CM माझी ने खुर्दा की विनिर्माण इकाइयों का दौरा किया, 7,000+ नौकरियों वाले यूनिक्लो प्लांट और रक्षा कंपनी की समीक्षा
सारांश
मुख्य बातें
ओडिशा के मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने रविवार, 25 मई 2025 को खुर्दा जिले के औद्योगिक पार्कों में स्थित दो प्रमुख विनिर्माण इकाइयों का दौरा किया — एक वैश्विक परिधान निर्माता और एक रणनीतिक रक्षा कंपनी। इस दौरे में राज्य सरकार के उस औद्योगिक पारिस्थितिकी तंत्र को रेखांकित किया गया जो रोज़गार-प्रधान क्षेत्रों से लेकर उच्च-तकनीकी रक्षा विनिर्माण तक फैला हुआ है।
ट्राइमेट्रो गारमेंट्स: यूनिक्लो के लिए ओडिशा में पहला संयंत्र
मुख्यमंत्री ने सबसे पहले कालीबेती औद्योगिक क्षेत्र, खुर्दा में स्थित ट्राइमेट्रो गारमेंट्स (ईपीआईसी समूह) का दौरा किया। यह कंपनी भारत में अपनी पहली उपस्थिति दर्ज करा रही है और इसने खुर्दा जिले में ₹376 करोड़ के निवेश से एक अत्याधुनिक सुविधा स्थापित की है। इस परियोजना की आधारशिला 3 अप्रैल 2025 को रखी गई थी और एक वर्ष से भी कम समय में इसका उद्घाटन संभव हो सका।
यह इकाई विश्व स्तर पर प्रसिद्ध फैशन ब्रांड यूनिक्लो के लिए परिधानों का निर्माण करती है, जिससे ओडिशा वैश्विक परिधान विनिर्माण मानचित्र पर एक महत्वपूर्ण स्थान हासिल कर चुका है। आधिकारिक बयान के अनुसार, इस परियोजना ने 7,000 से अधिक रोज़गार सृजित किए हैं, जिनमें से अधिकांश पद महिला कर्मचारियों के पास हैं।
एनाड्रोन सिस्टम्स: रक्षा विनिर्माण में ओडिशा की छलांग
इसके बाद माझी ने मुंडांबा औद्योगिक पार्क में स्थित एनाड्रोन सिस्टम्स प्राइवेट लिमिटेड की सुविधा का दौरा किया। ₹96.86 करोड़ के निवेश और 165 लोगों की रोज़गार क्षमता वाली यह कंपनी उन्नत रक्षा प्रणालियों का निर्माण करती है।
मुख्यमंत्री ने संयंत्र में निर्मित अत्याधुनिक रक्षा उपकरणों — जिनमें हवाई लक्ष्य, लक्ष्य प्रक्षेपक और ट्रेलर, जमीनी सहायता उपकरण और जमीनी स्टेशन शामिल हैं — के संचालन की समीक्षा की और उनका प्रत्यक्ष प्रदर्शन देखा। यह ऐसे समय में आया है जब भारत सरकार रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता पर ज़ोर दे रही है।
स्थानीय युवाओं के कौशल विकास पर बल
दोनों इकाइयों में माझी ने प्रमोटरों, वरिष्ठ अधिकारियों और कर्मचारियों के साथ विस्तृत बातचीत की। उन्होंने प्रबंधन अधिकारियों को ओडिशा के युवाओं के कौशल विकास पर ध्यान केंद्रित करने और स्थानीय रोज़गार के अवसरों को सर्वोच्च प्राथमिकता देने की सलाह दी।
मुख्यमंत्री ने औद्योगिक क्षेत्रों में श्रमिकों और कर्मचारियों के लिए आवश्यक सुविधाओं के विकास पर विशेष जोर दिया। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि राज्य सरकार औद्योगिक इकाइयों में कार्यरत महिला कर्मचारियों की सुरक्षा, संरक्षा और कल्याण के लिए सभी आवश्यक उपाय सुनिश्चित करेगी।
आम जनता और रोज़गार पर असर
गौरतलब है कि खुर्दा जिला भुवनेश्वर से सटा हुआ है और ओडिशा के सबसे तेज़ी से उभरते औद्योगिक केंद्रों में से एक बन रहा है। ट्राइमेट्रो की 7,000+ नौकरियाँ — जिनमें बहुसंख्यक महिलाएँ हैं — राज्य में महिला श्रम-शक्ति भागीदारी बढ़ाने की दिशा में एक उल्लेखनीय कदम है। एनाड्रोन सिस्टम्स जैसी रक्षा कंपनियों की उपस्थिति ओडिशा को 'डिफेंस मैन्युफैक्चरिंग हब' के रूप में स्थापित करने की व्यापक राज्य नीति का हिस्सा है।
आने वाले महीनों में इन इकाइयों के विस्तार की योजनाओं की समीक्षा के बाद राज्य सरकार अतिरिक्त नीतिगत समर्थन की घोषणा कर सकती है।