24 अगस्त 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

परंदूर एयरपोर्ट रद्द और एलपीजी वादाखिलाफी पर भाजपा का विजय सरकार पर तीखा हमला

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
परंदूर एयरपोर्ट रद्द और एलपीजी वादाखिलाफी पर भाजपा का विजय सरकार पर तीखा हमला

सारांश

भाजपा ने तमिलनाडु की विजय सरकार पर दोहरा हमला बोला — परंदूर एयरपोर्ट प्रोजेक्ट रद्द करना 'अपरिपक्वता' है, और चुनावी वादे के छह की जगह तीन एलपीजी सिलेंडर देना '1.30 करोड़ परिवारों से सीधा धोखा' है।

मुख्य बातें

भाजपा प्रवक्ता नारायणन तिरुपति ने 24 अगस्त को मुख्यमंत्री सी.
जोसेफ विजय पर परंदूर एयरपोर्ट प्रोजेक्ट रद्द करने को लेकर 'अपरिपक्वता और अक्षमता' का आरोप लगाया।
विजय सरकार ने 'अन्नपूर्णी सुपर सिक्स' योजना घोषित की — पात्र परिवारों को सालाना तीन एलपीजी सिलेंडर की राशि सीधे बैंक खाते में।
भाजपा का आरोप: घोषणापत्र में छह सिलेंडर का वादा था, अब सिर्फ तीन दिए जा रहे हैं — लाभार्थियों की संख्या में भी भारी कमी।
योजना पोंगल 2027 से लागू होगी; ₹2.5 लाख से कम आय वाले लगभग 1.30 करोड़ परिवार लाभार्थी।
राज्य सरकार के अनुसार इस योजना पर सालाना लगभग ₹4,000 करोड़ का व्यय अनुमानित।

तमिलनाडु भाजपा के प्रवक्ता नारायणन तिरुपति ने सोमवार, 24 अगस्त को मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय की सरकार पर दो मोर्चों पर जोरदार हमला बोला — परंदूर एयरपोर्ट प्रोजेक्ट को रद्द करने का फैसला और चुनावी वादे के मुकाबले एलपीजी सिलेंडर की संख्या में कटौती। तिरुपति ने इन दोनों कदमों को राज्य सरकार की 'अपरिपक्वता और अक्षमता' का प्रमाण बताया।

परंदूर एयरपोर्ट पर भाजपा का रुख

तिरुपति ने कहा, 'यह बहुत दुर्भाग्यपूर्ण है। चार-पाँच साल से अधिक समय से सरकार एक नए एयरपोर्ट प्रोजेक्ट पर काम कर रही थी, जिससे तमिलनाडु की पूरी अर्थव्यवस्था को बढ़ावा मिलता — यह सब बेकार चला गया।' उन्होंने सीएम विजय के इस फैसले को 'निंदनीय' और 'तमिलनाडु के हित में नहीं' बताया।

भाजपा नेता ने यह भी कहा कि बड़े इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स में चुनौतियाँ आना स्वाभाविक है, लेकिन उनका समाधान संवाद और उचित मुआवजे के जरिये निकाला जाना चाहिए था — न कि पूरे प्रोजेक्ट को ही रद्द करके। उन्होंने कहा, 'आप लोगों से बात कर सकते हैं और उचित मुआवजा दे सकते हैं। यही एकमात्र तरीका है।'

एलपीजी योजना पर वादाखिलाफी का आरोप

विजय सरकार ने उसी दिन तमिलनाडु विधानसभा में 'अन्नपूर्णी सुपर सिक्स' योजना की घोषणा की, जिसके तहत पात्र परिवारों को सालाना तीन एलपीजी सिलेंडर की राशि सीधे उनके बैंक खातों में दी जाएगी। यह योजना पोंगल 2027 से लागू होगी और ₹2.5 लाख से कम वार्षिक आय वाले लगभग 1.30 करोड़ परिवारों को लाभ मिलने का अनुमान है। राज्य सरकार के अनुसार इस पर सालाना लगभग ₹4,000 करोड़ का व्यय होगा।

तिरुपति ने इस पर तीखी आपत्ति जताई। उन्होंने कहा, 'चुनाव के दौरान उनके घोषणापत्र में सभी परिवारों को हर साल छह सिलेंडर देने का वादा था, लेकिन अब सिर्फ तीन सिलेंडर दिए जा रहे हैं। आपने तमिलनाडु के लोगों को धोखा क्यों दिया?' उन्होंने यह भी कहा कि न केवल सिलेंडर की संख्या घटाई गई है, बल्कि लाभार्थियों की संख्या में भी 'भारी कमी' आई है।

