असम विधानसभा चुनाव: भाजपा 89 सीटों पर लड़ेगी, सहयोगियों को 37 सीटें मिलेंगी: सीएम सरमा
सारांश
Key Takeaways
- भाजपा 89 सीटों पर चुनाव लड़ेगी।
- सहयोगियों को 37 सीटें आवंटित की जाएंगी।
- असम विधानसभा में कुल 126 सीटें हैं।
- मतदान 9 अप्रैल को होगा।
- मतगणना 4 मई को होगी।
नई दिल्ली, 17 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने मंगलवार को यह जानकारी दी कि आगामी विधानसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) 89 सीटों पर चुनाव लड़ेगी, जबकि उनके सहयोगी दलों को मिलाकर 37 सीटें आवंटित की जाएंगी।
सीटों के बंटवारे के अनुसार, असम गण परिषद (एजीपी) को 26 सीटें मिलेंगी, जबकि बोडोलैंड पीपल्स फ्रंट (बीपीएफ) को 11 सीटें दी गई हैं। इस प्रकार, 126 सदस्यीय विधानसभा के लिए भाजपा 89 सीटों पर अपने उम्मीदवार उतारेगी।
सरमा ने भाजपा की केंद्रीय चुनाव समिति की बैठक के पश्चात बताया कि सीटों के समायोजन की बातचीत अंतिम चरण में है और गठबंधन जल्द ही अपनी चुनावी रणनीति को अंतिम रूप देगा। उन्होंने कहा, “हम समन्वित तरीके से चुनाव लड़ने की तैयारी कर रहे हैं, ताकि बेहतर प्रदर्शन किया जा सके।”
असम विधानसभा में कुल 126 सीटें हैं और राज्य में चुनावी गतिविधियों में तेजी आई है। सभी राजनीतिक दल अपने गठबंधन और उम्मीदवारों को अंतिम रूप देने में जुटे हैं।
2021 के विधानसभा चुनाव में भाजपा के नेतृत्व वाले राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) ने 126 में से 75 सीटें जीतकर सत्ता में वापसी की थी। भाजपा ने अकेले 60 सीटें जीती थीं, जबकि एजीपी को 9 सीटें मिली थीं।
पिछले चुनाव में भाजपा ने 92 सीटों पर चुनाव लड़ा था, जबकि एजीपी को 26 और यूनाइटेड पीपल्स पार्टी लिबरल (यूपीपीएल) को 8 सीटें आवंटित की गई थीं।
एनडीए की 2021 की जीत खास थी, क्योंकि यह पहली बार था जब किसी गैर-कांग्रेस गठबंधन ने असम में लगातार दूसरी बार सत्ता बरकरार रखी।
असम की राजनीति में सीट बंटवारा हमेशा से महत्वपूर्ण रहा है, विशेषकर बोडोलैंड जैसे क्षेत्रों में जहां क्षेत्रीय दलों का खासा प्रभाव है।
मुख्यमंत्री सरमा ने यह भी बताया कि भाजपा बुधवार को अपने उम्मीदवारों की सूची जारी करेगी। राज्य में 126 सदस्यीय विधानसभा के लिए मतदान 9 अप्रैल को होगा, जबकि मतगणना 4 मई को की जाएगी।