पश्चिम बंगाल में इमामों-पुरोहितों का भत्ता बंद, BJP नेता श्रीनिवास बोले— प्रो-माइनॉरिटी राजनीति का अंत

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पश्चिम बंगाल में इमामों-पुरोहितों का भत्ता बंद, BJP नेता श्रीनिवास बोले— प्रो-माइनॉरिटी राजनीति का अंत

सारांश

पश्चिम बंगाल में CM शुवेंदु अधिकारी की कैबिनेट ने इमामों-पुरोहितों का भत्ता बंद कर दिया। BJP नेता टीआर श्रीनिवास ने इसे 'प्रो-माइनॉरिटी राजनीति का अंत' बताया और पूर्व सरकार पर ₹5,700 करोड़ के पक्षपाती आवंटन का आरोप लगाया। पार्क सर्कस और सड़क नमाज पर भी BJP ने आक्रामक रुख अपनाया।

मुख्य बातें

मुख्यमंत्री शुवेंदु अधिकारी की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में इमामों और पुरोहितों का सरकारी भत्ता समाप्त करने का निर्णय लिया गया।
BJP नेता टीआर श्रीनिवास ने पूर्व सरकार पर आरोप लगाया कि अंतरिम बजट में विज्ञान-प्रौद्योगिकी को केवल ₹155 करोड़ जबकि अल्पसंख्यक मदों को ₹5,700 करोड़ आवंटित किए गए थे।
कोलकाता के पार्क सर्कस पत्थरबाजी मामले में श्रीनिवास ने सीएम शुवेंदु के बयान का समर्थन किया।
श्रीनिवास ने ममता बनर्जी के 15 वर्षीय शासन को 'अराजक' बताते हुए कथित अवैध अतिक्रमण का हवाला दिया।
सार्वजनिक सड़कों पर नमाज के मुद्दे पर उन्होंने सीएम योगी आदित्यनाथ की टिप्पणी का समर्थन किया।

पश्चिम बंगाल की नई सरकार ने इमामों और पुरोहितों को दिए जाने वाले सरकारी भत्तों को समाप्त करने का बड़ा फैसला किया है। मुख्यमंत्री शुवेंदु अधिकारी की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में यह निर्णय लिया गया, जिसने राज्य की राजनीति में नई बहस छेड़ दी है। हैदराबाद से भारतीय जनता पार्टी (BJP) के नेता टीआर श्रीनिवास ने इस कदम को सकारात्मक बताते हुए पूर्ववर्ती सरकार की नीतियों पर तीखे सवाल उठाए।

भत्ता समाप्ति का फैसला

कैबिनेट के इस निर्णय के तहत राज्य सरकार अब इमामों और पुरोहितों को दी जाने वाली वित्तीय सहायता जारी नहीं रखेगी। BJP नेता टीआर श्रीनिवास ने कहा कि यह सीएम शुवेंदु अधिकारी द्वारा उठाया गया अत्यंत सकारात्मक कदम है। उन्होंने इसे राज्य में धर्मनिरपेक्ष शासन की दिशा में एक महत्वपूर्ण बदलाव बताया।

पूर्व सरकार पर आरोप

श्रीनिवास ने पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के कार्यकाल के बजट आवंटन पर सवाल उठाते हुए आरोप लगाया कि पिछले अंतरिम बजट में विज्ञान और प्रौद्योगिकी के लिए केवल ₹155 करोड़ आवंटित किए गए थे, जबकि इमामों, मदरसों और अल्पसंख्यक वर्ग के लिए ₹5,700 करोड़ आवंटित किए गए थे। उन्होंने कहा कि यह आँकड़ा पूर्ववर्ती सरकार की तथाकथित प्रो-माइनॉरिटी मंशा को उजागर करता है।

पार्क सर्कस पत्थरबाजी पर बयान

कोलकाता के पार्क सर्कस इलाके में हुई पत्थरबाजी की घटना के संदर्भ में सीएम शुवेंदु के बयान का समर्थन करते हुए श्रीनिवास ने कहा कि जिस प्रकार कश्मीर में पत्थरबाजी समाप्त हुई, उसी प्रकार पश्चिम बंगाल में भी यह बंद होगी। उन्होंने ममता बनर्जी के 15 वर्षों के शासन को 'अराजक' बताते हुए आरोप लगाया कि उस दौरान कथित घुसपैठियों, अवैध रोहिंग्याओं और बांग्लादेशियों ने सड़कों, फुटपाथों और सार्वजनिक स्थानों पर अतिक्रमण किया, यहाँ तक कि हावड़ा स्टेशन का स्वरूप भी बदल गया था।

