवसेना (एकनाथ शिंदे गुट) के प्रवक्ता कृष्ण हेगड़े ने 12 जुलाई को मुंबई में कहा कि राम मंदिर चढ़ावा मामले में सर्वोच्च न्यायालय का जो भी निर्णय आएगा, उसे पूरे सम्मान के साथ स्वीकार किया जाएगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस मामले में किसी भी दोषी को किसी भी परिस्थिति में छोड़ा नहीं जाएगा।

राम मंदिर चढ़ावा मामले में अब तक की कार्रवाई

हेगड़े ने बताया कि उत्तर प्रदेश की मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सरकार इस मामले में पहले ही सख्त कदम उठा चुकी है। आरोपियों से कथित तौर पर करीब ₹80 लाख बरामद किए गए हैं और उनकी संपत्ति जब्त करने की प्रक्रिया जारी है। कई लोगों की गिरफ्तारी हो चुकी है और जांच के लिए विशेष जांच दल (SIT) का भी गठन किया गया है।

उन्होंने कहा कि श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने भी इस मामले को गंभीरता से लिया है। ट्रस्ट के प्रमुख पदाधिकारियों चंपत राय और अनिल मिश्रा ने अपने पदों से इस्तीफा दे दिया है।

सिद्धिविनायक मंदिर विवाद पर हेगड़े का रुख

हेगड़े ने सिद्धिविनायक मंदिर में कथित भ्रष्टाचार के मुद्दे पर कहा कि उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने इस विषय को पहले ही उठाया है। उन्होंने आरोप लगाया कि पूर्व मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे के कार्यकाल के दौरान मंदिर में दान राशि और खरीद प्रक्रिया में गड़बड़ी हुई। हेगड़े ने मांग की कि यदि सिद्धिविनायक मंदिर में कोई अनियमितता साबित होती है, तो उसकी भी SIT जांच होनी चाहिए और दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की जानी चाहिए। उन्होंने कहा कि धार्मिक स्थलों की पवित्रता बनाए रखना सर्वोच्च प्राथमिकता है।

महाराष्ट्र की राजनीति और महायुति सरकार

मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस को दिल्ली भेजे जाने की अटकलों पर हेगड़े ने इसे भारतीय जनता पार्टी (BJP) का आंतरिक मामला बताते हुए टिप्पणी से परहेज किया। उन्होंने कहा कि फडणवीस महाराष्ट्र में उल्लेखनीय काम कर रहे हैं और महायुति सरकार में मुख्यमंत्री फडणवीस, उपमुख्यमंत्री शिंदे और सुनेत्रा पवार मिलकर प्रदेश के विकास में जुटे हैं।

शिवसेना (यूबीटी) के नेता संजय राउत के बयानों पर निशाना साधते हुए हेगड़े ने कहा कि उनकी राजनीतिक भविष्यवाणियाँ अतीत में भी गलत साबित होती रही हैं। उन्होंने दावा किया कि जो लोग बालासाहेब ठाकरे की विचारधारा और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में विश्वास रखते हैं, वे राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) के साथ आना चाहते हैं। मुख्यमंत्री फडणवीस के 'ऑपरेशन टाइगर' की सफलता के दावे के संदर्भ में हेगड़े ने कहा कि लोग शिंदे के नेतृत्व और उनके काम को देखकर उनसे जुड़ रहे हैं।

विनायक राउत परिवार पर आरोप और अन्य मुद्दे

शिवसेना (यूबीटी) के पूर्व सांसद विनायक राउत और उनके परिवार पर उनकी बहू द्वारा लगाए गए अंधविश्वास और प्रताड़ना के आरोपों को हेगड़े ने बेहद गंभीर बताया। उन्होंने कहा कि एक शिक्षित महिला के साथ इस प्रकार का व्यवहार किसी भी स्थिति में स्वीकार्य नहीं है। पुलिस मामले की जांच कर रही है और जांच पूरी होने पर सच्चाई सामने आएगी।

प्रधानमंत्री मोदी के न्यूजीलैंड दौरे पर हेगड़े ने कहा कि 40 वर्षों बाद कोई भारतीय प्रधानमंत्री न्यूजीलैंड पहुँचा है, जो इस यात्रा को ऐतिहासिक बनाता है। दोनों देशों के बीच रक्षा, व्यापार, सुरक्षा और प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में समझौते हुए हैं।

