20 जुलाई 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

फिल्म निर्माता पहलाज निहलानी का 76 वर्ष की उम्र में निधन, सेंसर बोर्ड के पूर्व अध्यक्ष ने ली अंतिम सांस

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
फिल्म निर्माता पहलाज निहलानी का 76 वर्ष की उम्र में निधन, सेंसर बोर्ड के पूर्व अध्यक्ष ने ली अंतिम सांस

सारांश

बॉलीवुड के अनुभवी निर्माता और CBFC के पूर्व अध्यक्ष पहलाज निहलानी का 76 साल की उम्र में निधन हो गया। ‘इल्जाम’ से गोविंदा को और ‘आग ही आग’ से चंकी पांडे को लॉन्च करने वाले निहलानी की ‘आंखें’ नब्बे के दशक की सबसे बड़ी हिट थी। 2015-17 का उनका सेंसर कार्यकाल जितना चर्चित रहा, उतना ही विवादास्पद भी।

मुख्य बातें

फिल्म निर्माता पहलाज निहलानी का 76 वर्ष की उम्र में निधन; लंबे समय से बीमार थे।
इम्पा अध्यक्ष अभय सिन्हा ने निधन की पुष्टि की।
2015 से 2017 तक CBFC के अध्यक्ष रहे, सख्त सेंसरशिप नीतियों के लिए चर्चित।
‘इल्जाम’ ( 1986 ) से गोविंदा और ‘आग ही आग’ से चंकी पांडे को लॉन्च किया।
1993 की फिल्म ‘आंखें’ उस दौर की सबसे बड़ी हिट फिल्मों में शामिल रही।
2009 में एसोसिएशन ऑफ मोशन पिक्चर एंड टीवी प्रोग्राम प्रोड्यूसर्स के अध्यक्ष पद से इस्तीफा दिया था।

हिंदी सिनेमा के दिग्गज फिल्म निर्माता और केंद्रीय फिल्म प्रमाणन बोर्ड (CBFC) के पूर्व अध्यक्ष पहलाज निहलानी का 76 वर्ष की आयु में निधन हो गया। वे लंबे समय से बीमार चल रहे थे। भारतीय फिल्म निर्माताओं के सबसे बड़े संगठन द इंडियन मोशन पिक्चर प्रोड्यूसर्स एसोसिएशन (इम्पा) के अध्यक्ष अभय सिन्हा ने उनके निधन की पुष्टि की है।

इंडस्ट्री में शोक की लहर

निहलानी के निधन की खबर सामने आते ही हिंदी फिल्म जगत में शोक का माहौल है। वे न केवल एक सफल निर्माता थे, बल्कि सेंसर बोर्ड के प्रमुख के तौर पर अपनी सख्त नीतियों के लिए भी पहचाने जाते थे। रिपोर्टों के अनुसार, वे काफी समय से अस्वस्थ चल रहे थे।

हिट फिल्मों की लंबी फेहरिस्त

निहलानी ने अपने करियर में कई यादगार फिल्मों का निर्माण किया, जिनमें ‘इल्जाम’, ‘आग ही आग’, ‘शोला और शबनम’ और ‘आंखें’ प्रमुख हैं। 1993 में आई ‘आंखें’ उस दौर की सबसे ज़्यादा कमाई करने वाली फिल्मों में गिनी जाती है और आज भी इसे नब्बे के दशक की सबसे बड़ी हिट फिल्मों में से एक माना जाता है। उनकी फिल्मोग्राफी में ‘हथकड़ी’, ‘आंधी-तूफान’, ‘पाप की दुनिया’, ‘आग का गोला’, ‘दिल तेरा दीवाना’, ‘भाई भाई’, ‘जूली 2’ और ‘रंगीला राजा’ जैसी फिल्में भी शामिल हैं।

स्टार बनाने वाले निर्माता

निहलानी को कई बड़े कलाकारों को बॉलीवुड में पहला अवसर देने का श्रेय जाता है। उन्होंने अभिनेता गोविंदा को 1986 में आई फिल्म ‘इल्जाम’ से लॉन्च किया था, जबकि चंकी पांडे ने उनकी फिल्म ‘आग ही आग’ से बॉलीवुड में कदम रखा। गोविंदा और चंकी पांडे की जोड़ी वाली ‘आंखें’ ने उन्हें कमर्शियल सिनेमा का प्रमुख चेहरा बना दिया।

