12 जुलाई 2026
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होर्मुज स्ट्रेट विवाद: ईरानी स्पीकर गालिबाफ बोले — 'एकतरफा समझौतों का दौर खत्म', बहरीन में अमेरिकी अड्डे पर हमला

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होर्मुज स्ट्रेट विवाद: ईरानी स्पीकर गालिबाफ बोले — 'एकतरफा समझौतों का दौर खत्म', बहरीन में अमेरिकी अड्डे पर हमला

सारांश

ईरानी स्पीकर गालिबाफ की एक्स पोस्ट और बहरीन में अमेरिकी अड्डे पर हमले ने पश्चिम एशिया संकट को नई ऊँचाई पर पहुँचा दिया है। होर्मुज स्ट्रेट — जहाँ से वैश्विक तेल का बड़ा हिस्सा गुजरता है — अब सीधे सैन्य टकराव का केंद्र बन चुका है।

मुख्य बातें

ईरानी संसद स्पीकर मोहम्मद बाघेर गालिबाफ ने 12 जुलाई को एक्स पर पोस्ट कर कहा — 'एकतरफा समझौतों का दौर खत्म।' गालिबाफ ने अमेरिका-ईरान समझौता मसौदे के अनुच्छेद-5 की तस्वीर साझा की, जो होर्मुज स्ट्रेट को पुनः खोलने से संबंधित है।
ब्रिगेडियर जनरल मोहम्मद अकरमीनिया ने अमेरिका से जून एमओयू का पालन करने की माँग की।
बहरीन में अमेरिकी सैन्य अड्डे पर ड्रोन और मिसाइल हमले के बाद मिसाइल अलर्ट जारी किया गया।
मस्कट में ईरान-ओमान के कानूनी व तकनीकी प्रतिनिधिमंडलों के बीच होर्मुज सुरक्षा पर बातचीत हुई।

ईरानी संसद के स्पीकर मोहम्मद बाघेर गालिबाफ ने 12 जुलाई को एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर पोस्ट कर स्पष्ट किया कि होर्मुज स्ट्रेट को लेकर अमेरिका के साथ एकतरफा समझौतों का दौर अब समाप्त हो चुका है। ईरान और अमेरिका के बीच हवाई हमलों की तीव्रता लगातार बढ़ रही है, जिसने वैश्विक स्तर पर गंभीर चिंता उत्पन्न कर दी है।

गालिबाफ की चेतावनी और एक्स पोस्ट

गालिबाफ ने अपनी पोस्ट में लिखा, 'हमने पहले ही कहा था — वादा निभाओ, नहीं तो कीमत चुकाओ। अब हकीकत सामने है।' उन्होंने इस पोस्ट के साथ अमेरिका-ईरान समझौता मसौदे के अनुच्छेद-5 की तस्वीर भी साझा की, जो होर्मुज स्ट्रेट को पुनः खोलने से संबंधित है। कड़क तेवरों के लिए पहचाने जाने वाले गालिबाफ की यह टिप्पणी ऐसे समय में आई है जब दोनों देशों के बीच सैन्य टकराव फिर से उग्र रूप ले चुका है।

ईरानी सेना का रुख और होर्मुज विवाद

ईरानी सेना ने अमेरिका से जून में हस्ताक्षरित समझौता ज्ञापन (एमओयू) का पालन करने की माँग की है। ब्रिगेडियर जनरल मोहम्मद अकरमीनिया के अनुसार, होर्मुज स्ट्रेट में अमेरिका की दखलअंदाजी और वैकल्पिक समुद्री मार्ग बनाने की कोशिशों से क्षेत्र में असुरक्षा बढ़ी है। उन्होंने दावा किया कि ईरानी सेना होर्मुज स्ट्रेट में देश के संप्रभु अधिकारों की पूरी मजबूती से रक्षा करेगी।

ईरान-ओमान वार्ता: मस्कट में बैठक

ईरान ने यह भी स्पष्ट किया है कि होर्मुज स्ट्रेट में जहाजों की आवाजाही से जुड़े भविष्य के सभी निर्णय केवल ईरान और ओमान की आपसी सहमति से लिए जाने चाहिए। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बाघेई ने बताया कि मस्कट में दोनों देशों के कानूनी और तकनीकी प्रतिनिधिमंडलों के बीच बैठक हुई, जिसमें 'होर्मुज स्ट्रेट की सुरक्षा, जहाजों की सुरक्षित आवाजाही और दोनों देशों के संप्रभु अधिकारों' पर चर्चा हुई।

