नीट पेपर लीक: भोपाल में NSUI का प्रदर्शन, पूर्व CM दिग्विजय सिंह सहित कई कांग्रेस नेता हिरासत में
सारांश
मुख्य बातें
नीट पेपर लीक विवाद के विरोध में भारतीय राष्ट्रीय छात्र संगठन (NSUI) की मध्य प्रदेश इकाई ने शनिवार, 30 मई को भोपाल में बड़ा प्रदर्शन किया। कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं की अगुवाई में निकले मार्च को पुलिस ने रेडक्रॉस चौराहे पर बैरिकेडिंग कर रोक दिया, जिसके बाद पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह समेत कई वरिष्ठ नेताओं को हिरासत में ले लिया गया।
मुख्य घटनाक्रम
प्रदर्शनकारी कांग्रेस कार्यालय से मुख्यमंत्री आवास का घेराव करने के इरादे से निकले थे। पुलिस ने रेडक्रॉस चौराहे पर बैरिकेडिंग लगाकर उनका रास्ता रोका। NSUI के राष्ट्रीय अध्यक्ष विनोद जाखड़ और प्रदेश उपाध्यक्ष रवि परमार समेत कुछ कार्यकर्ता बैरिकेड पर चढ़ गए, जिसके बाद पुलिस ने वाटर कैनन का उपयोग किया।
हिरासत और लाठीचार्ज के आरोप
स्थिति बिगड़ने पर पुलिस ने पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह, पूर्व मंत्री पी.सी. शर्मा, पूर्व मंत्री राजकुमार पटेल, सिलवानी विधायक एवं रायसेन जिला अध्यक्ष देवेंद्र पटेल, पूर्व विधायक शैलेंद्र पटेल, विदिशा जिला अध्यक्ष मोहित रघुवंशी सहित बड़ी संख्या में NSUI और कांग्रेस नेताओं को हिरासत में लिया। इन सभी को बस में बिठाकर रातीबड़ थाने ले जाया गया।
कांग्रेस कार्यकर्ताओं का आरोप है कि पुलिस ने उन पर लाठीचार्ज भी किया। इस कथित लाठीचार्ज में प्रदेश उपाध्यक्ष रवि परमार समेत कई कार्यकर्ता घायल हो गए। घायलों को सिद्धांता अस्पताल में उपचार के लिए ले जाया गया।
विरोध की पृष्ठभूमि
यह ऐसे समय में आया है जब नीट पेपर लीक मामले ने पूरे देश में छात्रों और विपक्षी दलों में आक्रोश पैदा किया है। NSUI ने इस मुद्दे पर पहले ही विरोध प्रदर्शन का ऐलान किया था। गौरतलब है कि मध्य प्रदेश में सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी (BJP) सरकार के खिलाफ यह कांग्रेस का सीधा टकराव था।
आगे क्या
हिरासत में लिए गए नेताओं की रिहाई और पुलिस की कार्रवाई पर राजनीतिक बयानबाजी तेज होने की संभावना है। नीट पेपर लीक मामले में केंद्र सरकार और जाँच एजेंसियों पर दबाव बढ़ता जा रहा है, और विपक्ष इस मुद्दे को राष्ट्रीय स्तर पर उठाने की तैयारी में है।