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नीट परीक्षा से पहले कृष्णागिरी में छात्र की आत्महत्या, सुसाइड नोट में परीक्षा के डर का जिक्र

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नीट परीक्षा से पहले कृष्णागिरी में छात्र की आत्महत्या, सुसाइड नोट में परीक्षा के डर का जिक्र

सारांश

नीट-यूजी परीक्षा से एक दिन पहले तमिलनाडु के कृष्णागिरी में 20 वर्षीय वेत्रियानंदम और हैदराबाद में 19 वर्षीय शेख सना ने कथित तौर पर आत्महत्या कर ली। दोनों तीन साल से नीट की तैयारी कर रहे थे और परीक्षा में फिर से असफल होने के डर से तनाव में थे।

मुख्य बातें

कृष्णागिरी, तमिलनाडु में 20 वर्षीय वेत्रियानंदम ने 21 जून 2025 को कथित तौर पर फाँसी लगाकर जान दी।
छात्र तीन वर्षों से नीट-यूजी की तैयारी कर रहा था और सभी पिछली परीक्षाओं में असफल रहा था।
सुसाइड नोट में छात्र ने लिखा कि एक महीने से नींद नहीं आ रही थी और परीक्षा में फिर फेल होने का डर था।
हैदराबाद में भी 19 वर्षीय शेख सना ने इसी दौरान कथित तौर पर आत्महत्या की; अंग्रेजी में नोट छोड़ा।
दोनों मामलों में पुलिस जाँच जारी है और सुसाइड नोट साक्ष्य के रूप में जब्त किए गए हैं।

तमिलनाडु के कृष्णागिरी जिले के होसुर इलाके में 20 वर्षीय छात्र वेत्रियानंदम ने कथित तौर पर 21 जून 2025 को अपने घर में फाँसी लगाकर जान दे दी। पुलिस के अनुसार, छात्र रविवार को होने वाली नीट-यूजी परीक्षा में फिर से असफल होने के डर से गहरे तनाव में था। घटनास्थल से एक सुसाइड नोट बरामद हुआ है और पुलिस मामले की जाँच में जुटी है।

घटनाक्रम: कैसे सामने आया मामला

पुलिस को मिली जानकारी के अनुसार, शनिवार दोपहर जब वेत्रियानंदम की माँ दुकान गई हुई थीं और पिता काम पर बाहर थे, उसी दौरान छात्र ने कथित तौर पर घर में फाँसी लगा ली। परिवार के लौटने पर उसे बेसुध पाया गया और तुरंत अधिकारियों को सूचित किया गया। पुलिस मौके पर पहुँची और प्रारंभिक कार्रवाई शुरू की।

वेत्रियानंदम अपने परिवार का छोटा बेटा था। उसके पिता एक निजी कंपनी में कार्यरत हैं। बताया जा रहा है कि वह पिछले तीन वर्षों से नीट-यूजी परीक्षा की तैयारी कर रहा था और अब तक दी गई सभी परीक्षाओं में असफल रहा था।

सुसाइड नोट में क्या लिखा था

छात्र द्वारा छोड़े गए कथित सुसाइड नोट में उसने अपने माता-पिता और बड़े भाई के नाम भावुक संदेश लिखे। नोट में उसने स्वीकार किया कि नीट परीक्षा के डर से वह पिछले एक महीने से ठीक से सो नहीं पा रहा था। उसने लिखा कि इस बार भी फेल होने की आशंका से वह यह गलत कदम उठा रहा है। नोट में उसने अपनी बहन और भाई के भविष्य को लेकर भी चिंता जताई।

हैदराबाद में भी इसी दौरान एक और घटना

इसी अवधि में हैदराबाद के मियापुर थाना क्षेत्र में 19 वर्षीय शेख सना नामक छात्रा ने भी कथित तौर पर आत्महत्या कर ली। पुलिस के अनुसार, सना नीट की तैयारी कर रही थी और पिछले साल परीक्षा में असफल रहने के बाद लंबे समय तक कोचिंग लेकर दोबारा परीक्षा में शामिल हुई थी। उसके पिता शेख जाफर हुसैन कुवैत में कार्यरत हैं और माँ लगभग 10 दिन पहले आंध्र प्रदेश के प्रोड्डटूर गई थीं।

पुलिस के अनुसार, शनिवार को नाश्ते के बाद सना अपने कमरे में चली गई। शाम तक बाहर न आने पर उसकी बहनों ने दरवाजा खोला और उसे फाँसी की हालत में पाया। उसने दुपट्टे से फंदा लगाया था और अंग्रेजी में एक नोट छोड़ा था, जिसमें लिखा था कि उसकी मौत के लिए कोई जिम्मेदार नहीं है।

