खान क्वेस्ट 2026: मंगोलिया में भारतीय सेना के 40 जवान बहुराष्ट्रीय अभ्यास में शामिल, 18 देशों के 1,000 सैनिक भागीदार
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय सेना का 40 सदस्यीय दल — जिसमें दो महिला अधिकारी भी सम्मिलित हैं — शनिवार, 20 जून 2026 को मंगोलिया की राजधानी उलानबटार में बहुराष्ट्रीय सैन्य अभ्यास 'खान क्वेस्ट 2026' के उद्घाटन समारोह में शामिल हुआ। यह अभ्यास 3 जुलाई 2026 तक चलेगा और इसमें 18 देशों के 1,000 से अधिक सैनिक हिस्सा ले रहे हैं।
अभ्यास का स्वरूप और उद्देश्य
यह अभ्यास उलानबटार के 'फाइव हिल्स ट्रेनिंग एरिया' में आयोजित किया जा रहा है। भारतीय सेना ने अपने आधिकारिक एक्स खाते पर स्पष्ट किया कि यह अभ्यास संयुक्त राष्ट्र चार्टर के अध्याय VII के तहत शांति समर्थन अभियानों में पारस्परिक संचालन क्षमता (इंटरऑपरेबिलिटी) और सहयोग बढ़ाने के उद्देश्य से दुनिया भर की सेनाओं को एक मंच पर लाता है। सेना ने यह भी कहा कि वह वैश्विक शांति, स्थिरता और अंतरराष्ट्रीय सहयोग के प्रति अपनी प्रतिबद्धता पर दृढ़ है और संयुक्त राष्ट्र शांति स्थापना अभियानों में सक्रिय एवं रचनात्मक भूमिका निभाती रहेगी।
उद्घाटन समारोह: प्रमुख उपस्थिति
उद्घाटन समारोह का शुभारंभ मंगोलिया के रक्षा मंत्री बटलुट डांबा और मंगोलियाई सशस्त्र बलों के चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ गानब्यांबा सुनरेव ने किया। मंगोलिया में भारत के राजदूत अतुल महलारी गोत्सुर्वे भी इस समारोह में उपस्थित रहे और उन्होंने भारतीय दल का स्वागत करते हुए सफल भागीदारी के लिए शुभकामनाएँ दीं।
जाट रेजिमेंट की भागीदारी
मंगोलिया स्थित भारतीय दूतावास ने एक्स पर जानकारी दी कि इस अभ्यास में जाट रेजिमेंट का 40 सदस्यीय दल प्रतिनिधित्व कर रहा है, जिसमें दो महिला अधिकारी शामिल हैं। यह भागीदारी भारतीय सेना में महिला अधिकारियों की बढ़ती सक्रिय भूमिका को भी रेखांकित करती है। रक्षा मंत्रालय के अनुसार, खान क्वेस्ट 2026 भाग लेने वाले देशों के बीच परिचालन तैयारी, पेशेवर अनुभवों के आदान-प्रदान, आपसी विश्वास और सौहार्द को मजबूत करता है।
खान क्वेस्ट का इतिहास
रक्षा मंत्रालय के अनुसार, खान क्वेस्ट की शुरुआत वर्ष 2003 में अमेरिका और मंगोलिया की सेनाओं के बीच एक द्विपक्षीय अभ्यास के रूप में हुई थी। 2006 से इसे बहुपक्षीय शांति स्थापना अभ्यास का स्वरूप दिया गया और वर्तमान संस्करण इसका 23वाँ आयोजन है। गौरतलब है कि इस अभ्यास का पिछला संस्करण 14 से 28 जून 2025 के बीच मंगोलिया में ही आयोजित किया गया था।
भारत की वैश्विक शांति प्रतिबद्धता
यह भागीदारी ऐसे समय में आई है जब भारत संयुक्त राष्ट्र शांति अभियानों में अपनी उपस्थिति लगातार मजबूत कर रहा है। बहुपक्षीय सैन्य अभ्यासों में नियमित भागीदारी भारत की 'वसुधैव कुटुम्बकम' की विदेश नीति और रक्षा कूटनीति का अभिन्न हिस्सा बन चुकी है। आने वाले दिनों में इस अभ्यास के दौरान विभिन्न देशों की सेनाएँ संयुक्त शांति अभियान परिदृश्यों पर प्रशिक्षण लेंगी।