होर्मुज स्ट्रेट से रोज़ाना 80-90 लाख बैरल तेल प्रवाह जारी — अमेरिकी ऊर्जा सचिव क्रिस राइट का बड़ा दावा
सारांश
मुख्य बातें
अमेरिकी ऊर्जा सचिव क्रिस राइट ने 14 अगस्त 2026 को स्पष्ट किया कि होर्मुज स्ट्रेट से प्रतिदिन 80 लाख से 90 लाख बैरल कच्चा तेल गुज़र रहा है। उन्होंने उन व्यापक दावों को सिरे से खारिज किया जिनमें कहा जा रहा था कि ईरान के साथ चल रहे संघर्ष के दौरान इस रणनीतिक जलमार्ग से तेल यातायात में भारी गिरावट आई है।
वाणिज्यिक ट्रैकिंग डेटा क्यों है अधूरा
राइट ने फॉक्स न्यूज़ पर एंकर ब्रेट बेयर के साथ साक्षात्कार में कहा कि अधिकांश जहाज अपने एआईएस (ऑटोमैटिक आइडेंटिफिकेशन सिस्टम) ट्रांसपोंडर बंद रखकर और सैन्य सुरक्षा के साए में यात्रा कर रहे हैं, इसलिए वाणिज्यिक ट्रैकिंग सेवाएं पूरी तस्वीर पेश करने में सक्षम नहीं हैं। उन्होंने कहा, 'हमें हर दिन ठीक-ठीक पता होता है कि होर्मुज स्ट्रेट से कितने जहाज आते-जाते हैं। हमें यह भी पता होता है कि वे क्या लेकर जा रहे हैं।'
वाणिज्यिक ट्रैकिंग कंपनी केप्लर ने संघर्ष से पहले प्रतिदिन 100 से अधिक जहाजों के होर्मुज पार करने का अनुमान लगाया था। बेयर ने बताया कि केप्लर ने सोमवार और मंगलवार दोनों दिन मात्र 14 जहाजों के गुज़रने की सूचना दर्ज की — राइट ने इन आँकड़ों को 'अपूर्ण' बताकर नकार दिया।
कुल तेल प्रवाह का गणित
राइट के अनुसार, होर्मुज स्ट्रेट से 80-90 लाख बैरल प्रतिदिन के अलावा 60 लाख बैरल तेल पाइपलाइनों के माध्यम से भेजा जा रहा है। उन्होंने कहा, 'आज मोटे तौर पर अरब खाड़ी इलाके से हर दिन 140-150 लाख बैरल तेल निकल रहा है, जबकि टकराव से पहले यह आँकड़ा 200 लाख बैरल प्रतिदिन था।' इस प्रकार, संघर्ष के कारण कुल आपूर्ति में प्रतिदिन लगभग 50-60 लाख बैरल की कमी आई है, हालाँकि राइट ने ज़ोर दिया कि यह गिरावट आम धारणा से कहीं कम है।
ईरान की क्षमता और अमेरिकी नियंत्रण पर बयान
बेयर ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के उस दावे पर भी राइट से सवाल किया जिसमें कहा गया था कि होर्मुज स्ट्रेट पर अमेरिका का 'पूरा नियंत्रण' है। राइट ने सावधानी से जवाब देते हुए कहा, 'ईरान अभी भी पड़ोसी देशों और वैश्विक अर्थव्यवस्था के लिए मुश्किलें पैदा कर रहा है।' साथ ही उन्होंने तर्क दिया कि अमेरिकी सुरक्षा अभियानों के विस्तार के साथ तेहरान की जहाज़ यातायात बाधित करने की क्षमता लगातार सिकुड़ रही है। 'उनके पास एक ही विकल्प बचा है और उसका आकार भी घटता जा रहा है,' — राइट ने कहा।
अमेरिका में पेट्रोल की कीमतें और रिफाइनिंग दबाव
राइट ने स्वीकार किया कि अमेरिका में पेट्रोल की कीमतें फिलहाल लगभग 4 डॉलर प्रति गैलन पर बनी हुई हैं। उन्होंने कहा कि प्रशासन इन्हें 3 डॉलर के आसपास लाना चाहता है, हालाँकि इसके लिए कोई समयसीमा नहीं बताई गई। राइट ने यह भी कहा कि इस समय कच्चे तेल की आपूर्ति की तुलना में रिफाइनिंग क्षमता पर अधिक दबाव है। उन्होंने यूक्रेन द्वारा रूसी रिफाइनरियों पर किए गए हमलों को भी परिष्कृत पेट्रोलियम उत्पादों की वैश्विक आपूर्ति में कमी और कीमतों में वृद्धि का एक अहम कारण बताया।
आगे क्या होगा
यह ऐसे समय में आया है जब वैश्विक ऊर्जा बाज़ार होर्मुज की स्थिति को लेकर सतर्क हैं और कच्चे तेल की कीमतें अस्थिर बनी हुई हैं। गौरतलब है कि होर्मुज स्ट्रेट दुनिया के सबसे व्यस्त तेल जलमार्गों में से एक है और वैश्विक तेल आपूर्ति का एक बड़ा हिस्सा इसी से होकर गुज़रता है। अमेरिकी सुरक्षा अभियानों की सीमा और ईरान की प्रतिक्रिया आने वाले हफ्तों में वैश्विक ऊर्जा बाज़ार की दिशा तय करेगी।