उमर अब्दुल्ला के आरोपों पर प्रतिक्रिया

जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला द्वारा विधायकों को पैसे और पद का लालच देकर तोड़ने के आरोपों पर हेगड़े ने कहा कि जब किसी दल में आंतरिक कमज़ोरी होती है, तो इस तरह के आरोप लगाए जाते हैं। उन्होंने सुझाव दिया कि अब्दुल्ला को दूसरे दलों पर दोषारोपण के बजाय अपनी पार्टी को मज़बूत करने और अपने विधायकों से संवाद बनाने पर ध्यान देना चाहिए। यह बयान ऐसे समय में आया है जब महाराष्ट्र और जम्मू-कश्मीर दोनों में राजनीतिक दलबदल की अटकलें तेज़ हैं।

संपादकीय दृष्टिकोण

बल्कि शिंदे गुट की उस रणनीति का हिस्सा है जो धार्मिक स्थलों के प्रशासन को राजनीतिक हथियार बना रही है — राम मंदिर पर योगी सरकार की सख्ती की तारीफ और सिद्धिविनायक पर उद्धव ठाकरे के कार्यकाल पर निशाना, दोनों एक साथ। गौरतलब है कि सिद्धिविनायक के आरोप अभी कथित हैं और किसी स्वतंत्र एजेंसी द्वारा सत्यापित नहीं हुए हैं। राम मंदिर ट्रस्ट में ₹80 लाख की बरामदगी और शीर्ष पदाधिकारियों के इस्तीफे गंभीर प्रशासनिक विफलता की ओर इशारा करते हैं, जिस पर सत्तारूढ़ दल की चुप्पी भी उतनी ही उल्लेखनीय है जितनी विपक्ष की आलोचना।
RashtraPress
12 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

राम मंदिर चढ़ावा मामले में अब तक क्या कार्रवाई हुई है?
इस मामले में आरोपियों से कथित तौर पर करीब ₹80 लाख बरामद किए गए हैं, कई लोगों को गिरफ्तार किया गया है और संपत्ति जब्त करने की प्रक्रिया जारी है। उत्तर प्रदेश सरकार ने जांच के लिए SIT का गठन भी किया है।
चंपत राय और अनिल मिश्रा ने इस्तीफा क्यों दिया?
श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के प्रमुख पदाधिकारी चंपत राय और अनिल मिश्रा ने राम मंदिर चढ़ावा विवाद के बीच अपने पदों से इस्तीफा दिया है। कृष्ण हेगड़े के अनुसार, ट्रस्ट ने इस मामले को गंभीरता से लिया है।
सिद्धिविनायक मंदिर विवाद क्या है और जांच की माँग क्यों उठी?
शिवसेना (शिंदे गुट) का आरोप है कि पूर्व मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे के कार्यकाल के दौरान सिद्धिविनायक मंदिर में दान राशि और खरीद प्रक्रिया में अनियमितताएँ हुईं। कृष्ण हेगड़े ने इन कथित अनियमितताओं की SIT जांच की माँग की है।
PM मोदी का न्यूजीलैंड दौरा क्यों ऐतिहासिक माना जा रहा है?
40 वर्षों के अंतराल के बाद कोई भारतीय प्रधानमंत्री न्यूजीलैंड पहुँचा है, इसलिए इस दौरे को ऐतिहासिक बताया जा रहा है। दोनों देशों के बीच रक्षा, व्यापार, सुरक्षा और प्रौद्योगिकी क्षेत्र में समझौते हुए हैं।
विनायक राउत के परिवार पर क्या आरोप लगे हैं?
शिवसेना (यूबीटी) के पूर्व सांसद विनायक राउत और उनके परिवार पर उनकी बहू ने अंधविश्वास और प्रताड़ना के आरोप लगाए हैं। पुलिस मामले की जांच कर रही है और कृष्ण हेगड़े ने इसे गंभीर बताते हुए दोषी पाए जाने पर कार्रवाई की माँग की है।
राष्ट्र प्रेस
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