जनगणना 2027: गुजरात में CM भूपेंद्र पटेल समेत मंत्रियों-विधायकों ने पूरी की डिजिटल स्व-गणना

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जनगणना 2027: गुजरात में CM भूपेंद्र पटेल समेत मंत्रियों-विधायकों ने पूरी की डिजिटल स्व-गणना

सारांश

भारत की जनगणना-2027 का पहला डिजिटल चरण गुजरात में शुरू हो गया है। मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल और दर्जनों जनप्रतिनिधियों ने सबसे पहले स्व-गणना पूरी कर नागरिकों को संदेश दिया। 31 मई तक ऑनलाइन पंजीकरण, जून में फील्ड सत्यापन।

मुख्य बातें

जनगणना-2027 के तहत डिजिटल स्व-गणना प्रक्रिया गुजरात में 17 मई 2026 से शुरू हुई।
मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने गांधीनगर से ऑनलाइन पोर्टल के ज़रिए परिवार की जानकारी दर्ज कर प्रक्रिया का उद्घाटन किया।
मंत्री दर्शना वाघेला , नौ विधायकों और पूर्व मंत्रियों गोर्धन जदाफिया व दिलीप परमार समेत कई जनप्रतिनिधियों ने स्व-गणना पूरी की।
गुजरात में स्व-गणना की अंतिम तिथि 31 मई 2026 ; इसके बाद 1 से 30 जून तक फील्ड ऑपरेशन।
प्रक्रिया पूरी होने पर SE ID जेनरेट होगी, जो फील्ड सत्यापन में काम आएगी।
जनसंख्या गणना का दूसरा चरण 2027 में निर्धारित है।

जनगणना-2027 के तहत केंद्र सरकार द्वारा शुरू की गई डिजिटल स्व-गणना (सेल्फ-एन्यूमरेशन) प्रक्रिया गुजरात में 17 मई 2026 से सक्रिय हो गई है। मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने गांधीनगर से आधिकारिक पोर्टल के माध्यम से अपने परिवार की जानकारी दर्ज कर राज्य की भागीदारी को औपचारिक रूप दिया। इसके साथ ही कई मंत्रियों, विधायकों और पूर्व मंत्रियों ने भी इस प्रक्रिया को प्राथमिकता से पूरा किया।

स्व-गणना प्रक्रिया क्या है

जनगणना निदेशालय के अनुसार, सेल्फ-एन्यूमरेशन एक सुरक्षित ऑनलाइन सुविधा है जिसके ज़रिए परिवार घर-घर गिनती शुरू होने से पहले ही आवास, सुविधाओं और परिवार की संरचना से जुड़ी जानकारी स्वेच्छा से जमा कर सकते हैं। पोर्टल बहुभाषी और मोबाइल-संगत है, जिससे राज्यभर के नागरिक इसे आसानी से उपयोग कर सकते हैं। प्रक्रिया पूरी होने पर एक सेल्फ-एन्यूमरेशन आईडी (SE ID) जेनरेट होती है, जिसका उपयोग बाद में फील्ड सत्यापन के दौरान किया जाएगा।

मुख्य घटनाक्रम

अहमदाबाद नगर निगम के अंतर्गत आने वाले नगर जनगणना विभाग ने चुने हुए प्रतिनिधियों की भागीदारी का समन्वय किया। प्रतिभागियों में शहरी विकास राज्य मंत्री दर्शना वाघेला, विधायक अमूल भट्ट (मणिनगर), कंचन रादडिया (ठक्करबापानगर), अमित ठाकर (वेजलपुर), अमित शाह (एलिसब्रिज), डॉ. पायल कुकानी (नरोदा), डॉ. हसमुख पटेल (अमराईवाड़ी), भीखू पटेल (नारणपुरा) और डॉ. हर्षद पटेल (साबरमती) शामिल हैं। पूर्व मंत्री गोर्धन जदाफिया और दिलीप परमार समेत कई वार्ड पार्षदों ने भी अपनी गिनती पूरी की।

