आंध्र प्रदेश: 2027 तक हर आदिवासी परिवार को पीने का पानी और घर देने का लक्ष्य — सीएम चंद्रबाबू नायडू
सारांश
मुख्य बातें
आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू ने 9 अगस्त को अंतर्राष्ट्रीय आदिवासी दिवस के अवसर पर आयोजित बैठक को संबोधित करते हुए कहा कि राज्य की गठबंधन सरकार 2027 तक प्रदेश के प्रत्येक आदिवासी परिवार को सुरक्षित पेयजल और पक्का आवास उपलब्ध कराने की दिशा में ठोस कदम उठा रही है। उन्होंने कहा कि राज्य के 27.39 लाख आदिवासियों के सर्वांगीण विकास के लिए सरकार ने ₹4,764 करोड़ आवंटित किए हैं।
स्वास्थ्य और कनेक्टिविटी में सुधार
मुख्यमंत्री नायडू ने बताया कि दूर-दराज के आदिवासी क्षेत्रों में मरीजों को 'डोली' जैसे पारंपरिक साधनों पर निर्भर न रहना पड़े, इसके लिए फीडर एम्बुलेंस, 108 और 104 मोबाइल मेडिकल यूनिट की व्यवस्था की गई है। इसके साथ ही आदिवासी इलाकों में डिजिटल कनेक्टिविटी को मज़बूत करने के लिए सेल टावर भी स्थापित किए जा रहे हैं, ताकि ये क्षेत्र मुख्यधारा की सुविधाओं से जुड़ सकें।
रोज़गार और कौशल विकास
सीएम ने घोषणा की कि 1.5 लाख आदिवासी युवाओं को कौशल प्रशिक्षण दिया जाएगा, जिससे उन्हें रोज़गार और आजीविका के नए अवसर मिल सकें। आदिवासी छात्रों को प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए तैयार करने हेतु विशेष कार्यक्रम भी चलाए जाएँगे। उन्होंने यह भी बताया कि इस अवसर पर हस्ताक्षरित 19 एमओयू से लगभग 60,000 लोगों को प्रत्यक्ष लाभ मिलने और आजीविका के नए रास्ते खुलने की उम्मीद है।
बुनियादी ढाँचा और प्रशासनिक प्राथमिकता
मुख्यमंत्री ने जानकारी दी कि मिशन मोड पर 2,336 आदिवासी बस्तियों को सड़क संपर्क से जोड़ा जा रहा है। 'अदावी तल्ली बाटा' पहल के तहत ₹1,000 करोड़ की लागत से 905 किलोमीटर लंबी सड़कें बनाई जा चुकी हैं। सरकार ने आदिवासी समुदायों को बेहतर प्रशासनिक प्राथमिकता देने के लिए तीन नए ज़िले भी गठित किए हैं। इंटीग्रेटेड ट्राइबल डेवलपमेंट एजेंसियों (ITDA) के माध्यम से जीवन स्तर, बुनियादी ढाँचे और कौशल विकास पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
अराकू कॉफी और कृषि ब्रांडिंग
नायडू ने कहा कि सरकार ने 25 वर्ष पूर्व अराकू कॉफी को एक प्रमुख ब्रांड के रूप में स्थापित करने की नींव रखी थी और आज यह उत्पाद वैश्विक पहचान बना चुका है। अब सरकार एक लाख एकड़ अतिरिक्त भूमि पर कॉफी की खेती को बढ़ावा दे रही है और एजेंसी क्षेत्रों को कॉफी, काली मिर्च और हल्दी जैसी व्यावसायिक फसलों के लिए एक प्रमुख ब्रांड डेस्टिनेशन के रूप में विकसित करने की योजना है।
प्रेरणा और राष्ट्र-निर्माण का आह्वान
मुख्यमंत्री ने राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु के संघर्ष और सफलता का उल्लेख करते हुए कहा कि एक साधारण आदिवासी महिला का ओडिशा में मंत्री, राज्यपाल और अंततः देश के सर्वोच्च संवैधानिक पद तक पहुँचने का सफर प्रत्येक नागरिक के लिए प्रेरणास्रोत है। उन्होंने नागरिकों से 'मेरा देश, मेरा राज्य, मेरा गाँव और मेरा परिवार' की भावना के साथ काम करने का आह्वान किया और कहा कि ईमानदारी से काम करने वाला हर व्यक्ति समाज की सबसे बड़ी संपत्ति है। स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या पर नायडू ने लोगों से यह सवाल खुद से पूछने को कहा कि वे समाज और देश के लिए क्या योगदान दे सकते हैं — एक ऐसा आह्वान जो विकास की नीति को जन-भागीदारी से जोड़ता है।