सेंसर बोर्ड का विवादास्पद कार्यकाल

निर्माता की भूमिका के साथ-साथ निहलानी ने 2015 से 2017 तक CBFC के अध्यक्ष का कार्यभार संभाला। इस दौरान वे अपनी सख्त सेंसरशिप नीतियों के कारण लगातार सुर्खियों में रहे और कई फिल्मों को लेकर विवाद भी सामने आए। आलोचकों का कहना है कि उनके कार्यकाल में फिल्मों के कट्स और शब्दों पर रोक को लेकर बार-बार बहस छिड़ी, हालाँकि उनके समर्थक उन्हें ‘पारंपरिक मूल्यों के पक्षधर’ के रूप में याद करते हैं।

संगठनात्मक भूमिकाएँ

निहलानी लंबे समय तक फिल्म संगठनों से जुड़े रहे और एसोसिएशन ऑफ मोशन पिक्चर एंड टीवी प्रोग्राम प्रोड्यूसर्स के अध्यक्ष भी रहे, जिस पद से उन्होंने 2009 में इस्तीफा दिया था। फिल्म निर्माण, वितरण और नीति-निर्माण — तीनों मोर्चों पर उनकी मौजूदगी ने उन्हें इंडस्ट्री का एक प्रभावशाली नाम बनाए रखा। उनके जाने से बॉलीवुड ने एक ऐसा चेहरा खो दिया है जो व्यावसायिक सिनेमा के स्वर्णिम दौर की पहचान था।

संपादकीय दृष्टिकोण

मसाला सिनेमा और स्टार-लॉन्च का फॉर्मूला इंडस्ट्री की रीढ़ हुआ करता था — गोविंदा और चंकी पांडे जैसे नाम उन्हीं की देन हैं। लेकिन CBFC अध्यक्ष के तौर पर उनका कार्यकाल दिखाता है कि कैसे एक सफल कमर्शियल निर्माता और एक नियामक की भूमिका के बीच टकराव हो सकता है — ‘उड़ता पंजाब’ से लेकर कई फिल्मों के कट्स तक की बहसें इसका प्रमाण हैं। उनके जाने के साथ नब्बे के दशक की एक पूरी निर्माता-पीढ़ी का प्रतिनिधि चेहरा सिनेमा से विदा हुआ है। आगे का सवाल यह है कि क्या मौजूदा OTT-केंद्रित दौर में उस तरह के ‘स्टूडियो-स्टार’ निर्माता दोबारा संभव हैं।
RashtraPress
20 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

पहलाज निहलानी कौन थे?
पहलाज निहलानी हिंदी फिल्म इंडस्ट्री के जाने-माने निर्माता और केंद्रीय फिल्म प्रमाणन बोर्ड (CBFC) के पूर्व अध्यक्ष थे। उन्होंने ‘इल्जाम’, ‘आग ही आग’, ‘शोला और शबनम’ और ‘आंखें’ जैसी सफल फिल्मों का निर्माण किया और कई बड़े कलाकारों को बॉलीवुड में पहला मौका दिया।
पहलाज निहलानी का निधन कैसे हुआ?
रिपोर्टों के अनुसार, पहलाज निहलानी लंबे समय से बीमार चल रहे थे और 76 वर्ष की उम्र में उन्होंने अंतिम सांस ली। उनके निधन की पुष्टि इम्पा अध्यक्ष अभय सिन्हा ने की है।
पहलाज निहलानी ने किन कलाकारों को लॉन्च किया था?
उन्होंने 1986 में आई फिल्म ‘इल्जाम’ से अभिनेता गोविंदा को बॉलीवुड में लॉन्च किया था। इसके अलावा, अभिनेता चंकी पांडे ने भी उनकी फिल्म ‘आग ही आग’ से अपने फिल्मी करियर की शुरुआत की थी।
पहलाज निहलानी CBFC अध्यक्ष कब रहे और क्यों विवादों में रहे?
पहलाज निहलानी 2015 से 2017 तक CBFC के अध्यक्ष रहे। अपने कार्यकाल में वे सख्त सेंसरशिप नीतियों, कई फिल्मों में कट्स और शब्दों पर रोक को लेकर लगातार चर्चा और विवादों में रहे।
पहलाज निहलानी की सबसे बड़ी हिट फिल्म कौन-सी थी?
उनकी सबसे बड़ी हिट फिल्मों में 1993 में आई ‘आंखें’ शामिल है, जिसमें गोविंदा और चंकी पांडे मुख्य भूमिका में थे। यह फिल्म उस दौर की सबसे ज़्यादा कमाई करने वाली फिल्मों में गिनी जाती है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 1 महीना पहले
  2. 1 महीना पहले
  3. 1 महीना पहले
  4. 1 महीना पहले
  5. 1 महीना पहले
  6. 7 महीने पहले
  7. 11 महीने पहले
  8. 1 साल पहले