नीट यूजी 2026 रद्द: कांग्रेस ने धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा माँगा, 25 लाख छात्र प्रभावित
सारांश
मुख्य बातें
कांग्रेस सांसद मणिकम टैगोर और अन्य विपक्षी नेताओं ने मंगलवार, 12 मई 2026 को पेपर लीक के आरोपों के चलते नीट यूजी 2026 परीक्षा रद्द होने के बाद केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से जवाबदेही और इस्तीफे की माँग करते हुए इस घटना को 'भ्रष्ट व्यवस्था' का प्रतिबिंब करार दिया। परीक्षा रद्द होने से देशभर के लगभग 25 लाख छात्र प्रभावित हुए हैं, जिन्हें अब दोबारा परीक्षा देनी होगी।
मुख्य घटनाक्रम
पेपर लीक के आरोप सामने आने के बाद केंद्र सरकार ने नीट यूजी 2026 परीक्षा को रद्द कर दिया और मामले की जाँच सीबीआई को सौंप दी। यह घटना देश की सबसे बड़ी चिकित्सा प्रवेश परीक्षाओं में से एक को लेकर विपक्ष और छात्र समुदाय में गहरे आक्रोश का कारण बनी है। गौरतलब है कि नीट पेपर लीक का यह कोई पहला मामला नहीं है — पिछले कुछ वर्षों में भी इस तरह की घटनाएँ सामने आ चुकी हैं।
कांग्रेस की प्रतिक्रिया
कांग्रेस सांसद मणिकम टैगोर ने आरोप लगाया कि एनडीए सरकार में बार-बार पेपर लीक होना आम बात हो गई है। उन्होंने कहा,