इंदौर में ब्रिक्स कृषि बैठक शुरू: 9-13 जून तक पाँच दिन खाद्य सुरक्षा और टिकाऊ कृषि पर मंथन
सारांश
मुख्य बातें
इंदौर में 9 जून 2026 से ब्रिक्स देशों की पाँच दिवसीय कृषि बैठक का आगाज़ हो गया है, जिसमें पहले तीन दिन (9 से 11 जून) कृषि कार्य समूह (वर्किंग ग्रुप) विभिन्न सत्रों में साझा चुनौतियों और रणनीतियों पर विचार-विमर्श करेगा। 12 और 13 जून को होने वाली मंत्री स्तरीय बैठक में सदस्य देशों के कृषि मंत्री खाद्य सुरक्षा, जलवायु अनुकूलन और कृषि व्यापार विस्तार पर आगामी रणनीति तय करेंगे।
बैठक की संरचना और एजेंडा
यह पाँच दिवसीय आयोजन दो चरणों में विभाजित है। पहले चरण में अधिकारी स्तर पर कृषि कार्य समूह की बैठकें हो रही हैं, जहाँ सदस्य देशों के प्रतिनिधि कृषि उत्पादकता, आधुनिक तकनीक के उपयोग और कृषि अनुसंधान में सहयोग पर अनुभव साझा कर रहे हैं। दूसरे चरण में मंत्री स्तरीय संवाद होगा, जिसमें ठोस नीतिगत निर्णयों की उम्मीद जताई जा रही है।
अधिकारियों के अनुसार, यह एक बहुस्तरीय मंच है जहाँ विभिन्न देश अपने कृषि अनुभव साझा करते हैं और सामूहिक समाधान की दिशा में काम करते हैं। पहले दिन मंगलवार को कई सत्रों में चर्चाओं का दौर चला।
मुख्य विषय और चुनौतियाँ
बैठक में किसानों के सामने आने वाली वित्तीय चुनौतियों, जलवायु परिवर्तन से उत्पन्न संकट और प्राकृतिक आपदाओं के कृषि पर प्रभाव को केंद्र में रखा गया है। साथ ही आधुनिक तकनीक को अपनाने, कृषि नवाचारों के आदान-प्रदान और सदस्य देशों के बीच कृषि व्यापार को विस्तार देने पर विशेष जोर दिया गया।
खाद्य सुरक्षा, पोषण सुरक्षा और टिकाऊ कृषि विकास जैसे विषयों पर भी विस्तृत चर्चा हुई। अधिकारियों ने रेखांकित किया कि बढ़ती जनसंख्या और बदलती जलवायु परिस्थितियों के मद्देनज़र खाद्य उपलब्धता सुनिश्चित करना सभी देशों की साझा प्राथमिकता है।
भारत की भूमिका और महत्व
गौरतलब है कि भारत की विशाल कृषि-निर्भर आबादी और खाद्य सुरक्षा की व्यापक ज़रूरतों को देखते हुए यह मंच भारत के लिए विशेष रूप से अहम है। अधिकारियों ने बताया कि ब्रिक्स के माध्यम से कृषि सहयोग भारत को वैश्विक खाद्य आपूर्ति श्रृंखला में अपनी स्थिति मज़बूत करने का अवसर देता है।
यह ऐसे समय में आया है जब वैश्विक स्तर पर खाद्यान्न उत्पादन पर जलवायु परिवर्तन का दबाव लगातार बढ़ रहा है और कई देश अपनी कृषि नीतियों को नए सिरे से परिभाषित कर रहे हैं।
आगे का कार्यक्रम
कृषि कार्य समूह की बैठक 11 जून तक जारी रहेगी। इसके बाद 12 और 13 जून को मंत्री स्तरीय बैठक होगी, जिसमें ब्रिक्स सदस्य देशों के कृषि मंत्री और सहयोगी देशों के प्रतिनिधि कृषि सहयोग, खाद्य सुरक्षा और सतत विकास से जुड़े मुद्दों पर अंतिम रणनीति तैयार करेंगे।