सरकार की प्रतिक्रिया और संदर्भ

गौरतलब है कि परंदूर एयरपोर्ट प्रोजेक्ट चेन्नई के निकट प्रस्तावित था और इसे राज्य की हवाई संपर्क क्षमता बढ़ाने के लिए महत्वपूर्ण माना जाता था। इस प्रोजेक्ट पर कई वर्षों से भूमि अधिग्रहण और स्थानीय विरोध को लेकर विवाद चल रहा था। विजय सरकार की ओर से इस आलोचना पर तत्काल कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई।

आम जनता पर असर

यदि भाजपा के दावे सही हैं, तो 1.30 करोड़ परिवारों को चुनावी वादे के अनुसार छह की बजाय तीन सिलेंडर ही मिलेंगे — यानी प्रति परिवार तीन सिलेंडर की राशि कम। इसके अलावा परंदूर एयरपोर्ट रद्द होने से तमिलनाडु में संभावित निवेश और रोजगार के अवसर भी प्रभावित हो सकते हैं। तिरुपति ने भाजपा की ओर से इन दोनों फैसलों की 'कड़ी निंदा' की।

आगे क्या

भाजपा ने संकेत दिया है कि वह इन दोनों मुद्दों को जन-आंदोलन का रूप दे सकती है। 'अन्नपूर्णी सुपर सिक्स' योजना के क्रियान्वयन की दिशा और परंदूर प्रोजेक्ट के विकल्प पर सरकार का अगला कदम तमिलनाडु की राजनीति में निर्णायक साबित हो सकता है।

संपादकीय दृष्टिकोण

हालाँकि सरकार की ओर से वित्तीय सीमाओं का तर्क अभी सामने नहीं आया है। असली सवाल यह है कि क्या विजय सरकार इस दोहरे राजनीतिक दबाव का जवाब नीतिगत स्पष्टीकरण से देगी या चुप्पी साधेगी — क्योंकि दोनों मुद्दे 2026 के विधानसभा चुनाव से पहले विपक्ष के लिए उपजाऊ ज़मीन बन सकते हैं।
RashtraPress
24 अगस्त 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

परंदूर एयरपोर्ट प्रोजेक्ट क्या था और इसे क्यों रद्द किया गया?
परंदूर एयरपोर्ट प्रोजेक्ट चेन्नई के निकट प्रस्तावित एक नया हवाई अड्डा था, जिस पर तमिलनाडु सरकार चार-पाँच साल से अधिक समय से काम कर रही थी। भाजपा के अनुसार इसे रद्द करना राज्य की अर्थव्यवस्था के लिए नुकसानदेह है, हालाँकि सरकार ने रद्द करने के कारणों का आधिकारिक विवरण अभी तक नहीं दिया है।
अन्नपूर्णी सुपर सिक्स योजना क्या है?
'अन्नपूर्णी सुपर सिक्स' तमिलनाडु सरकार की एक कल्याणकारी योजना है जिसके तहत ₹2.5 लाख से कम वार्षिक आय वाले लगभग 1.30 करोड़ परिवारों को सालाना तीन एलपीजी सिलेंडर की राशि सीधे बैंक खाते में दी जाएगी। यह योजना पोंगल 2027 से लागू होगी और इस पर सालाना लगभग ₹4,000 करोड़ का व्यय अनुमानित है।
भाजपा एलपीजी योजना पर सरकार की आलोचना क्यों कर रही है?
भाजपा का आरोप है कि विजय सरकार ने चुनाव से पहले घोषणापत्र में सभी परिवारों को सालाना छह एलपीजी सिलेंडर देने का वादा किया था, लेकिन नई योजना में यह संख्या घटाकर तीन कर दी गई है। इसके साथ ही लाभार्थियों की संख्या में भी कमी का आरोप लगाया गया है, जिसे भाजपा 'जनता के साथ सीधा धोखा' बता रही है।
इस योजना से तमिलनाडु के कितने परिवारों को लाभ मिलेगा?
तमिलनाडु सरकार के अनुसार 'अन्नपूर्णी सुपर सिक्स' योजना से लगभग 1.30 करोड़ परिवारों को लाभ मिलने की उम्मीद है, जिनकी वार्षिक आय ₹2.5 लाख से कम है। यह लाभ पोंगल 2027 से मिलना शुरू होगा।
भाजपा ने परंदूर एयरपोर्ट विवाद में क्या समाधान सुझाया?
भाजपा प्रवक्ता नारायणन तिरुपति ने कहा कि बड़े इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स में चुनौतियाँ आना स्वाभाविक है और इनका समाधान संवाद तथा उचित मुआवजे के जरिये निकाला जाना चाहिए था। उनके अनुसार प्रोजेक्ट को पूरी तरह रद्द करने की बजाय प्रभावित लोगों से बातचीत करना सही रास्ता था।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 3 घंटे पहले
  2. 5 घंटे पहले
  3. 1 सप्ताह पहले
  4. 2 सप्ताह पहले
  5. 2 महीने पहले
  6. 5 महीने पहले
  7. 9 महीने पहले
  8. 11 महीने पहले