समय-सारणी और आगे का कार्यक्रम

गुजरात में स्व-गणना की अंतिम तिथि 31 मई 2026 निर्धारित है। इसके बाद 1 जून से 30 जून तक 'हाउस लिस्टिंग और हाउसिंग जनगणना' के फील्ड ऑपरेशन होंगे, जिसमें गणनाकर्ता घर-घर जाकर जानकारी एकत्र करेंगे। इस दौरान नागरिकों को सत्यापन के लिए अपनी SE ID प्रस्तुत करनी होगी।

आम जनता पर असर

जनगणना अधिकारियों के अनुसार, इस पहल का उद्देश्य डेटा की सटीकता बढ़ाना और फील्ड वर्क का बोझ कम करना है। यह प्रक्रिया पूरे देश में दो चरणों में पूरी होगी — पहले चरण में आवास और परिवार डेटा संग्रह, और दूसरे चरण में 2027 में वास्तविक जनसंख्या गणना। गौरतलब है कि कोविड महामारी के कारण 2021 की जनगणना स्थगित हो गई थी, और यह भारत की पहली डिजिटल-प्रथम जनगणना मानी जा रही है।

संपादकीय दृष्टिकोण

तो नागरिक भागीदारी को प्रोत्साहन मिलता है। लेकिन असली चुनौती शहरी नेताओं की प्रतीकात्मक भागीदारी से कहीं आगे है — ग्रामीण और आदिवासी क्षेत्रों में डिजिटल पहुँच और साक्षरता की खाई को पाटना होगा। 2021 की जनगणना महामारी के कारण पाँच साल से अधिक विलंबित रही, और इस देरी ने नीति-निर्माण, परिसीमन और कल्याण योजनाओं पर गहरा असर डाला। डिजिटल-प्रथम मॉडल की सफलता इस बात पर निर्भर करेगी कि क्या SE ID प्रणाली उन करोड़ों परिवारों तक पहुँच पाती है जिनके पास स्मार्टफोन या इंटरनेट की सुविधा नहीं है।
RashtraPress
18 मई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

जनगणना 2027 की स्व-गणना प्रक्रिया क्या है?
स्व-गणना (सेल्फ-एन्यूमरेशन) एक ऑनलाइन सुविधा है जिसके ज़रिए नागरिक घर-घर गिनती शुरू होने से पहले आधिकारिक पोर्टल पर अपने परिवार, आवास और सुविधाओं की जानकारी स्वयं दर्ज कर सकते हैं। प्रक्रिया पूरी होने पर एक SE ID जेनरेट होती है जो बाद में फील्ड सत्यापन में उपयोग होती है।
गुजरात में स्व-गणना की अंतिम तिथि क्या है?
गुजरात में डिजिटल स्व-गणना की अंतिम तिथि 31 मई 2026 है। इसके बाद 1 जून से 30 जून तक फील्ड गणनाकर्ता घर-घर जाकर जानकारी का सत्यापन करेंगे।
जनगणना 2027 कितने चरणों में होगी?
जनगणना दो चरणों में पूरी होगी। पहले चरण में आवास और परिवार से जुड़ा डेटा संग्रह किया जाएगा, जबकि दूसरे चरण में 2027 में वास्तविक जनसंख्या गणना होगी।
SE ID क्या है और इसका उपयोग कब होगा?
SE ID यानी सेल्फ-एन्यूमरेशन आईडी वह विशिष्ट पहचान संख्या है जो ऑनलाइन स्व-गणना पूरी करने के बाद जेनरेट होती है। फील्ड ऑपरेशन के दौरान गणनाकर्ता के घर आने पर नागरिकों को यह ID दिखानी होगी ताकि जानकारी की पुष्टि और अंतिम दर्ज हो सके।
गुजरात में किन जनप्रतिनिधियों ने स्व-गणना पूरी की?
मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल के अलावा शहरी विकास राज्य मंत्री दर्शना वाघेला, नौ विधायक — जिनमें अमूल भट्ट, कंचन रादडिया, अमित ठाकर, अमित शाह, डॉ. पायल कुकानी, डॉ. हसमुख पटेल, भीखू पटेल और डॉ. हर्षद पटेल शामिल हैं — और पूर्व मंत्री गोर्धन जदाफिया व दिलीप परमार ने भी स्व-गणना पूरी की।
राष्ट्र प्रेस
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