पश्चिम एशिया संकट: PM मोदी ने कुवैत के अमीर से की फोन पर बात, तनाव कम करने पर जोर
सारांश
मुख्य बातें
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार, 9 जून को कुवैत के अमीर महामहिम शेख मेशाल अल-अहमद अल-जाबेर अल-सबा से टेलीफोन पर बातचीत की। दोनों नेताओं ने पश्चिम एशिया में तेज़ी से बदल रही सुरक्षा स्थिति और क्षेत्रीय हालात पर विस्तृत चर्चा की। प्रधानमंत्री कार्यालय द्वारा जारी आधिकारिक बयान में इस वार्ता की पुष्टि की गई।
मुख्य घटनाक्रम
प्रधानमंत्री मोदी ने पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव पर गहरी चिंता जताई और कुवैत की संप्रभुता तथा क्षेत्रीय अखंडता पर हुए हमलों की कड़े शब्दों में निंदा की। प्रधानमंत्री कार्यालय के बयान के अनुसार, उन्होंने 'क्षेत्र में जल्द से जल्द शांति और स्थिरता की बहाली के लिए तनाव कम करने, संवाद और कूटनीति की आवश्यकता पर जोर दिया।'
इसके साथ ही मोदी ने कुवैत में रह रहे भारतीय नागरिकों की हर संभव मदद करने और उन पर व्यक्तिगत ध्यान देने के लिए कुवैती अमीर का आभार व्यक्त किया।
कुवैत हवाई हमले में भारतीय की मौत
यह वार्ता ऐसे समय में हुई जब हाल ही में कुवैत इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर हुए हवाई हमले में एक भारतीय नागरिक की मृत्यु हो गई थी और कई अन्य घायल हुए थे। भारत ने उस हमले की कड़ी निंदा की थी। विदेश मंत्रालय ने मृतक के परिजनों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की थी और बताया था कि भारतीय दूतावास घायलों को हरसंभव सहायता प्रदान कर रहा है।
भारत का स्पष्ट रुख
3 जून को विदेश मंत्रालय ने कहा था कि पश्चिम एशिया में संघर्ष शुरू होने के बाद से भारत लगातार यह स्पष्ट करता रहा है कि नागरिक आबादी और नागरिक बुनियादी ढाँचे को किसी भी परिस्थिति में निशाना नहीं बनाया जाना चाहिए। यह भारत की दीर्घकालिक कूटनीतिक नीति के अनुरूप है, जो संवाद और शांतिपूर्ण समाधान को प्राथमिकता देती है।
भारतीय समुदाय की सुरक्षा
विदेश मंत्रालय ने भरोसा दिलाया कि पश्चिम एशिया में स्थित भारत के सभी दूतावास और मिशन पूरी तरह सतर्क हैं। मौजूदा तनावपूर्ण परिस्थितियों के बीच स्थानीय प्रशासन के साथ लगातार संपर्क बनाए रखा जा रहा है और भारतीय समुदाय को सक्रिय रूप से सहायता प्रदान की जा रही है।
आगे की राह
गौरतलब है कि कुवैत में भारतीय प्रवासियों की बड़ी संख्या है, और पश्चिम एशिया में अस्थिरता का सीधा असर इस समुदाय पर पड़ता है। भारत की कूटनीतिक सक्रियता यह संकेत देती है कि नई दिल्ली क्षेत्र में अपने नागरिकों की सुरक्षा और शांति बहाली दोनों को लेकर सजग है।