बहरीन में अमेरिकी सैन्य अड्डे पर हमला

अमेरिकी हमलों के जवाब में ईरान ने खाड़ी क्षेत्र में स्थित अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर हमले तेज कर दिए हैं। रविवार को बहरीन स्थित अमेरिकी सैन्य अड्डे के ऊपर धुएं का गुबार उठता दिखाई दिया, जिसके वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आए। इससे पहले ईरान ने दावा किया था कि उसने बहरीन में अमेरिकी सैन्य ठिकानों को ड्रोन और मिसाइलों से निशाना बनाया है। बहरीन में मिसाइल अलर्ट जारी कर लोगों को सुरक्षित स्थानों पर जाने के निर्देश दिए गए।

आगे क्या

यह टकराव ऐसे समय में और गहरा हो रहा है जब वैश्विक तेल आपूर्ति का एक बड़ा हिस्सा होर्मुज स्ट्रेट से होकर गुजरता है। मस्कट वार्ता के नतीजे और एमओयू के अनुच्छेद-5 पर दोनों पक्षों का रुख आने वाले दिनों में इस संकट की दिशा तय करेगा।

संपादकीय दृष्टिकोण

जहाँ से वैश्विक तेल आपूर्ति का बड़ा हिस्सा गुजरता है, अब सीधे सैन्य दाँव-पेंच का अखाड़ा बन चुका है। मस्कट वार्ता एक कूटनीतिक खिड़की है, लेकिन बहरीन पर हमले और जवाबी हवाई कार्रवाइयों की रफ्तार बताती है कि यह खिड़की तेजी से बंद हो रही है। मुख्यधारा की कवरेज हमलों की गिनती पर टिकी है — असली सवाल यह है कि एमओयू की किस शर्त के उल्लंघन ने इस दौर को फिर से भड़काया।
RashtraPress
12 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

ईरानी स्पीकर गालिबाफ ने एकतरफा समझौतों के बारे में क्या कहा?
ईरानी संसद के स्पीकर मोहम्मद बाघेर गालिबाफ ने 12 जुलाई को एक्स पर पोस्ट कर कहा कि एकतरफा समझौतों का दौर अब समाप्त हो चुका है। उन्होंने अमेरिका-ईरान समझौता मसौदे के अनुच्छेद-5 की तस्वीर साझा करते हुए लिखा — 'वादा निभाओ, नहीं तो कीमत चुकाओ।'
होर्मुज स्ट्रेट विवाद क्या है और यह क्यों अहम है?
होर्मुज स्ट्रेट फारस की खाड़ी और ओमान की खाड़ी को जोड़ने वाला संकरा समुद्री मार्ग है, जहाँ से वैश्विक तेल आपूर्ति का बड़ा हिस्सा गुजरता है। अमेरिका-ईरान समझौता मसौदे के अनुच्छेद-5 में इसे पुनः खोलने की शर्त थी, जिसके पालन को लेकर दोनों देशों में विवाद बढ़ा और सैन्य टकराव फिर उग्र हो गया।
बहरीन में अमेरिकी सैन्य अड्डे पर क्या हुआ?
रविवार को बहरीन स्थित अमेरिकी सैन्य अड्डे के ऊपर धुएं का गुबार उठता देखा गया। ईरान ने दावा किया था कि उसने बहरीन में अमेरिकी ठिकानों को ड्रोन और मिसाइलों से निशाना बनाया, जिसके बाद बहरीन में मिसाइल अलर्ट जारी कर लोगों को सुरक्षित स्थानों पर जाने के निर्देश दिए गए।
ईरान और ओमान के बीच मस्कट में किस मुद्दे पर बातचीत हुई?
मस्कट में ईरान और ओमान के कानूनी व तकनीकी प्रतिनिधिमंडलों के बीच होर्मुज स्ट्रेट की सुरक्षा, जहाजों की सुरक्षित आवाजाही और दोनों देशों के संप्रभु अधिकारों पर चर्चा हुई। ईरान का कहना है कि होर्मुज से जुड़े भविष्य के फैसले केवल ईरान और ओमान की आपसी सहमति से होने चाहिए।
ईरानी सेना ने अमेरिका से क्या माँग की है?
ब्रिगेडियर जनरल मोहम्मद अकरमीनिया के अनुसार, ईरानी सेना ने अमेरिका से जून में हस्ताक्षरित समझौता ज्ञापन (एमओयू) का पालन करने की माँग की है। उन्होंने कहा कि होर्मुज स्ट्रेट में अमेरिकी दखलअंदाजी और वैकल्पिक समुद्री मार्ग बनाने की कोशिशों से क्षेत्र में असुरक्षा बढ़ी है और ईरान अपने संप्रभु अधिकारों की पूरी मजबूती से रक्षा करेगा।
राष्ट्र प्रेस
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