312 भारतीय मछुआरे ईरान से सुरक्षित भारत लौटे, आर्मेनिया का योगदान सराहनीय
सारांश
Key Takeaways
- 312 भारतीय मछुआरे ईरान से सुरक्षित निकाले गए।
- आर्मेनिया का सहयोग महत्वपूर्ण रहा।
- भारत सरकार ने नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए प्रयास जारी रखे हैं।
- अमेरिका और ईरान के बीच उच्चस्तरीय वार्ता चल रही है।
- इस वार्ता का वैश्विक अर्थव्यवस्था पर प्रभाव पड़ेगा।
नई दिल्ली, 11 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। भारत के विदेश मंत्री डॉ. एस. जयशंकर ने शनिवार को बताया कि 312 भारतीय मछुआरे ईरान से आर्मेनिया के माध्यम से सुरक्षित रूप से भारत लौट आए हैं। उन्होंने इस प्रयास के लिए आर्मेनियाई सरकार का आभार व्यक्त किया।
विदेश मंत्री ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर साझा करते हुए कहा, "312 भारतीय मछुआरों को आर्मेनिया के माध्यम से ईरान से सुरक्षित भारत लाया गया। इसके लिए आर्मेनिया सरकार और मेरे मित्र अरारत मिर्जोयान का धन्यवाद।"
इससे पूर्व 5 अप्रैल को, पश्चिम एशिया में चल रहे संघर्ष के दौरान ईरान में फंसे कुल 345 भारतीय मछुआरे चेन्नई पहुंचे थे।
विदेश मंत्रालय के अनुसार, संघर्ष क्षेत्र में अपने नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की भारत की निरंतर कोशिशों के तहत इन मछुआरों को वापस लाया गया।
विदेश मंत्री ने एक अन्य सोशल मीडिया पोस्ट में आर्मेनियाई सरकार का आभार व्यक्त किया और ईरान से भारत में भारतीय नागरिकों के सुरक्षित ट्रांजिट को संभव बनाने के लिए अपने समकक्ष अरारत मिर्ज़ोयान को धन्यवाद दिया।
आर्मेनिया ईरान में भारतीय नागरिकों को निकालने में मदद कर रहा है। विदेश मंत्रालय ने बताया कि ईरान से 1,200 से अधिक भारतीय नागरिकों को सुरक्षित निकाला गया है, जिनमें से 996 आर्मेनिया गए।
इस बीच, खाड़ी क्षेत्र में बढ़ते तनाव को समाप्त करने के प्रयास में अमेरिका और ईरान के प्रतिनिधिमंडल इस्लामाबाद पहुंच चुके हैं। अमेरिका के उपराष्ट्रपति जेडी. वेंस, अमेरिका-ईरान वार्ता के लिए अमेरिकी प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व कर रहे हैं। वेंस अपने प्रतिनिधिमंडल के साथ सुबह लगभग 11:15 बजे (आएसटी) इस्लामाबाद पहुंचे।
इस समय पूरी दुनिया पाकिस्तान में हो रही इस वार्ता पर नज़र बनाए हुए है। पाकिस्तान में अमेरिका और ईरान के बीच उच्चस्तरीय बातचीत शुरू हो गई है, जिसका मिडिल ईस्ट और वैश्विक अर्थव्यवस्था पर महत्वपूर्ण प्रभाव पड़ेगा।
मीडिया से बात करते हुए, वेंस ने आगामी बातचीत को लेकर सकारात्मक दृष्टिकोण व्यक्त किया और कहा, "हम बातचीत का इंतज़ार कर रहे हैं। मुझे लगता है कि यह सकारात्मक होगी।"