सेंसेक्स में 650 अंक की वृद्धि, शेयर बाजार में तेजी के प्रमुख कारण
सारांश
Key Takeaways
- सेंसेक्स में 668 अंक की वृद्धि हुई।
- कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट का प्रभाव।
- रुपया की मजबूती बाजार के लिए सकारात्मक संकेत।
- इंडिया विक्स में गिरावट से निवेशकों का मनोबल बढ़ा।
- वैश्विक बाजारों की सकारात्मक रुख का असर।
मुंबई, 10 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। मंगलवार के कारोबारी सत्र में भारतीय शेयर बाजार में जबरदस्त तेजी देखी जा रही है। सुबह 11:45 बजे सेंसेक्स में 668 अंक या 0.68 प्रतिशत की वृद्धि के साथ यह 78,224 पर पहुँच गया, जबकि निफ्टी 198 अंक या 0.85 प्रतिशत की बढ़ोतरी के साथ 24,225 पर था।
लार्जकैप, मिडकैप और स्मॉलकैप सभी में तेजी का रुख देखने को मिल रहा है। निफ्टी मिडकैप 100 इंडेक्स 721 अंक या 1.28 प्रतिशत की वृद्धि के साथ 56,892 पर और निफ्टी स्मॉलकैप 100 इंडेक्स 274 अंक या 1.70 प्रतिशत की बढ़त के साथ 16,406 पर है।
भारतीय शेयर बाजार में इस तेजी का मुख्य कारण कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट मानी जा रही है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के बयान के बाद, ब्रेंट क्रूड की कीमत 6 प्रतिशत की कमी के साथ 92 डॉलर प्रति बैरल के करीब पहुँच गई है, जो सोमवार को 119 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंची थी।
ट्रंप ने एक इंटरव्यू में कहा कि ईरान के साथ युद्ध समाप्त होने के करीब है, जिससे कच्चे तेल में नरमी आई है।
बाजार में तेजी का एक अन्य कारण डॉलर के मुकाबले रुपए की मजबूती भी है। मंगलवार को बाजार खुलते ही अमेरिकी मुद्रा के मुकाबले रूपया मजबूत दिख रहा है। अभी तक के कारोबार में डॉलर के मुकाबले रुपया का उच्चतम स्तर 91.72 और न्यूनतम स्तर 92.33 रहा है।
बाजार में उतार-चढ़ाव को दर्शाने वाला इंडेक्स इंडिया विक्स में भी गिरावट आई है, जो स्टॉक मार्केट में तेजी का संकेत देता है। खबर लिखे जाने तक इंडिया विक्स 15.37 प्रतिशत की गिरावट के साथ 19.77 पर था।
वैश्विक बाजारों में सकारात्मक रुख ने भी भारतीय बाजार में निवेशकों के मनोबल को बढ़ाया है। सोल, हांगकांग, शंघाई, टोक्यो, बैंकॉक और जकार्ता के लगभग सभी एशियाई बाजार हरे निशान में खुले थे। वहीं, अमेरिकी बाजार भी सोमवार को हरे निशान में बंद हुए थे।