बाराबंकी में मिलावटी मिठाई पर खाद्य विभाग का शिकंजा, जहांगीराबाद में विशेष टीम रवाना
सारांश
मुख्य बातें
बाराबंकी के जहांगीराबाद बाज़ार में रक्षाबंधन और आगामी त्योहारी सीज़न के दौरान असामान्य रूप से कम कीमत पर बिक रही मिठाइयों को लेकर मिलावट की गंभीर आशंका जताई जा रही है। बाराबंकी खाद्य विभाग के असिस्टेंट कमिश्नर डॉ. शैलेंद्र प्रताप सिंह ने तत्काल कार्रवाई का आश्वासन देते हुए एक विशेष जाँच दल को जहांगीराबाद रवाना किया है।
कीमतों में विसंगति ने उठाए सवाल
बाज़ार में इस समय मावा लगभग ₹400 प्रति किलो और चीनी लगभग ₹60 प्रति किलो की दर पर उपलब्ध है। ऐसे में जहांगीराबाद क्षेत्र में कालाजाम मात्र ₹180 प्रति किलो और छेना ₹200 प्रति किलो में बिकना स्वाभाविक रूप से संदेह पैदा करता है। विशेषज्ञों और उपभोक्ताओं के अनुसार, कच्चे माल की इतनी ऊँची लागत में इतनी सस्ती मिठाई बनाना व्यावसायिक रूप से संभव नहीं है, जब तक कि उसमें मिलावट न हो।
पूर्व जाँच में सामने आए थे सबस्टैंडर्ड नमूने
डॉ. शैलेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि जहांगीराबाद बाज़ार में पहले भी त्योहारी मौसम में खाद्य पदार्थों की सैंपलिंग की जा चुकी है। अब तक की जाँचों में कोई अनसेफ मिलावट का मामला प्रकाश में नहीं आया है, लेकिन कुछ खाद्य पदार्थ सबस्टैंडर्ड पाए गए, जिनमें स्टार्च या अरारोट की मिलावट की पुष्टि हुई थी। ऐसे मामलों में संबंधित विक्रेताओं के विरुद्ध एडीएम कोर्ट में मुकदमे दर्ज किए गए और जुर्माना भी वसूला गया।
त्योहारी सीज़न में व्यापक निगरानी अभियान
खाद्य विभाग के अनुसार, अगस्त से ही त्योहारों का क्रम शुरू हो चुका है और सावन मेले से ही निरीक्षण एवं सैंपलिंग जारी है। रक्षाबंधन के बाद जन्माष्टमी सहित कई पर्व आने वाले हैं, जिसे देखते हुए खाद्य सुरक्षा अधिकारियों को बाज़ारों में निरंतर भ्रमण और जाँच के निर्देश दिए गए हैं। इस बार विभाग का विशेष ध्यान उन खाद्य पदार्थों पर है जो बाराबंकी से अन्य जिलों में भेजे जा रहे हैं या दूसरे जिलों से होकर गुज़र रहे हैं।
टोल नाकों पर चेकिंग, ₹3.21 लाख का नमकीन सीज़
विभाग ने हैदरगढ़, अहमदपुर और मसौली-बहराइच रोड स्थित टोल नाकों पर विशेष चेकिंग अभियान चलाया है। अहमदपुर में रात के समय भी लगातार जाँच जारी है। अब तक 40 निरीक्षण पूरे किए जा चुके हैं, 19 खाद्य नमूने प्रयोगशाला परीक्षण के लिए भेजे गए हैं और लगभग 3,416 किलोग्राम नमकीन — जिसका बाज़ार मूल्य करीब ₹3.21 लाख बताया गया है — सीज़ किया जा चुका है।
मौके पर ही नष्ट किए जा रहे खराब खाद्य पदार्थ
अधिकारियों के अनुसार, जिन मिठाइयों या खाद्य पदार्थों में फफूंदी दिखाई देती है अथवा दूध व अन्य सामग्री से दुर्गंध आती है, उन्हें मौके पर ही नष्ट कराया जा रहा है। अब तक लगभग ₹15,000 मूल्य के खाद्य पदार्थों का विनष्टीकरण किया जा चुका है। असिस्टेंट कमिश्नर डॉ. सिंह ने स्पष्ट किया कि यह अभियान त्योहार समाप्त होने के बाद भी जारी रहेगा — खाद्य विभाग की कार्रवाई एक सतत प्रक्रिया है, न कि मौसमी।