आईएमडी की हीटवेव चेतावनी: बढ़ते तापमान में डॉक्टरों ने ओआरएस अपनाने की दी सलाह
सारांश
मुख्य बातें
भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने 27 अप्रैल 2026 को चेतावनी जारी करते हुए कहा कि आने वाले दिनों में चेन्नई सहित कई जिलों में तापमान में और वृद्धि हो सकती है। लगातार बढ़ती गर्मी के बीच स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने हीटवेव से जुड़ी बीमारियों के प्रति सतर्क रहने और ओआरएस (ओरल रिहाइड्रेशन सॉल्यूशन) के नियमित सेवन की अपील की है।
शरीर पर गर्मी का असर कैसे पड़ता है
विशेषज्ञों के अनुसार मानव शरीर का सामान्य तापमान लगभग 36.9 डिग्री सेल्सियस होता है। जब बाहरी तापमान इससे काफी अधिक हो जाता है, तो शरीर आसपास की गर्मी को अवशोषित करने लगता है। इस स्थिति में शरीर पसीने और तेज सांस लेने की प्रक्रिया के ज़रिए खुद को ठंडा रखने की कोशिश करता है।
हालाँकि, लंबे समय तक तेज गर्मी में रहने पर ये प्राकृतिक तंत्र कमज़ोर पड़ सकते हैं। अधिक पसीना आने से शरीर से पानी, ग्लूकोज और आवश्यक लवण तेज़ी से निकल जाते हैं, जिससे डिहाइड्रेशन का खतरा बढ़ जाता है।
हीटवेव से होने वाले स्वास्थ्य खतरे
डॉक्टरों का कहना है कि समय रहते ध्यान न देने पर मांसपेशियों में ऐंठन, चक्कर आना, थकान और कमज़ोरी जैसी समस्याएँ उत्पन्न हो सकती हैं। गंभीर स्थितियों में हीटस्ट्रोक और बेहोशी तक का खतरा रहता है।
विशेषज्ञों के अनुसार डिहाइड्रेशन का असर किडनी और हृदय जैसे महत्वपूर्ण अंगों पर भी पड़ सकता है। इसके शुरुआती लक्षणों में मुँह सूखना, गहरे रंग का पेशाब, कमज़ोरी, चक्कर आना और मांसपेशियों में दर्द शामिल हैं।
ओआरएस क्यों है सिर्फ पानी से बेहतर
विशेषज्ञों का स्पष्ट कहना है कि अत्यधिक गर्मी में केवल पानी पीना पर्याप्त नहीं है। शरीर से निकलने वाले इलेक्ट्रोलाइट्स की भरपाई के लिए ओआरएस अधिक प्रभावी माना जाता है।
विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) के मानकों के अनुसार 20.5 ग्राम का एक ओआरएस पैकेट एक लीटर उबले और ठंडे पानी में घोलकर 24 घंटे के भीतर उपयोग करना चाहिए। यह नुस्खा डिहाइड्रेशन से बचाव में सबसे कारगर उपायों में से एक है।
प्रशासन की अपील और बचाव के उपाय
स्थानीय प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे दोपहर के समय सीधी धूप में निकलने से बचें और पर्याप्त मात्रा में पानी पिएँ। ज़रूरत पड़ने पर ओआरएस का उपयोग करने की भी सलाह दी गई है, ताकि गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं से बचा जा सके।
यह ऐसे समय में आया है जब देश के कई हिस्सों में मई से पहले ही तापमान सामान्य से अधिक दर्ज किया जा रहा है। आईएमडी की यह चेतावनी उन लोगों के लिए विशेष रूप से महत्वपूर्ण है जो बाहरी कार्यों में संलग्न हैं या वृद्ध और बच्चों की देखभाल कर रहे हैं।