नीट और छात्र तनाव: व्यापक संदर्भ

गौरतलब है कि नीट-यूजी परीक्षा को लेकर छात्रों में मानसिक दबाव की घटनाएँ पहले भी सामने आती रही हैं। तमिलनाडु में नीट परीक्षा का विरोध वर्षों से एक संवेदनशील राजनीतिक और सामाजिक मुद्दा रहा है। यह ऐसे समय में आया है जब परीक्षा के ठीक एक दिन पहले दो अलग-अलग राज्यों में इस तरह की घटनाएँ सामने आई हैं, जिससे परीक्षा प्रणाली और छात्र मानसिक स्वास्थ्य पर बहस फिर से तेज हो गई है।

पुलिस जाँच की स्थिति

कृष्णागिरी पुलिस ने पुष्टि की है कि मामले की जाँच जारी है और घटना के सही कारणों का पता लगाया जा रहा है। सुसाइड नोट को साक्ष्य के रूप में जब्त किया गया है। हैदराबाद में भी पुलिस ने प्रारंभिक जाँच शुरू कर दी है।

यदि आप या आपका कोई परिचित मानसिक तनाव में है, तो राष्ट्रीय हेल्पलाइन iCall: 9152987821 या Vandrevala Foundation: 1860-2662-345 पर संपर्क करें।

संपादकीय दृष्टिकोण

तो विफलता का डर असहनीय हो जाता है। तमिलनाडु वर्षों से नीट के विकल्प की माँग करता रहा है, लेकिन नीति स्तर पर मानसिक स्वास्थ्य सहायता तंत्र आज भी नाकाफी है। परीक्षा प्रणाली की समीक्षा के साथ-साथ कोचिंग संस्थानों और परिवारों में मानसिक स्वास्थ्य जागरूकता की तत्काल ज़रूरत है।
RashtraPress
10 अगस्त 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

कृष्णागिरी में आत्महत्या करने वाले छात्र वेत्रियानंदम कौन थे?
वेत्रियानंदम तमिलनाडु के कृष्णागिरी जिले के होसुर इलाके के 20 वर्षीय छात्र थे, जो पिछले तीन वर्षों से नीट-यूजी परीक्षा की तैयारी कर रहे थे। वह अपने परिवार के छोटे बेटे थे और सभी पिछली नीट परीक्षाओं में असफल रहे थे।
सुसाइड नोट में छात्र ने क्या लिखा था?
कथित सुसाइड नोट में वेत्रियानंदम ने लिखा कि नीट परीक्षा के डर से वह पिछले एक महीने से ठीक से सो नहीं पा रहे थे। उन्होंने माता-पिता और बड़े भाई के नाम अलग-अलग भावुक संदेश लिखे और बहन-भाई के भविष्य को लेकर चिंता जताई।
हैदराबाद में नीट से जुड़ी आत्महत्या का मामला क्या है?
हैदराबाद के मियापुर इलाके की 19 वर्षीय शेख सना ने भी कथित तौर पर इसी दौरान आत्महत्या कर ली। पुलिस के अनुसार, वह नीट की तैयारी कर रही थीं, पिछले साल परीक्षा में असफल रही थीं और रविवार की दोबारा परीक्षा की तैयारी कर रही थीं। उन्होंने अंग्रेजी में एक नोट छोड़ा जिसमें लिखा था कि उनकी मौत के लिए कोई जिम्मेदार नहीं है।
इन घटनाओं के बाद पुलिस क्या कर रही है?
कृष्णागिरी पुलिस ने घटनास्थल से सुसाइड नोट जब्त किया है और मामले की जाँच जारी है। हैदराबाद पुलिस ने भी प्रारंभिक जाँच शुरू की है। दोनों मामलों में अधिकारी घटना के सटीक कारणों की पुष्टि करने में जुटे हैं।
नीट परीक्षा का तमिलनाडु में इतना विरोध क्यों है?
तमिलनाडु में नीट को लेकर वर्षों से यह तर्क दिया जाता रहा है कि यह एकल केंद्रीय परीक्षा ग्रामीण और सामाजिक-आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के छात्रों के लिए अनुचित बाधा है। राज्य सरकार ने केंद्र से नीट से छूट की माँग की है और छात्र मानसिक स्वास्थ्य पर पड़ने वाले दबाव को लेकर बार-बार चिंता जताई है।
राष्ट्र प्रेस
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