सड़कों पर नमाज का मुद्दा

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की सार्वजनिक सड़कों पर नमाज को लेकर की गई टिप्पणी का समर्थन करते हुए श्रीनिवास ने कहा कि बकरीद के अवसर पर सार्वजनिक सड़कों पर नमाज से यातायात बाधित होता है और अन्य धर्मों के लोगों को असुविधा होती है। उन्होंने मुस्लिम समुदाय से वक्फ भूमि का उपयोग करने का आग्रह किया।

राजनीतिक परिदृश्य

यह ऐसे समय में आया है जब पश्चिम बंगाल में सत्ता परिवर्तन के बाद से नई सरकार की नीतियाँ राष्ट्रीय राजनीतिक बहस का केंद्र बन रही हैं। गौरतलब है कि धार्मिक भत्तों का मुद्दा वर्षों से विवादास्पद रहा है और इस फैसले पर विभिन्न दलों की प्रतिक्रियाएँ आने का सिलसिला जारी रहने की संभावना है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन BJP नेता के बजट आँकड़ों को स्वतंत्र रूप से सत्यापित किए बिना स्वीकार करना पत्रकारिता की दृष्टि से सावधानी माँगता है। असली सवाल यह है कि क्या यह फैसला धर्मनिरपेक्ष सिद्धांत पर आधारित है या चुनावी ध्रुवीकरण की रणनीति — क्योंकि पुरोहितों का भत्ता भी साथ में बंद हुआ है, यह बात अक्सर बहस में पीछे छूट जाती है। पश्चिम बंगाल में सत्ता परिवर्तन के बाद की इन नीतियों का असली परीक्षण तब होगा जब राज्य के विकास बजट और सामाजिक समरसता के व्यापक संकेतक सामने आएँगे।
RashtraPress
19 मई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

पश्चिम बंगाल में इमामों और पुरोहितों का भत्ता क्यों बंद किया गया?
मुख्यमंत्री शुवेंदु अधिकारी की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में यह निर्णय लिया गया। सरकार ने इसे नीतिगत सुधार बताया है, हालाँकि आधिकारिक विस्तृत कारण अभी सार्वजनिक नहीं किए गए हैं।
BJP नेता टीआर श्रीनिवास ने पूर्व सरकार पर क्या आरोप लगाए?
श्रीनिवास ने आरोप लगाया कि पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के कार्यकाल के अंतरिम बजट में विज्ञान और प्रौद्योगिकी को केवल ₹155 करोड़ दिए गए, जबकि इमामों, मदरसों और अल्पसंख्यक मदों पर ₹5,700 करोड़ खर्च किए गए। उन्होंने इसे 'प्रो-माइनॉरिटी और प्रो-घुसपैठिया ढाँचे' की मंशा बताया।
पार्क सर्कस पत्थरबाजी मामले पर BJP का क्या रुख है?
BJP नेता श्रीनिवास ने सीएम शुवेंदु अधिकारी के बयान का समर्थन करते हुए कहा कि जैसे कश्मीर में पत्थरबाजी बंद हुई, वैसे ही पश्चिम बंगाल में भी होगी। उन्होंने इसे ममता बनर्जी के 15 वर्षों के शासन में कथित अराजकता का परिणाम बताया।
सार्वजनिक सड़कों पर नमाज के मुद्दे पर BJP का क्या कहना है?
BJP नेता श्रीनिवास ने सीएम योगी आदित्यनाथ की उस टिप्पणी का समर्थन किया जिसमें सार्वजनिक सड़कों पर नमाज से यातायात बाधित होने की बात कही गई थी। उन्होंने मुस्लिम समुदाय से वक्फ भूमि का उपयोग करने का आग्रह किया।
पश्चिम बंगाल में यह नीतिगत बदलाव किस व्यापक संदर्भ में आया है?
राज्य में सत्ता परिवर्तन के बाद नई सरकार कई विवादास्पद नीतियों को पलट रही है। धार्मिक भत्तों की समाप्ति, पार्क सर्कस घटना और सार्वजनिक स्थानों पर धार्मिक गतिविधियों का मुद्दा — ये सभी राष्ट्रीय राजनीतिक बहस का हिस्सा बन गए हैं।
राष्ट्र प्रेस
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