2-ब्रोमो-4-मिथाइलप्रोपियोफेनोन पर NCB रजिस्ट्रेशन अनिवार्य, 7 सितंबर से NDPS एक्ट के तहत सख्त कार्रवाई
सारांश
मुख्य बातें
वित्त मंत्रालय के राजस्व विभाग ने 15 जून 2026 को एक महत्वपूर्ण अधिसूचना जारी करते हुए रसायन 2-ब्रोमो-4-मिथाइलप्रोपियोफेनोन को नारकोटिक ड्रग्स एंड साइकोट्रॉपिक सब्सटेंसेज (NDPS) एक्ट के अंतर्गत नियंत्रित पदार्थ घोषित कर दिया है। सरकार के अनुसार, इस रसायन का उपयोग कथित तौर पर मेफेड्रोन जैसे मादक पदार्थों के अवैध निर्माण में हो रहा था, जिसके चलते यह कदम उठाया गया। अब इस पदार्थ से जुड़े सभी व्यापारिक लेन-देन के लिए नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (NCB) में पंजीकरण अनिवार्य कर दिया गया है।
नई अधिसूचना में क्या है
अधिसूचना के अनुसार, 2-ब्रोमो-4-मिथाइलप्रोपियोफेनोन के निर्माण, वितरण, बिक्री, खरीद, भंडारण, आयात, निर्यात या किसी भी प्रकार के उपयोग में संलग्न सभी व्यक्तियों और कंपनियों को NCB से पंजीकरण कराना होगा। इसके लिए संबंधित संस्थाओं को फॉर्म ए में आवेदन करना होगा और अपने क्षेत्र के NCB जोनल डायरेक्टर के पास फॉर्म बी जमा करना होगा। पंजीकरण की अंतिम तिथि 7 अगस्त 2026 निर्धारित की गई है, जो 180 दिनों की वैधानिक अवधि के भीतर है।
स्टॉक विवरण की अनिवार्यता
सरकार ने निर्देश दिया है कि इस रसायन का स्टॉक रखने वाले सभी निर्माता, व्यापारी, आयातक, निर्यातक और उपयोगकर्ता 30 जून 2026 तक का स्टॉक विवरण फॉर्म एक्स में 10 जुलाई 2026 तक NCB को जमा करें। यह कदम इस रसायन की मौजूदा आपूर्ति शृंखला पर नज़र रखने के लिए उठाया गया है। गौरतलब है कि अब तक यह रसायन NDPS कानून के दायरे से बाहर था, जिसके चलते खुले बाजार में इसकी बिक्री और दुरुपयोग हो रहा था।
उल्लंघन पर दंडात्मक कार्रवाई
अधिसूचना में स्पष्ट किया गया है कि 7 सितंबर 2026 के बाद यदि कोई व्यक्ति या संस्था बिना पंजीकरण के इस पदार्थ से संबंधित किसी भी गतिविधि में संलग्न पाई जाती है, तो उसके विरुद्ध NDPS एक्ट 1985 की धारा 25ए के तहत कड़ी दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। यह प्रावधान उन सभी पर लागू होगा जो पंजीकरण प्रक्रिया का पालन करने में विफल रहते हैं।
मेफेड्रोन निर्माण पर लगाम की कोशिश
यह ऐसे समय में आया है जब देश में सिंथेटिक मादक पदार्थों की तस्करी और अवैध निर्माण पर चिंता बढ़ती जा रही है। 2-ब्रोमो-4-मिथाइलप्रोपियोफेनोन एक प्रमुख प्रीकर्सर रसायन है जिसका उपयोग कथित तौर पर मेफेड्रोन — जिसे 'मेफ' या 'ड्रोन' भी कहा जाता है — के अवैध उत्पादन में किया जाता रहा है। मेफेड्रोन पहले से ही NDPS एक्ट के तहत प्रतिबंधित है। NCB ने बताया कि सभी निर्धारित फॉर्म और जोनल यूनिट्स की जानकारी उसके आधिकारिक पोर्टल पर उपलब्ध है।
आगे क्या होगा
पंजीकरण की अंतिम तिथि 7 अगस्त के बाद NCB संबंधित इकाइयों का सत्यापन करेगी और 7 सितंबर 2026 से अनुपालन न करने वालों के विरुद्ध कानूनी कार्रवाई शुरू हो सकती है। विशेषज्ञों के अनुसार, यह कदम सरकार की उस व्यापक रणनीति का हिस्सा है जिसके तहत सिंथेटिक ड्रग्स के प्रीकर्सर रसायनों को नियंत्रित कर अवैध मादक पदार्थों की आपूर्ति शृंखला को तोड़ा जाए।