घुसपैठिया मुद्दे पर BJP का कांग्रेस पर हमला, सूरत में 'लोकतंत्र बचाओ' मार्च
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय जनता पार्टी (BJP) की गुजरात इकाई ने 25 अक्टूबर 2026 को सूरत में 'लोकतंत्र बचाओ, अराजकता दूर करो' मार्च निकालकर भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस (कांग्रेस) पर घुसपैठियों को संरक्षण देने और मतदाता सूची के विशेष गहन संशोधन (SIR) का विरोध करने का आरोप लगाया। पार्टी का कहना है कि कांग्रेस लोकतांत्रिक संस्थाओं और चुनाव प्रक्रिया में जनता के भरोसे को कमज़ोर करने का प्रयास कर रही है।
मार्च का आयोजन और नेतृत्व
यह मार्च अडाजन के प्राइम मार्केट के निकट से प्रारंभ हुआ और प्रेसिडेंसी सर्कल, मछली सर्कल, वरुण हॉस्पिटल सर्कल होते हुए भुलका भवन सर्कल पर समाप्त हुआ। राज्य BJP अध्यक्ष जगदीश विश्वकर्मा ने केंद्रीय जल शक्ति मंत्री सीआर पाटिल की उपस्थिति में मार्च को संबोधित किया।
मार्च में राज्य मंत्री नरेश पटेल, BJP के राज्य महासचिव प्रशांत कोराट, सूरत शहर BJP अध्यक्ष परेश पटेल, सांसद, विधायक, धार्मिक एवं सामुदायिक नेता, व्यापारी संघों के प्रतिनिधि, महिलाएँ, गैर सरकारी संगठनों के प्रतिनिधि और अन्य नागरिक शामिल हुए।
मुख्य आरोप और बयान
विश्वकर्मा ने आरोप लगाया कि कांग्रेस घुसपैठियों को संरक्षण दे रही है और नहीं चाहती कि उनके नाम मतदाता सूची से हटाए जाएँ। उनके अनुसार विपक्षी दल देश में अशांति फैलाने और लोकतांत्रिक संस्थाओं के प्रति भ्रम एवं अविश्वास का माहौल बनाने में लगा है।
विश्वकर्मा ने यह भी आरोप लगाया कि कांग्रेस जनता के जनादेश को स्वीकार करने को तैयार नहीं है और 'झूठ की राजनीति' का सहारा ले रही है। उन्होंने पार्टी पर कथित तौर पर विदेशी ताकतों के इशारे पर काम करके युवाओं को भड़काने का भी आरोप लगाया।
विश्वकर्मा ने कहा कि कांग्रेस नेता राहुल गांधी और उनके सहयोगियों की कथित साजिशें कभी सफल नहीं होंगी, क्योंकि भारत के युवा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ हैं।
SIR विवाद की पृष्ठभूमि
यह मार्च ऐसे समय में आया है जब मतदाता सूची के विशेष गहन संशोधन (SIR) को लेकर भाजपा और विपक्ष के बीच तनाव बढ़ा हुआ है। भाजपा का कहना है कि SIR प्रक्रिया का उद्देश्य केवल फर्जी मतदाताओं और घुसपैठियों के नाम हटाना है, जबकि कांग्रेस सहित विपक्षी दल इस पर आपत्ति जताते रहे हैं। गौरतलब है कि भाजपा और राष्ट्रीय लोकतांत्रिक गठबंधन (NDA) वर्तमान में 22 राज्यों में सत्ता में हैं।
प्रतिभागियों के नारे
मार्च के दौरान प्रतिभागियों ने 'कांग्रेस घुसपैठियों का समर्थन करती है', 'घुसपैठियों के मित्र देशद्रोही हैं' और 'देश वोट चोरी के नाम पर जनता के जनादेश का अपमान बर्दाश्त नहीं करेगा' जैसे नारे लगाए। विश्वकर्मा ने 'मेक इन इंडिया' पहल और प्रधानमंत्री मोदी की 25 वर्षों की सार्वजनिक सेवा का भी उल्लेख किया।
आगे क्या
भाजपा की गुजरात इकाई के अनुसार, यह अभियान आगे भी जारी रहेगा और राज्य के अन्य शहरों में भी इसी तरह के कार्यक्रम आयोजित किए जाएँगे। इस राजनीतिक सरगर्मी के बीच कांग्रेस की प्रतिक्रिया पर सभी की निगाहें टिकी हैं।